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गंगा की अविरलता के लिए निकाली रैली
Updated Sat, 03 Jun 2017 10:27 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
शांतिकुंज में चल रहे तीन दिवसीय गंगा दशहरा उत्सव के दूसरे दिन गंगा को निर्मल और अविरल बनाने के संकल्प के साथ रैली निकाली गई। रैली को शांतिकुंज जोनल समन्वयक और वरिष्ठ कार्यकर्त्ता कालीचरण शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली में शांतिकुंज के स्वयंसेवियों के साथ देश-विदेश से आए गायत्री साधकों ने भाग लिया।
रैली में गंगा को अविरल और निर्मल बनाने के लिए जनजागरण के साथ ही पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधरोपण करने की अपील की गई। शांतिकुंज वापस पहुंचने पर रैली का महिला मंडल प्रमुख यशोदा शर्मा, डा. गायत्री शर्मा और महिला सदस्यों ने आरती कर स्वागत किया। पं. श्रीराम शर्मा आचार्य और माता भगवती देवी की समाधि के पास पहुंचकर रैली सभा में परिवर्तित हो गई। सभा में वरिष्ठ कार्यकर्त्ता डा. ओपी शर्मा ने गंगा को निर्मल बनाए रखने और पर्यावरण संतुलन के लिए चलाए जा रहे अभियानों में बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि गंगा को स्वच्छ एवं निर्मल बनाने में सबकी भागीदारी होनी चाहिए।
शांतिकुंज रचनात्मक प्रकोष्ठ के प्रभारी केदार प्रसाद दुबे ने कहा कि योग मनुष्य जाति के लिए समग्र समाधान के रूप में है। योग शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक और सामाजिक स्तर पर मनुष्य को स्वस्थ रखता है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक जन अपनी प्रतिभा व धन को दुर्व्यसन से बचाए और इसे सृजन में लगाए तो भारत विश्व का मार्गदर्शक के रूप खड़ा दिखाई देगा। शांतिकुंज के मीडिया विभाग के अनुसार पर्वोत्सव का प्रमुख कार्यक्रम चार जून को होगा। साथ ही विभिन्न संस्कार भी नि:शुल्क संपन्न कराए जाएंगे।
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हरिद्वार।
शांतिकुंज में चल रहे तीन दिवसीय गंगा दशहरा उत्सव के दूसरे दिन गंगा को निर्मल और अविरल बनाने के संकल्प के साथ रैली निकाली गई। रैली को शांतिकुंज जोनल समन्वयक और वरिष्ठ कार्यकर्त्ता कालीचरण शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली में शांतिकुंज के स्वयंसेवियों के साथ देश-विदेश से आए गायत्री साधकों ने भाग लिया।
रैली में गंगा को अविरल और निर्मल बनाने के लिए जनजागरण के साथ ही पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधरोपण करने की अपील की गई। शांतिकुंज वापस पहुंचने पर रैली का महिला मंडल प्रमुख यशोदा शर्मा, डा. गायत्री शर्मा और महिला सदस्यों ने आरती कर स्वागत किया। पं. श्रीराम शर्मा आचार्य और माता भगवती देवी की समाधि के पास पहुंचकर रैली सभा में परिवर्तित हो गई। सभा में वरिष्ठ कार्यकर्त्ता डा. ओपी शर्मा ने गंगा को निर्मल बनाए रखने और पर्यावरण संतुलन के लिए चलाए जा रहे अभियानों में बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि गंगा को स्वच्छ एवं निर्मल बनाने में सबकी भागीदारी होनी चाहिए।
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शांतिकुंज रचनात्मक प्रकोष्ठ के प्रभारी केदार प्रसाद दुबे ने कहा कि योग मनुष्य जाति के लिए समग्र समाधान के रूप में है। योग शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक और सामाजिक स्तर पर मनुष्य को स्वस्थ रखता है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक जन अपनी प्रतिभा व धन को दुर्व्यसन से बचाए और इसे सृजन में लगाए तो भारत विश्व का मार्गदर्शक के रूप खड़ा दिखाई देगा। शांतिकुंज के मीडिया विभाग के अनुसार पर्वोत्सव का प्रमुख कार्यक्रम चार जून को होगा। साथ ही विभिन्न संस्कार भी नि:शुल्क संपन्न कराए जाएंगे।
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