श्रीलंका में वीरु की ऐतिहासिक पारी दोहराना चाहते कप्तान कोहली
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टीम इंडिया के टेस्ट कप्तान विराट कोहली ने रविवार देर शाम श्रीलंका की रवानगी से पहले कहा कि वह सात साल पहले वीरेंद्र सहवाग की ऐतिहसकि पारी को श्रीलंका में फिर दोहराना चाहते है और उसके लिए उन्होंने बाकायदा कमर भी कस ली है।
पत्रकारों से सूक्ष्म बातचीत में कोहली ने कहा भारत-ए के साथ खेलने के दौरान टीम के कोच राहुल द्रविड़ ने उन्हें 2008 में सहवाग की खेली गई 201 रनों की ऐतिहासिक पारी से सबक ले और मैदान में उतरने से पहले उसे दिमाग में रखे।
उन्होंने आगे कहा कि सहवाग ने उस वक्त जब अजंता मेंडिस की फिरकी के आगे बल्लेबाजों को बैटिंग में परेशानी हो रही थी, उस वक्त सहवाग ने धैर्य के साथ टीम की कमान संभाली थी।
श्रीलंका में हुए उस ऐतिहासिक टेस्ट मुकाबले में टीम इंडिया के आठ बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी पार नहीं कर सके थे तब सहवाग ही थे जिन्होंने मेंडिस की गेंदों को आसानी से खेला और दोहरा शतक जड़ा।
22 साल बाद श्रीलंका में सीरीज जीतने का मौका
भारतीय टेस्ट कप्तान विराट कोहली श्रीलंका दौरे की चुनौती के लिए तैयार हैं। कोहली पांच गेंदबाजों के साथ उतरना चाहते हैं, बेशक इसके लिए बल्लेबाजों को अतिरिक्त जिम्मेदारी उठानी पड़े। पहली बार पूर्ण सीरीज में कमान संभाल रहे कोहली का मानना है कि तीन टेस्ट मैचों की आगामी सीरीज में खास योजनाओं पर काम करने का पूरा मौका मिलेगा।
भारतीय टीम के पास श्रीलंका में 22 साल बाद सीरीज जीतने का मौका है। इससे पहले 1993 में मोहम्मद अजहरुद्दीन के नेतृत्व में भारतीय टीम 1-0 से जीतने में सफल रही थी। पिछली बार भारत ने 2010 में तीन टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए श्रीलंका का दौरा किया था। तब सीरीज 1-1 से बराबर रही थी।
कोहली ने कहा, "तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में योजनाओं को लागू करने का पूरा अवसर होगा। सीरीज में अगर एक टेस्ट मैच हो तो ऐसा अवसर नहीं होता। मैं अपनी पूर्ण सीरीज को लेकर बेहद उत्साहित हूं।"
साथी खिलाड़ियों के बारे में यह बोले कोहली
कोहली ने मुरली विजय की फिटनेस को लेकर चिंताओं को खारिज करते हुए कहा कि गंभीर चोट नहीं है। उम्मीद है अभ्यास मैच से पहले वह मैच फिट हो जाएंगे। विजय ने पिछले डेढ़ साल में शीर्ष स्तर पर टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई हैं। कोहली इस बात से भी खुश हैं कि शीर्ष स्तर पर केएल राहुल और शिखर धवन के बीच स्वस्थ प्रतियोगिता है।
वहीं, रोहित शर्मा का बचाव करते हुए कहा कि उन्होंने ऑस्ट्रेलिया में नंबर तीन पर अच्छी बल्लेबाजी की थी। मुझे लगता है कि उन्हें इस स्थान पर और मौका दिए जाने की जरूरत है। कोहली मानते हैं कि पिछले रिकॉर्ड के आधार पर खिलाड़ियों पर दबाव नहीं बनाना चाहिए।
अश्विन बन सकते हैं टेस्ट ऑलराउंडर
कोहली ने रविचंद्रन अश्विन की बल्लेबाजी क्षमताओं की सराहना करते हुए कहा कि उनमें टेस्ट ऑलराउंडर बनने के सभी गुण हैं। उनकी टेस्ट औसत 40 की है। यही चुनौती होती है। आप खिलाड़ियों को लक्ष्य दो और उनसे उस दिशा में बेहतर करने को कहो जिसकी टीम को जरूरत है। अश्विन ही नहीं भुवी और भज्जी भी अच्छी बल्लेबाजी करते हैं।