फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chhattisgarh ›   Bijapur News ›   Winds of change in Naxalgarh road freed from Naxal occupation road being built between Pamed and Tarrem in Bij

Bijapur: नक्सलगढ़ में बदलाव की बयार, नक्सल कब्जे से आजाद हुई सड़क, पामेड़ से तर्रेम के बीच तैयार हो रही सड़क

Sat, 25 Jan 2025 01:48 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, बीजापुर
अमर उजाला नेटवर्क, बीजापुर Published by: Digvijay Singh Updated Sat, 25 Jan 2025 01:48 PM IST
सार

बीजापुर जिले के उसूर ब्लॉक के सर्वाधिक नक्सल प्रभावित तर्रेम से पामेड़ सडक दो दशक बाद नक्सली कब्जे से आजाद हुई है। यह काम फोर्स कि बदौलत होता हुआ दिखाई दे रहा है।

विज्ञापन
Winds of change in Naxalgarh road freed from Naxal occupation road being built between Pamed and Tarrem in Bij
नक्सलगढ़ में बदलाव की बयार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बीजापुर जिले के उसूर ब्लॉक के सर्वाधिक नक्सल प्रभावित तर्रेम से पामेड़ सडक दो दशक बाद नक्सली कब्जे से आजाद हुई है। यह काम फोर्स कि बदौलत होता हुआ दिखाई दे रहा है। कोरागुट्टा में फोर्स का डेरा लगते ही 25 सालों से बंद पड़े बीजापुर से तर्रेम होकर पामेड़ जाने वाले रास्ते को फिर से बहाल करा दिया गया है। फिलहाल इस मार्ग पर सड़क निर्माण का काम चल रहा है। इस मार्ग के खुल जाने से अब लोगों को पामेड़ पहुंचने के लिए तेलंगाना होकर जाने की बाध्यता खत्म हो जाएगी और सौ किलोमीटर का फासला भी बच जाएगा। 25 बरस बाद यह सड़क नक्सलियों के चंगुल से आजाद हुई है। कोरागुट्टा इलाका नक्सलियों के पीएलजीए का कोर क्षेत्र कहलाता है। बीजापुर से तर्रेम, कोंडापल्ली होकर पामेड़ जाने वाले इस रास्ते पर पिछले 25 सालों से आवागमन बाधित था। इलाके के लोगों को पामेड़ पहुंचने के लिए तेलंगाना राज्य के चेरला होकर पामेड़ जाना पड़ता था। क्षेत्र के लोग 210 किलोमीटर की दूरी तय करके बीजापुर से पामेड़ पहुंचते थे। छत्तीसगढ़ के आखिरी छोर पर बसा पामेड़ जहां जवानों से लेकर राशन तक हवाई मार्ग से पहुंचता था।

विज्ञापन


एक समय ताकतवर बटालियन का था कब्ज़ा
नक्सलियों की सबसे ताकतवर बटालियन के गढ़ को 25 बरस बाद भेदते हुए तर्रेम से पामेड़ को जोड़ती सड़क दोबारा बन रही है। इस सड़क मार्ग को पुनः बहाल करने पुलिस के आला अफसरों के साथ जवानों ने कमान संभाली है। मौके पर अफसरों ने बताया जहां कदम कदम पर प्रेशर आईईडी, बूबी ट्रेप और एंबुश के खतरों की चुनौतियों से जवान पार पा रहे है। 
विज्ञापन


मार्च 2026 नक्सलवाद खत्म का मास्टर प्लान
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के बस्तर में नक्सलवाद के खात्मे कि घोषणा के बाद सरकार सख्त कार्यवाही कर रही है। बस्तर में अब माओवाद के पांव उखड़ने लगे हैं। केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयास से बीते चार दशक से मुख्य रूप से माओवाद का दंश झेल रहे बीजापुर, सुकमा जिले के बीहड़ इलाके में सुरक्षा बलों की तेजी से बढ़ती दखल ने नक्सल संगठन को पूरी तरह से कमजोर कर दिया है। नक्सलवाद के खिलाफ सरकार नई नीति पर काम कर रही है। बीते एक साल में अति नक्सल ग्रस्त बीजापुर-सुकमा के सरहदी इलाकों को केंन्द्रित करते हुए फॉरवर्ड ऑपरेटिंग बेस कैम्प खोले गए हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


जवान लड़ रहे आरपार की लड़ाई
नक्सल मोर्चे पर जवान विकट परिस्थितियों का सामना करते हुए ना सिर्फ माओवाद का खात्मा कर रहे हैं बल्कि अब तक सरकार और प्रशासन की पहुंच से दूर बीहड़ इलाकों में अभावग्रस्त आदिवासियों के जीवन में  बदलाव भी ला रहे हैं। एक समय था जहाँ राशन के लिए बड़ी जद्दोजहद कि जाति थी। लेकिन अब वहां आसानी से राशन पहुंचने लगा है।

क्या कहते है डीआईजी
डीआईजी कमलोचन कश्यप ने बताया कि बीते चार दशक तक माओवाद का समूचे इलाके में प्रभुत्व  रहा। चुनौतियां अभी भी है, और हमारे जवान इसका डटकर मुकाबला कर रहे है। इंटरडिस्टीक्ट कॉरीडोर को पूरी तरह से नियंत्रण में लेने में वक्त लगेगा। 


क्या कहते हैं एसपी
बीजापुर पुलिस अधीक्षक डॉ. जिंतेंद्र कुमार यादव का कहना है कि सरकार की पॉलिसी पर शांती बहाली के साथ काम हो रहा है। एफओबी के जरिए ना सिर्फ नियंत्रण स्थापित करने में हम कामयाब हो रहे हैं,बल्कि मूलभूत सुविधाएं मुहैया करा कर ग्रामीणों का विश्वास भी जीत रहे हैं। यह बदलाव की बयार है। अब इलाकों के बाशिंदें भी नक्सलवाद की गलत नीतियों को समझ रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed