फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Sachin Tendulkar has revealed how he came to his decision of retiring from international cricket

तो यह है सचिन के क्रिकेट से संन्यास लेने का राज

Fri, 03 Mar 2017 10:07 AM IST
amarujala.com- Presented by: विक्रान्त सिंह
amarujala.com- Presented by: विक्रान्त सिंह Updated Fri, 03 Mar 2017 10:07 AM IST
विज्ञापन
Sachin Tendulkar has revealed how he came to his decision of retiring from international cricket
सचिन तेंदुलकर - फोटो : getty
दिग्गज क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर ने खुलासा करते हुए बताया है कि उन्हें अक्तूबर 2013 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के बारे में पहली बार विचार आया था। इसके एक महीने बाद ही सचिन ने अपने 24 साल के लंबे क्रिकेट कैरियर को अलविदा कह दिया था। 
विज्ञापन


तेंदुलकर ने सोशल साइट लिंक्डइन प्रोफेशनल नेटवर्क पर ‘मेरी दूसरी पारी’ शीर्षक में लिखा, ‘अक्तूबर 2013 में चैंपियंस लीग टी-20 के एक मुकाबले के लिए मैं दिल्ली में था। मेरी सुबह जिम वर्कआउट से शुरू होती, जो पिछले 24 साल से एक रूटीन बन चुका था लेकिन उस सुबह कुछ बदल चुका था। मुझे महसूस हुआ कि उस सुबह उठने में मुझे खुद पर जोर लगाना पड़ रहा था।
विज्ञापन


सचिन ने आगे कहा, 'मैं जानता था कि जिम वर्कआउट मेरे क्रिकेट कैरियर के लिए कितना महत्वपूर्ण है, जो काम मैं पिछले 24 साल से हर रोज करता आ रहा था, लेकिन उस सुबह मेरी कुछ करने की इच्छा नहीं हो रही थी, क्यों? क्या यह इशारा था कि मुझे अब रुक जाना चाहिए। इशारा था कि जो खेल मुझे इतना प्यारा है, वह अब मेरे रूटीन का हिस्सा नहीं रहेगा।’
विज्ञापन
विज्ञापन

गावस्कर ने घड़ी देखकर लिया संन्यास

Sachin Tendulkar has revealed how he came to his decision of retiring from international cricket
सुनील गावस्कर
200 टेस्ट खेलने वाले सचिन ने आगे लिखा, ‘मेरे क्रिकेट हीरो सुनील गावस्कर ने एक बार मुझे बताया था कि संन्यास लेने का उनका मन तब बना जब वह एक बार घड़ी को देख रहे थे कि लंच और चायकाल के बीच कितना समय बचा है। मुझे एकाएक समझ आया कि उनके कहने का क्या मतलब था। मेरा दिल और शरीर भी मुझे यही इशारा कर रहा था।’

उन्होंने कहा, ‘मुझे विंबलडन में कुछ वर्ष पहले बिली जीन किंग ने कहा था कि यह आवाज आपके अंतर्मन से आएगी कि आपको संन्यास कब लेना है, न कि दुनिया तय करेगी। मैंने खेल छोड़ने के बाद की जिंदगी के बारे में सोचा और फिर अपने परिवार और करीबी दोस्तों से इस बारे में चर्चा की। मेरी आंखें के सामने इतने वर्षों के दौरान जीत, हार, चुनौतियां, शोर, जश्न और चुप्पी सब छा गए।’

43 साल के सचिन ने कहा कि 2011 में विश्वकप जीतना उनके लिए सपने के सच होने जैसा था। मेरी पहली पारी अपने सपनों को पूरे करने के लिए थी और दूसरी पारी आत्मसंतुष्टि के लिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed