{"_id":"66e6d10abd63028cbc09147a","slug":"duleep-trophy-india-a-won-the-match-by-186-runs-india-b-vs-india-c-match-drawn-kamboj-got-eight-wickets-2024-09-15","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Duleep Trophy: इंडिया ए ने 186 रन से जीता मैच, इंडिया बी बनाम इंडिया सी मैच ड्रॉ, कंबोज को मिले आठ विकेट","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
Duleep Trophy: इंडिया ए ने 186 रन से जीता मैच, इंडिया बी बनाम इंडिया सी मैच ड्रॉ, कंबोज को मिले आठ विकेट
Sun, 15 Sep 2024 05:50 PM IST
Mayank Tripathi
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, अनंतपुर
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, अनंतपुर
Published by: Mayank Tripathi
Updated Sun, 15 Sep 2024 05:50 PM IST
सार
मयंक अग्रवाल की अगुआई में इंडिया ए ने इंडिया डी को चौथे दिन 186 रनों से हरा दिया। वहीं, इंडिया बी और इंडिया सी के बीच अनंतपुर में खेला गया मुकाबला ड्रॉ हो गया। अंशुल कंबोज ने कुल आठ विकेट चटकाए।
विज्ञापन
अंशुल कंबोज
- फोटो : BCCI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दलीप ट्रॉफी 2024 के दूसरे चरण के मुकाबले रविवार को समाप्त हो गए। मयंक अग्रवाल की अगुआई में इंडिया ए ने इंडिया डी को चौथे दिन 186 रनों से हरा दिया। वहीं, इंडिया बी और इंडिया सी के बीच अनंतपुर में खेला गया मुकाबला ड्रॉ हो गया। अंशुल कंबोज ने कुल आठ विकेट चटकाए।
विज्ञापन
इंडिया ए ने 186 रन से जीता इंडिया डी के खिलाफ मैच
इंडिया डी को जीत के लिए 489 रनों का लक्ष्य मिला था, लेकिन टीम दूसरी पारी में 301 रन पर ऑलआउट हो गई। रिकी भुई ने शतकीय पारी खेली। उन्होंने 14 चौकों और तीन छक्कों की मदद से 113 रन बनाए। वह टीम के लिए आखिरी उम्मीद थे, टीम को जीत के लिए 212 रनों की जरूरत थी। कप्तान श्रेयस अय्यर एक बार फिर कुछ खास कमाल नहीं दिखा पाए। पहली पारी में शून्य पर आउट होने वाले भारतीय बल्लेबाज दूसरी पारी में इंडिया ए के खिलाफ सिर्फ 41 रन बना सके। वहीं, संजू सैमसन ने 40 रन बनाए।
इस जीत से इंडिया ए को छह अंक मिले जिससे टीम खिताब की दौड़ में बनी हुई है। टीम को हालांकि 19 सितंबर से होने वाले अगले मैच में अंक तालिका में शीर्ष पर चल रहे इंडिया सी (नौ अंक) के खिलाफ अनुकूल नतीजे की जरूरत होगी। लगातार दो हार के साथ खिताब की दौड़ से बाहर हुई इंडिया डी को अगले मैच में दूसरे स्थान पर मौजूद इंडिया बी से भिड़ना है जिसके सात अंक हैं।
कोटियान और मुलानी ने इंडिया डी की बखिया उधेड़ी
इंडिया डी के बल्लेबाजों के लिए कोटियान (73 रन पर चार विकेट) और मुलानी (117 रन पर तीन विकेट) मुसीबत बने रहे। भुई के अलावा किसी भी बल्लेबाज के लिए विकेट पर टिककर खेलना आसान नहीं रहा। भुई ने यश दुबे (37) के साथ दूसरे विकेट के लिए 100 रन जोड़े। दुबे के रन आउट होने से यह साझेदारी टूटी। अगले ओवर में मुलानी ने देवदत्त पडिक्कल को पगबाधा करके भारत डी का स्कोर तीन विकेट पर 105 रन किया।
भुई ने कप्तान श्रेयस अय्यर (41) के साथ चौथे विकेट के लिए 53 और संजू सैमसन (40) के साथ पांचवें विकेट के लिए 62 रन की साझेदारी की। स्पिन गेंदबाजी के लिए अनुकूल पिच पर हालांकि आक्रामक रवैया दिखाने का भारत डी को अधिक फायदा नहीं मिला। श्रेयस और सैमसन को मैन ऑफ द मैच मुलानी ने बोल्ड किया। भुई ने हालांकि एक छोर संभाले रखा और 170 गेंद में शतक पूरा किया। ऑफ स्पिनर कोटियान ने इसके बाद सारांश जैन (05) की पारी का अंत किया और फिर भुई को रियान पराग के हाथों कैच कराया। कोटियान ने सौरभ कुमार (22) और हर्षित राणा (24) को आउट करके भारत ए की जीत सुनिश्चित की।
इंडिया डी को जीत के लिए 489 रनों का लक्ष्य मिला था, लेकिन टीम दूसरी पारी में 301 रन पर ऑलआउट हो गई। रिकी भुई ने शतकीय पारी खेली। उन्होंने 14 चौकों और तीन छक्कों की मदद से 113 रन बनाए। वह टीम के लिए आखिरी उम्मीद थे, टीम को जीत के लिए 212 रनों की जरूरत थी। कप्तान श्रेयस अय्यर एक बार फिर कुछ खास कमाल नहीं दिखा पाए। पहली पारी में शून्य पर आउट होने वाले भारतीय बल्लेबाज दूसरी पारी में इंडिया ए के खिलाफ सिर्फ 41 रन बना सके। वहीं, संजू सैमसन ने 40 रन बनाए।
इस जीत से इंडिया ए को छह अंक मिले जिससे टीम खिताब की दौड़ में बनी हुई है। टीम को हालांकि 19 सितंबर से होने वाले अगले मैच में अंक तालिका में शीर्ष पर चल रहे इंडिया सी (नौ अंक) के खिलाफ अनुकूल नतीजे की जरूरत होगी। लगातार दो हार के साथ खिताब की दौड़ से बाहर हुई इंडिया डी को अगले मैच में दूसरे स्थान पर मौजूद इंडिया बी से भिड़ना है जिसके सात अंक हैं।
कोटियान और मुलानी ने इंडिया डी की बखिया उधेड़ी
इंडिया डी के बल्लेबाजों के लिए कोटियान (73 रन पर चार विकेट) और मुलानी (117 रन पर तीन विकेट) मुसीबत बने रहे। भुई के अलावा किसी भी बल्लेबाज के लिए विकेट पर टिककर खेलना आसान नहीं रहा। भुई ने यश दुबे (37) के साथ दूसरे विकेट के लिए 100 रन जोड़े। दुबे के रन आउट होने से यह साझेदारी टूटी। अगले ओवर में मुलानी ने देवदत्त पडिक्कल को पगबाधा करके भारत डी का स्कोर तीन विकेट पर 105 रन किया।
भुई ने कप्तान श्रेयस अय्यर (41) के साथ चौथे विकेट के लिए 53 और संजू सैमसन (40) के साथ पांचवें विकेट के लिए 62 रन की साझेदारी की। स्पिन गेंदबाजी के लिए अनुकूल पिच पर हालांकि आक्रामक रवैया दिखाने का भारत डी को अधिक फायदा नहीं मिला। श्रेयस और सैमसन को मैन ऑफ द मैच मुलानी ने बोल्ड किया। भुई ने हालांकि एक छोर संभाले रखा और 170 गेंद में शतक पूरा किया। ऑफ स्पिनर कोटियान ने इसके बाद सारांश जैन (05) की पारी का अंत किया और फिर भुई को रियान पराग के हाथों कैच कराया। कोटियान ने सौरभ कुमार (22) और हर्षित राणा (24) को आउट करके भारत ए की जीत सुनिश्चित की।
विज्ञापन
विज्ञापन
ड्रॉ रहा इंडिया बी बनाम इंडिया सी मैच
इंडिया बी ने चौथे दिन सात विकेट पर 309 रन से आगे खेलना शुरू किया, लेकिन टीम 108 ओवर में 332 रन पर आउट हो गई। मैच के तीसरे तीन पांच विकेट चटकाने वाले अंशुल कंबोज ने आखिरी तीनों विकेट लेकर प्रथम श्रेणी में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।
इंडिया बी के कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन 286 गेंदों पर 157 रन बनाकर नाबाद रहे। पहली पारी में 525 रन बनाने वाली इंडिया सी ने दूसरी पारी में चार विकेट पर 128 रन बनाए। इसी समय दोनों टीमों ने मैच को ड्रॉ समाप्त करने पर सहमति जता दी।
अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंची इंडिया सी
पहली पारी में बढ़त से तीन अंक हासिल करने वाले इंडिया सी के नाम दो मैचों में नौ अंक हो गए। अब टीम तालिका में शीर्ष पर पहुंच गई। इंडिया बी को इस ड्रॉ मैच से एक अंक मिला। इंडिया सी की दूसरी पारी में कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ (62) ने मैच में अपना दूसरा अर्धशतक लगाया, जबकि रजत पाटीदार लगातार दूसरी बार 40 के आसपास आउट हुए।
कंबोज और ईशान ने किया प्रभावित
दलीप ट्रॉफी के इतिहास में यह केवल तीसरी बार था जब किसी तेज गेंदबाज ने एक पारी में आठ विकेट या उससे अधिक विकेट लिए हों। कंबोज को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। उन्होंने कुल आठ विकेट चटकाए। इस मैच में भारतीय खिलाड़ी ईशान किशन ने भी प्रभावित किया। राष्ट्रीय टीम से बाहर चल रहे इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने लाल गेंद क्रिकेट में वापसी करते हुए इंडिया सी के लिए पहली पारी में 126 गेंदों में 111 रन बनाए।
इंडिया बी ने चौथे दिन सात विकेट पर 309 रन से आगे खेलना शुरू किया, लेकिन टीम 108 ओवर में 332 रन पर आउट हो गई। मैच के तीसरे तीन पांच विकेट चटकाने वाले अंशुल कंबोज ने आखिरी तीनों विकेट लेकर प्रथम श्रेणी में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।
इंडिया बी के कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन 286 गेंदों पर 157 रन बनाकर नाबाद रहे। पहली पारी में 525 रन बनाने वाली इंडिया सी ने दूसरी पारी में चार विकेट पर 128 रन बनाए। इसी समय दोनों टीमों ने मैच को ड्रॉ समाप्त करने पर सहमति जता दी।
अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंची इंडिया सी
पहली पारी में बढ़त से तीन अंक हासिल करने वाले इंडिया सी के नाम दो मैचों में नौ अंक हो गए। अब टीम तालिका में शीर्ष पर पहुंच गई। इंडिया बी को इस ड्रॉ मैच से एक अंक मिला। इंडिया सी की दूसरी पारी में कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ (62) ने मैच में अपना दूसरा अर्धशतक लगाया, जबकि रजत पाटीदार लगातार दूसरी बार 40 के आसपास आउट हुए।
कंबोज और ईशान ने किया प्रभावित
दलीप ट्रॉफी के इतिहास में यह केवल तीसरी बार था जब किसी तेज गेंदबाज ने एक पारी में आठ विकेट या उससे अधिक विकेट लिए हों। कंबोज को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। उन्होंने कुल आठ विकेट चटकाए। इस मैच में भारतीय खिलाड़ी ईशान किशन ने भी प्रभावित किया। राष्ट्रीय टीम से बाहर चल रहे इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने लाल गेंद क्रिकेट में वापसी करते हुए इंडिया सी के लिए पहली पारी में 126 गेंदों में 111 रन बनाए।