बुरी खबर, यहां 2 से 6 गुना तक बढ़ जाएंगे पानी के रेट!
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्मार्ट सिटी स्टेटस की कीमत चुकाने के लिए चंडीगढ़ के लोगों को तैयार हो जाना चाहिए। पहला बोझ यह पड़ेगा कि पानी के रेट दो से छह गुना तक बढ़ने वाले हैं।
शहर में पानी सप्लाई के लिए नगर निगम हर साल 59 करोड़ रुपये का घाटा उठा रहा है। स्मार्ट सिटी में यह शर्त है कि जन सुविधाओं के खर्च की भरपाई जनता से ही की जाए। कोई घटाना नहीं होना चाहिए बल्कि आय के साधन बढ़ने चाहिए।
इसे देखते हुए नगर निगम ने पानी के रेट बढ़ाने का प्रस्ताव तैयार कर लिया है। पानी सप्लाई पर नगर निगम का सालान खर्च 125.84 करोड़ रुपये है। बिलों से वसूली 65.45 करोड़ रुपये की ही हो रही है।
30 किलो लीटर तक ज्यादा फर्क नहीं
नगर निगम की ओर से जो प्रस्ताव तैयार किया गया है, उसमें प्रति माह 30 किलो लीटर तक पानी खर्च करने वालों पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा। शहर में सवा लाख पानी के कनेक्शन है। स्मार्ट सिटी में 24 घंटे पानी की सप्लाई देने की शर्त है और नगर निगम ने इसके लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं। जनस्वास्थ्य विभाग की ओर से जो नए रेट तय किए गए हैं, उसके लिए दिल्ली में लागू दरों को आधार बनाया गया है। विभाग के अनुसार इसके बावजूद जो नए प्रस्तावित रेट तय किए गए हैं वह कम है। इससे पहले नगर निगम ने साल 2009 में पानी के रेट मामूली बढ़ाए थे। दिल्ली में उपभोक्ताओं से काफी ज्यादा सर्विस चार्ज भी लिया जाता है।
इस समय क्या है रेट और क्या है प्रस्तावित
कैटगरी---किलो लीटर---वर्तमान रेट(रुपये में)--प्रस्तावित रेट
घरेलू------0 से 15--------2-----------------2
----------15 से 30-------4-----------------4
-----------30 से 60------6-----------------8
----------60 से 80-------8----------------30
----------80 से ऊपर-----8----------------50
लान- सिचाई--कुल प्रयोग---8----------------30
संस्थान-----कुल प्रयोग----12---------------30
सरकारी, गैर सरकारी--कुल प्रयोग--14--------30
कर्मिश्यल----------------15---------------30
घरेलू कर्मिश्यल----------15---------------30
औद्योगिक---------------15--------------30
मासिक फिक्स
अनमिटर---ईडब्लयूएस हाउस----100----125
मिल्क कालोनी-----------------150----300
चार लोगों का परिवार तो असर नहीं पड़ेगा
इस समय प्रति व्यक्ति पानी शहर में 245 लीटर है, जबकि स्मार्ट सिटी में 135 लीटर पानी देने की बात कही गई है। ऐसे में उक्त पहले दो फेज में 30 किलो लीटर पानी प्रयोग करने वालों पर असर नहीं पड़ेगा इसमें शहर की कालोनियां और ग्रामीण इलाके आएंगे। इसके साथ ही जिनके परिवार के सदस्य बच्चे मिलाकर 4 हैं, उन पर भी बढ़े हुए रेट का असर नहीं पड़ेगा। अगर 4 लोग के परिवार में प्रति व्यक्ति 245 लिटर पानी प्रतिदिन प्रयोग करता है तो महीने में 2900 लीटर पानी की जरूरत है।
पानी की खपत की भी डिटेंल रिपोर्ट तैयार की गई है
इंजीनियरिंग विंग की ओर से एक अलग अलग एरिया में खपत होने वाले पानी की खपत की भी डिटेंल रिपोर्ट तैयार की गई है जिसके अनुसार पाश एरिया के सेक्टरों में प्रति व्यक्ति 934 से 1376 लीटर का प्रयोग करता है। रिपोर्ट के अनुसार दक्षिणी के मुकाबले में उतरी सेक्टर के लोग ज्यादा पानी की खपत करते हैं। सेक्टर-2,3,4,5 से 9 तक लोग एक हजार लीटर से ज्यादा प्रति व्यक्ति की खपत है।
मुकेश आनंद, चीफ इंजीनियर, नगर निगम ने बताया कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत पानी सप्लाई व्यवस्था में जितने भी सुधारों की जरूरत है, नगर निगम ने उन सभी की तैयारी शुरू कर दी है। डिटेल रिपोर्ट बनाकर प्रशासन को भेजी जाएगी। 24 घंटे पानी सप्लाई देने के प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर दिया गया है।
प्रदीप छाबड़ा, पूर्व मेयर, चंडीगढ़ ने बताया कि पानी के रेट किसी भी सूरत में नहीं बढ़ने चाहिए। स्मार्ट सिटी के बहाने लोगों पर बेवजह बोझ नहीं बढ़ने दिया जाएगा।