फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   Sourav Ganguly says to BCCI, due to time constraint Lodha recommendations not implemented

सौरव गांगुली ने बताया- क्यों नहीं कर पाए लोढ़ा समिति की सिफारिशों को लागू 

Sat, 24 Feb 2018 08:42 AM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला Updated Sat, 24 Feb 2018 08:42 AM IST
विज्ञापन
 Sourav Ganguly says to BCCI, due to time constraint Lodha recommendations not implemented
सौरव गांगुली

टीम इंडिया के पूर्व कप्तान और बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष सौरव गांगुली ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित जस्टिस लोढ़ा समिति द्वारा बीसीसीआई में सुधार के लिए लागू की जाने वाली सिफारिशों के अमल को लेकर हाथ खड़े कर दिए हैं। इसके लिए गांगुली ने बोर्ड को पत्र लिखकर इसकी जानकारी दी है। गांगुली के बाद सौराष्ट्र क्रिकेट संघ के अध्यक्ष मधुकर वोरा ने भी बीसीसीआइ को पत्र लिखकर राज्य संघों के संविधान में संशोधन और लोढ़ा समिति की सभी सिफारिशें लागू करने में आने वाली मुश्किलों के बारे में बताया है।

विज्ञापन

 
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले ही बीसीसीआई के सचिव अमिताभ चौधरी ने हाल ही में सभी राज्य एसोसिएशनों को मेल लिखकर बोर्ड के संविधान में बदलाव को लेकर यह जानकारी मांगी थी कि अब तक उन्होंने इस बारे में क्या कदम उठाए हैं। चौधरी ने इन एसोसिएशनों को यह जानकारी दी थी कि 13 एसोसिएशनों ने हलफनामा दाखिल कर जस्टिस लोढ़ा कमेटी की सभी सिफारिशों को जस का तस मान मान लिया है। 
विज्ञापन


पीटीआई के मुताबिक सौरव गांगुली ने बीसीसीआई को पत्राचार माध्यम से यह बताया कि, 'मैं यह बताना चाहता हूं कि कुछ महीने पहले ही कैब की विशेष आम बैठक में सदस्यों के बीच इस बात को लेकर सहमति बनी कि बीसीसीआई के फैसले के संबंध में हलफनामे उच्चतम न्ययायाय को संबोधित करते हुए दायर किये जाएंगे, जिसमें राज्य और बीसीसीआई स्तर पर लागू करने की समस्याओं को बताया जाएगा।'

विज्ञापन
विज्ञापन

 Sourav Ganguly says to BCCI, due to time constraint Lodha recommendations not implemented
सौरव गांगुली

उन्होंने आगे लिखा, 'विशेष आम बैठक में सदस्यों ने एक फैसला किया और आपने जो मुद्दे मेल में लिखे हैं, उन पर गौर करने के लिये एक और विशेष आम बैठक करनी होगी। हमें पिछले हफ्ते आपकी मेल मिली और तब सदस्यों को इस नए मुद्दे के बारे में अपडेट करने के लिये एक अन्य विशेष आम बैठक बुलाने और इस पर फैसला लेने का समय नहीं था।' गांगुली ने आगे लिखा, 'अभी समय की कमी को देखते हुए हम आपके मेल में जिक्र की गई धाराओं पर समय सीमा के अंदर कोई फैसला नहीं दे पायेंगे क्योंकि यह संघ के संविधान के खिलाफ है।'

बता दें कि बीसीसीआई से जुड़ी ज्यादातर राज्य क्रिकेट एसोसिएशन जस्टिस लोढ़ा की इन सिफारिशों में बड़े स्तर पर बदलाव चाहती हैं। यही कारण है कि इन एसोसिएशनों ने इन सिफारिशों को लागू करने के लिए हलफनामा दायर नहीं किया है। 

सौरव गांगुली ने कहा है कि हम सुप्रीम कोर्ट में यह शपथपत्र दायर करेंगे कि हमें इन सिफारिशों को लागू करने में व्यावहारिक मुश्किलें आ रही हैं। हमने इस बारे में पहली एजीएम में ही फैसला ले लिया था। वहीं, 13  राज्यों द्वारा सिफारिशें स्वीकार करने के मेल पर हमें दूसरी एजीएम में फैसला लेना था, लेकिन समय के अभाव के कारण मीटिंग का आयोजन नहीं हो सका।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed