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अब आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को दूध भी मिलेगा
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अब आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को दूध भी मिलेगा
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। आंचल अमृत योजना के तहत राज्य के 15 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत 2.20 लाख नौनिहालोें को सप्ताह में दो दिन 100 मिली दूध उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बृहस्पतिवार को परेड मैदान में आयोजित कार्यक्रम में ‘आंचल अमृत योजना’ के साथ ही दुग्ध विकास संघ की दुग्धशाला की क्षमता विस्तार का शिलान्यास किया।
इस मौके पर मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि दुग्धशाला की क्षमता 20 हजार से बढ़ाकर 50 हजार लीटर प्रतिदिन की जाएगी, जिसके लिए 14.52 करोड़ के बजट का प्रावधान किया गया है। योजना के लिए बजट डेयरी प्रोसेसिंग एंड इंफ्रास्ट्रचर डेवलपमेंट फंड, राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम, राष्ट्रीय कृषि विकास योजना तथा राज्य योजना के जरिये मुहैया कराया जाएगा।
सीएम ने कहा कि दुग्ध विकास विभाग की ओर से ‘पशुचारा परिवहन अनुदान योजना’ तैयार की गई। योजना के तहत दुग्ध सहकारी समितियों से जुड़े दुग्ध उत्पादकों के द्वार तक ‘संतुलित पशु आहार’ को पहुंचाने के लिए तीन रुपये प्रति किलोग्राम की दर से अनुदान दिया जाएगा। योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए 20 करोड़ के बजट का प्रावधान किया गया है। साथ ही दुग्ध समितियों में उपलब्ध कराए जा रहे दूध के आधार पर राज्य सरकार द्वारा चार रुपये प्रति लीटर की दर से दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन धनराशि दी जा रही है। योजना का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक दुग्ध उत्पादकों को दुग्ध सहकारी समितियों से जोड़ना तथा समितियों में दुग्ध उपार्जन की वृद्धि किया जाना है। योजना के तहत राज्य में गठित दुग्ध सहकारी समितियों के 52000 सदस्य लाभान्वित हो रहे हैं। इस मद में 18 करोड़ के बजट की स्वीकृति दी गई है।
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आंचल अमृत योजना के तहत राज्य के 15 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत 2.20 लाख बच्चों को सप्ताह में दो दिन 100 मिली दूध उपलब्ध कराया जाएगा। एक अनुमान के मुताबिक राज्य में 300 मीट्रिक टन दुग्ध पाउडर की आवश्यकता हर साल होगी। योजना के तहत दूध की आपूर्ति ‘उत्तराखंड सहकारी डेयरी फेडरेशन द्वारा की जाएगी।
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सीएम ने लाभार्थियों को बांटे चेक
कार्यक्रम के दौरान सीएम ने सहकारिता विभाग की ओर से संचालित दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण ब्याज मुक्त योजना के लाभार्थियों को चेक वितरित किए। सहकारी बैंकों के माध्यम से मत्स्य एवं पशुपालकों को किसान क्रेडिट कार्ड का वितरण किया गया। इस मौके पर सीएम ने सहकारी बैंक मोबाइल बैंकिंग वैन का शुभारंभ करने के साथ ही पतंजलि योगपीठ एवं बहुउद्देशीय सहकारी समितियों के संयुक्त उद्यम के मॉडल स्टोर का उद्घाटन भी किया।
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। आंचल अमृत योजना के तहत राज्य के 15 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत 2.20 लाख नौनिहालोें को सप्ताह में दो दिन 100 मिली दूध उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बृहस्पतिवार को परेड मैदान में आयोजित कार्यक्रम में ‘आंचल अमृत योजना’ के साथ ही दुग्ध विकास संघ की दुग्धशाला की क्षमता विस्तार का शिलान्यास किया।
इस मौके पर मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि दुग्धशाला की क्षमता 20 हजार से बढ़ाकर 50 हजार लीटर प्रतिदिन की जाएगी, जिसके लिए 14.52 करोड़ के बजट का प्रावधान किया गया है। योजना के लिए बजट डेयरी प्रोसेसिंग एंड इंफ्रास्ट्रचर डेवलपमेंट फंड, राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम, राष्ट्रीय कृषि विकास योजना तथा राज्य योजना के जरिये मुहैया कराया जाएगा।
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सीएम ने कहा कि दुग्ध विकास विभाग की ओर से ‘पशुचारा परिवहन अनुदान योजना’ तैयार की गई। योजना के तहत दुग्ध सहकारी समितियों से जुड़े दुग्ध उत्पादकों के द्वार तक ‘संतुलित पशु आहार’ को पहुंचाने के लिए तीन रुपये प्रति किलोग्राम की दर से अनुदान दिया जाएगा। योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए 20 करोड़ के बजट का प्रावधान किया गया है। साथ ही दुग्ध समितियों में उपलब्ध कराए जा रहे दूध के आधार पर राज्य सरकार द्वारा चार रुपये प्रति लीटर की दर से दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन धनराशि दी जा रही है। योजना का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक दुग्ध उत्पादकों को दुग्ध सहकारी समितियों से जोड़ना तथा समितियों में दुग्ध उपार्जन की वृद्धि किया जाना है। योजना के तहत राज्य में गठित दुग्ध सहकारी समितियों के 52000 सदस्य लाभान्वित हो रहे हैं। इस मद में 18 करोड़ के बजट की स्वीकृति दी गई है।
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आंचल अमृत योजना के तहत राज्य के 15 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत 2.20 लाख बच्चों को सप्ताह में दो दिन 100 मिली दूध उपलब्ध कराया जाएगा। एक अनुमान के मुताबिक राज्य में 300 मीट्रिक टन दुग्ध पाउडर की आवश्यकता हर साल होगी। योजना के तहत दूध की आपूर्ति ‘उत्तराखंड सहकारी डेयरी फेडरेशन द्वारा की जाएगी।
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सीएम ने लाभार्थियों को बांटे चेक
कार्यक्रम के दौरान सीएम ने सहकारिता विभाग की ओर से संचालित दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण ब्याज मुक्त योजना के लाभार्थियों को चेक वितरित किए। सहकारी बैंकों के माध्यम से मत्स्य एवं पशुपालकों को किसान क्रेडिट कार्ड का वितरण किया गया। इस मौके पर सीएम ने सहकारी बैंक मोबाइल बैंकिंग वैन का शुभारंभ करने के साथ ही पतंजलि योगपीठ एवं बहुउद्देशीय सहकारी समितियों के संयुक्त उद्यम के मॉडल स्टोर का उद्घाटन भी किया।