फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   Brett Lee Australian Crickets Hall of Fame speaks on his experience

Brett Lee: '160 KMPH की तेजी विकेट से ज्यादा खास थी', ऑस्ट्रेलिया के क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में शामिल हुए ब्रेट ली

Sun, 28 Dec 2025 04:42 PM IST
Mayank Tripathi स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Mayank Tripathi Updated Sun, 28 Dec 2025 04:42 PM IST
सार

49 वर्षीय ब्रेट ली ने बताया कि उन्होंने महज नौ साल की उम्र में यह लक्ष्य तय कर लिया था कि एक दिन वह 160 किमी प्रति घंटे से भी तेज गेंद फेंकेंगे। उन्होंने इस सपने को पूरा करने के लिए अपनी पूरी जिंदगी समर्पित कर दी।

विज्ञापन
Brett Lee Australian Crickets Hall of Fame speaks on his experience
ऑस्ट्रेलिया के पूर्व क्रिकेटर ब्रेट ली - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

ऑस्ट्रेलिया के पूर्व दिग्गज तेज़ गेंदबाज ब्रेट ली के लिए 160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार को छूना किसी भी बड़े बल्लेबाज़ को आउट करने या व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनाने से कहीं ज्यादा मायने रखता था। ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में शामिल किए गए ब्रेट ली ने कहा कि बचपन से ही उनका सपना सिर्फ एक था, दुनिया के सबसे तेज गेंदबाज़ों में शामिल होना।
विज्ञापन


'160 किमी की रफ्तार से गेंदबाजी करना मेरा सपना'
49 वर्षीय ब्रेट ली ने बताया कि उन्होंने महज नौ साल की उम्र में यह लक्ष्य तय कर लिया था कि एक दिन वह 160 किमी प्रति घंटे से भी तेज गेंद फेंकेंगे। उन्होंने इस सपने को पूरा करने के लिए अपनी पूरी जिंदगी समर्पित कर दी। ली ने अपनी मां हेलेन को इसका श्रेय दिया, जो खुद एक स्प्रिंटर थीं और जिनसे उन्हें तेजी के लिए जरूरी जीन मिले। ब्रेट ली ने कहा, '160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार मेरे लिए किसी भी विकेट से ज्यादा अहम है। हां, टीम की जीत सबसे ऊपर होती है 2003 का विश्व कप जीतना और लगातार 16 टेस्ट मैच जीतना करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियां हैं। लेकिन व्यक्तिगत तौर पर मेरे लिए विकेट नहीं, बल्कि रफ्तार मायने रखती थी।'
विज्ञापन


ब्रेट ली की उपलब्धियां
करीब दो दशकों के अंतरराष्ट्रीय करियर में ब्रेट ली ने तीनों फॉर्मेट में कुल 718 विकेट झटके और अपनी खौफनाक गति से दुनिया के बेहतरीन बल्लेबाजों को परेशान किया। ब्रेट ली ने अपने करियर में दो बार 160 किमी प्रति घंटे से ज्यादा की गेंद फेंकी। पहली बार 2003 विश्व कप के सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका में, जब उन्होंने श्रीलंका के मार्वन अटापट्टू को 160.1 किमी प्रति घंटे की गेंद पर आउट किया। दूसरी और सबसे तेज गेंद उन्होंने 5 मार्च 2005 को न्यूजीलैंड के खिलाफ नेपियर में फेंकी, जिसकी रफ्तार 160.8 किमी प्रति घंटे दर्ज की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


दिलचस्प बात यह रही कि उसी दौर में उन्हें करीब 18 महीनों तक टेस्ट टीम से बाहर रहना पड़ा। इस पर ली ने कहा, 'वह वक्त मेरे लिए मुश्किल था, लेकिन मैंने हार नहीं मानी। मुझे पता था कि अगर मैं तेज गेंदबाजी करता रहूंगा और विकेट लेता रहूंगा, तो मौका फिर मिलेगा।' ब्रेट ली ने खुद को ऐसे खिलाड़ी के रूप में बताया जो दबाव से भागता नहीं, बल्कि उसे चुनौती के रूप में स्वीकार करता है। उन्होंने कहा, 'जब दबाव होता है, तो दो तरह के लोग होते हैं एक जो छिप जाते हैं और दूसरे जो कहते हैं कि यही वह पल है जिसके लिए मैं बना हूं। मैं हमेशा दूसरा रास्ता चुनता हूं।'
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed