{"_id":"64fb278ff1dca3e0bf0861e3","slug":"netherlands-team-looking-for-indian-bowler-for-odi-wc-preparation-gave-advertisement-know-who-can-apply-2023-09-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"ODI WC: तैयारी के लिए भारतीय गेंदबाज ढूंढ़ रही विदेशी टीम, विज्ञापन निकाला; जानें कौन कर सकता है आवेदन","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
ODI WC: तैयारी के लिए भारतीय गेंदबाज ढूंढ़ रही विदेशी टीम, विज्ञापन निकाला; जानें कौन कर सकता है आवेदन
Fri, 08 Sep 2023 07:24 PM IST
शक्तिराज सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, एम्स्टर्डम
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, एम्स्टर्डम
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Fri, 08 Sep 2023 07:24 PM IST
सार
ऑस्ट्रेलिया में जन्मे स्कॉट एडवर्ड्स के नेतृत्व में नीदरलैंड की टीम अगस्त में तीन दिवसीय अनुकूलन शिविर के लिए बेंगलुरु आई थी लेकिन समझा जाता है कि नीदरलैंड के पास या तो अच्छे नेट गेंदबाज नहीं है या फिर वह उनका खर्चा उठाने में सक्षम नहीं है।
विज्ञापन
भारत बनाम नीदरलैंड
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड ने सोशल मीडिया पर विज्ञापन देकर भारतीय क्रिकेटरों को विश्व कप के लिए अभ्यास शिविर में नेट गेंदबाज के रूप में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। स्थानीय राज्य संघ मेहमान टीमों को नेट गेंदबाज उपलब्ध कराते रहे हैं। भले ही इसके लिए कोई नियम नहीं है लेकिन यह परंपरा लंबे समय से चली आ रही है। नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड हालांकि अलूर में 20 से 24 सितंबर तक लगने वाले पांच दिवसीय अभ्यास शिविर के लिए एक बाएं हाथ का तेज गेंदबाज, एक दाएं हाथ का तेज गेंदबाज, एक रहस्यमयी स्पिनर और एक बाएं हाथ का स्पिनर चाहता है।
ऑस्ट्रेलिया में जन्मे स्कॉट एडवर्ड्स के नेतृत्व में नीदरलैंड की टीम अगस्त में तीन दिवसीय अनुकूलन शिविर के लिए बेंगलुरु आई थी लेकिन समझा जाता है कि नीदरलैंड के पास या तो अच्छे नेट गेंदबाज नहीं है या फिर वह उनका खर्चा उठाने में सक्षम नहीं है।
नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड ने अपनी विश्वकप टीम का नेट गेंदबाज बनने के लिए कुछ शर्तें भी रखी है। उसने कहा है,‘‘टीम को ऐसा तेज गेंदबाज चाहिए जो 120 किमी प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार से गेंदबाजी करता हो जबकि स्पिनर की गति कम से कम 80 किमी प्रति घंटे की होनी चाहिए और वह गेंद को टर्न कराने में सक्षम हो।’’
विज्ञापन
नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड में गेंदबाजों से ऐसे वीडियो भेजने के लिए कहा है जिसमें उन्होंने कम से कम एक ओवर किया हो। शिविर के दौरान चयनित खिलाड़ियों की यात्रा, ठहरने और भोजन की व्यवस्था रॉयल नीदरलैंड क्रिकेट संघ करेगा। सभी उम्मीदवारों की उम्र 18 वर्ष से ऊपर होनी चाहिए और केवल भारतीय नागरिक ही इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (केएससीए) हालांकि नीदरलैंड को सर्वश्रेष्ठ नेट गेंदबाज मुहैया कराने के लिए तैयार है।
केएससीए से जब इस विज्ञापन के बारे में पूछा गया तो उसके एक अधिकारी ने कहा,‘‘वे पहले भी यहां शिविर लगा चुके हैं और उन्होंने दो मैच भी खेले थे। हमने उन्हें तब सारी सुविधाएं मुहैया कराई थी। जब उनकी टीम फिर से आएगी तो हम उनकी मेजबानी करने के लिए तैयार हैं। हम उन्हें मैदान और नेट गेंदबाज जैसी सर्वश्रेष्ठ सुविधाएं मुहैया कराएंगे। अगर वे किसी तरह की अतिरिक्त सहायता चाहते हैं तो इसके लिए वह स्वतंत्र है।’’
विज्ञापन
ऑस्ट्रेलिया में जन्मे स्कॉट एडवर्ड्स के नेतृत्व में नीदरलैंड की टीम अगस्त में तीन दिवसीय अनुकूलन शिविर के लिए बेंगलुरु आई थी लेकिन समझा जाता है कि नीदरलैंड के पास या तो अच्छे नेट गेंदबाज नहीं है या फिर वह उनका खर्चा उठाने में सक्षम नहीं है।
विज्ञापन
नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड ने अपनी विश्वकप टीम का नेट गेंदबाज बनने के लिए कुछ शर्तें भी रखी है। उसने कहा है,‘‘टीम को ऐसा तेज गेंदबाज चाहिए जो 120 किमी प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार से गेंदबाजी करता हो जबकि स्पिनर की गति कम से कम 80 किमी प्रति घंटे की होनी चाहिए और वह गेंद को टर्न कराने में सक्षम हो।’’
विज्ञापन
नीदरलैंड क्रिकेट बोर्ड में गेंदबाजों से ऐसे वीडियो भेजने के लिए कहा है जिसमें उन्होंने कम से कम एक ओवर किया हो। शिविर के दौरान चयनित खिलाड़ियों की यात्रा, ठहरने और भोजन की व्यवस्था रॉयल नीदरलैंड क्रिकेट संघ करेगा। सभी उम्मीदवारों की उम्र 18 वर्ष से ऊपर होनी चाहिए और केवल भारतीय नागरिक ही इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (केएससीए) हालांकि नीदरलैंड को सर्वश्रेष्ठ नेट गेंदबाज मुहैया कराने के लिए तैयार है।
केएससीए से जब इस विज्ञापन के बारे में पूछा गया तो उसके एक अधिकारी ने कहा,‘‘वे पहले भी यहां शिविर लगा चुके हैं और उन्होंने दो मैच भी खेले थे। हमने उन्हें तब सारी सुविधाएं मुहैया कराई थी। जब उनकी टीम फिर से आएगी तो हम उनकी मेजबानी करने के लिए तैयार हैं। हम उन्हें मैदान और नेट गेंदबाज जैसी सर्वश्रेष्ठ सुविधाएं मुहैया कराएंगे। अगर वे किसी तरह की अतिरिक्त सहायता चाहते हैं तो इसके लिए वह स्वतंत्र है।’’