फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   गोपेश्वर नगर में पेयजल लाइनों से जोड़े जा रहे अवैध कनेक्शन, जल संस्थान बना मूक दर्शक

गोपेश्वर नगर में पेयजल लाइनों से जोड़े जा रहे अवैध कनेक्शन, जल संस्थान बना मूक दर्शक

Fri, 21 Jul 2017 10:42 PM IST
Updated Fri, 21 Jul 2017 10:42 PM IST
विज्ञापन
गोपेश्वर नगर में पेयजल लाइनों से जोड़े जा रहे अवैध कनेक्शन, जल संस्थान बना मूक दर्शक

विज्ञापन
गोपेश्वर। नगर में पानी के कनेक्शनों में भी पहुंच वाले लोगों की मनमानी चल रही है। स्थिति यह है कि एक परिवार को कहीं दो-दो कनेक्शन दिए गए हैं तो कहीं लोगों ने खुद ही जोड़ लिए हैं। इसके बाद भी जल संस्थान की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसके साथ ही कई जगहों पर लोग बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। नगर के हल्दापानी, नैग्वाड़, सुभाष नगर, जल निगम कालोनी क्षेत्र में पर्याप्त पेयजल आपूर्ति नहीं हो रही है।

गोपेश्वर में जल संस्थान के करीब 2300 पेयजल कनेक्शन हैं, जिसमें से 300 कनेक्शन अवैध रूप से संचालित हैं। वहीं अमृत गंगा पेयजल योजना से भी कई अवैध कनेक्शन जोड़े गए हैं। महेंद्र सिंह, अरविंद सिंह और मनोज सिंह का कहना है कि जल संस्थान के अधिकारी सब कुछ देखते हुए भी चुप्पी साधे हुए हैं। नगर के मुख्य बाजार व आसपास के मोहल्लों में नलों पर पर्याप्त पानी आ रहा है, लेकिन निचले क्षेत्र में लोग बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। फूड एंड फ्रैंड्स होटल में दो सप्ताह से पानी की सप्लाई ठप पड़ी है। कई पहुंच वाले लोगों के यहां पानी के दो-दो कनेक्शन जोड़े गए हैं। दूसरी ओर जल संस्थान के सहायक अभियंता संदीप चतुर्वेदी का कहना है कि अवैध कनेक्शन के विरुद्ध चेकिंग अभियान जारी है, जिन लोगों की ओर से बिना बताए पेयजल की मुख्य लाइनों से कनेक्शन लिए गए हैं, उनसे वसूली कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed