टीम इंडिया के तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज बार बार अपने पिता को याद कर भावुक हो जाते हैं। ब्रिस्बेन टेस्ट के चौथे दिन ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी में पांच विकेट लेने वाले सिराज की मैच के बाद आंखें भर आईं।
'काश वो आज मेरे साथ होते', मैच के बाद अब्बू को याद कर सिराज की आंखें भर आईं
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अपने टेस्ट करियर में पहली बार पारी में पांच विकेट लेने के बाद मोहम्मद सिराज ने चौथे दिन का खेल खत्म होने के बाद कहा, सबसे ज्यादा जो मुझे सपोर्ट करते थे वो मेरे पिता थे। उनका सपना था कि मैं भारत के लिए खेलूं और देश का नाम रौशन करूं। अब मेरा माइंडसेट यही है कि मैं उनके सपने को पूरा करते जाऊं। काश वो आज मेरे साथ होते तो बहुत खुश होते। उनकी दुआ थी जो आज मैंने पांच विकेट लिया। मैं निःशब्द हूं। इस प्रदर्शन के बारे में मैं कुछ बोल नहीं सकता है।'
Before the Border-Gavaskar Test series, Siraj lost his father. He then made a promise to himself. Today, he fulfilled it.
Siraj, we are all very proud of you. #TeamIndia #AUSvIND pic.twitter.com/VUMhgJsJO4
— BCCI (@BCCI) January 18, 2021
दरअसल, सिराज ने चौथे टेस्ट मैच में ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी में 73 रन देकर पांच विकेट लिए। यह पहली बार नहीं है जब पिता को याद कर सिराज की आखें भर आईं। इससे पहले सिडनी टेस्ट के पहले दिन जब दोनों टीमें राष्ट्रगान के लिए मैदान पर पहुंची तो सिराज भावुक होकर रोने लगे थे।
खेल खत्म होने के बाद जब उनसे इसके बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, 'उस समय पिता की याद आ गई। मैं बहुत भावुक था। वह मुझे टेस्ट क्रिकेट खेलते हुए देखना चाहते थे।' सिराज ने आगे कहा, 'काश वह मुझे भारत के लिए खेलते हुए देख पाते।'
बता दें कि पिछले साल नवंबर में सिराज के पिता का निधन हो गया था। इस तेज गेंदबाज ने भारत के लिए खेलने के सपने को पूरा करने के लिए तब ऑस्ट्रेलिया में ही रुकने का फैसला किया था। मगर अपनी जिंदगी के सबसे नाजुक मोड़ से गुजर रहे सिराज ने अपने पिता के सपने को साकार किया।