B'day Spcl: सदमे के बाद भी पुजारा ने क्रिकेट से मुंह नहीं मोड़ा, आज हैं 'द वॉल' नाम से मशहूर
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टीम इंडिया के टॉप प्लेयर्स में शुमार 'द वॉल' के नाम से मशहूर चेतेश्वर पुजारा का आज जन्मदिन है। 25 जनवरी, 1988 को गुजरात के राजकोट में जन्मे पुजारा आज अपना 30वां जन्मदिन मना रहे हैं। पुजारा की प्रारंभिक शिक्षा गुजरात से ही हुई। पुजारा बीबीए की पढ़ाई कर चुके हैं।
दरअसल, पुजारा को बचपन से ही क्रिकेट खेलने का शौक था। उनकी प्रतिभा को पहचानते हुए पिता अरविंद और मां रीमा ने उन्हें बचपन से ही क्रिकेट खेलने के लिए प्रोत्साहित किया। क्रिकेट के शुरुआती गुर चेतेश्वर को पिता से ही सीखने को मिले। बता दे कि उनके पिता अरविंद पुजारा सौराष्ट्र के लिए रणजी ट्रॉफी खेल चुके हैं। चेतेश्वर के चाचा बिपिन पुजारा भी सौराष्ट्र के लिए रणजी खेल चुके हैं।
गौरतलब है कि साल 2000-01 में चेतेश्वर पुजारा अंडर-14 क्रिकेट टीम में चुने गए। उन्होंने मुंबई के खिलाफ 138 और बड़ौदा के खिलाफ शानदार 306 रन बनाए जो उस समय एक रिकार्ड था। ऐसा बताया जाता है कि साल 2005 में चेतेश्वर पुजारा एक क्रिकेट मैच खेल रहे थे तभी उनके पास खबर आई कि उनकी मां का देहान्त हो गया। कैंसर की वजह से उनकी मां की मौत हुई थी। जब पुजारा के मां की मौत हुई तो वो 17 सला के थे। साल 2005 में चेतेश्वर पुजारा ने इंग्लैंड के खिलाफ अपना पहला अंडर-19 मैच खेलते हुए शानदार 211 रन बनाए।
मां की मौत के बाद चेतेश्वर गहरे सदमे में थे। किसी तरह सदमे से उबरने के बाद उन्होंने क्रिकेट को मां के सपने के तौर पर जिया। चेतेश्वर को उनकी कड़ी मेहनत का फल उनको एक बड़ा मुकाम दिया जो आज टीम इंडिया के 'द वाल' के रूप में जाना जा रहा है।
साल 2006 में अंडर-19 वर्ल्ड कप मैच में चेतेश्वर पुजारा के शानदार प्रदर्शन के कारण उन्हें टूर्नामेंट का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी घोषित किया गया। साल 2008 से साल 2013 के बीच प्रथम श्रेणी क्रिकेट में चेतेश्वक पुजारा ने तीन तिहरे शतक बनाए। इसके बाद 2010 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दो मैचों की घरेलू टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम के लिए चेतेश्वर पुजारा का चयन किया गया था। अगस्त 2012 में पुजारा ने न्यूजीलैंड के खिलाफ हैदराबाद में खेले गए टेस्ट मैच में 159 रन बनाकर अपना पहला टेस्ट शतक बनाया था। पुजारा आज भारतीय क्रिकेट टीम के टॉप प्लेयर्स में से एक हैं। कमाल की टेक्निक और शांत स्वभाव उन्हें अलग पहचान दिलाती है।
चेतेश्वर पुजारा प्रथम श्रंणी क्रिकेट में खेलते हुए एक ही महीने में तीन तिहरे शतक बनाने वाले दुनिया के एकमात्र बल्लेबाज हैं। साल 2010 में चेतेश्वर पुजारा ने अपना पहला टेस्ट मैच ऑस्ट्रेलिया के भारत दौरे के दौरान खेला। साल 2012 में चेतेश्वर पुजारा ने भारतीय टीम में वापसी करते हुए न्यूजीलैंड के खिलाफ 159 रनों की शानदार पारी खेली। चेतेश्वर पुजारा टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 1000 रन पूरे करने वाले भारतीय खिलाड़ी बने।
बता दें कि पुजारा ने टीम इंडिया के लिए 57 टेस्ट मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने 95 पारियों में 51.08 की औसत से 4495 रन बनाए हैं। पुजारा के नाम 14 शतक, 17 अर्धशतक और 3 दोहरा शतक शामिल है। इसके अलावा उन्होंने 5 वन-डे मैच भी खेले हैं, जिसमें वो मात्र 51 रन बटोरे हैं। पुजारा ने नाम 30 आईपीएल में 390 रन है। फिलहाल पुजारा दक्षिण अफ्रीका के दौरे पर हैं।