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दस दिन पहले दी थी चेतावनी, अब तो बीस दिन हो गए जनाब

Sun, 14 Sep 2014 11:54 PM IST
अमर उजाला/ ब्यूरो, कुरुक्षेत्र
अमर उजाला/ ब्यूरो, कुरुक्षेत्र Updated Sun, 14 Sep 2014 11:54 PM IST
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हरियाणा प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड और सरकार के निर्देशों की धज्जियां सरेआम गुदड़ी मोहल्ले में उड़ाई जा रही हैं। यहां 20 दिन पहले कंट्रोल बोर्ड के अधिकारियों की ओर से की गई छापेमारी और चेतावनी देने के बावजूद रिहायशी क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियां जारी हैं।
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उल्लेखनीय है कि थानेसर के रिहायशी क्षेत्र गुदड़ी मोहल्ला के एक घर में लंबे समय से चल रही औद्योगिक गतिविधियों पर अभी तक अंकुश नहीं लग सका।

इसके चलते पड़ोस के लोगों का जीना मुहाल है। अलमारियों व अन्य सामान पर कारीगरों द्वारा की जा रही स्प्रे पेंटिंग से निकलने वाले घातक पार्टिकल चर्म रोग, दमा व कैंसर जैसी खतरनाक बीमारियों को न्योता दे रहे हैं। लेकिन प्रशासनिक अधिकारी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।
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हालांकि राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी ने कुछ दिन पहले इस क्षेत्र का निरीक्षण कर औद्योगिक कार्यों को अंजाम देते हुए घर में चल रही अवैध फैक्टरी पर छापा मारा था।
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दस दिन में इस अवैध कार्य को रोकने के भी आदेश दिए थे। इसके बाद उक्त मकान मालिक ने कुछ दिन काम बंद करने के बाद अधिकारी के आदेशों को ठेंगा दिखाते हुए दोबारा कार्य शुरू करा दिया।

25 अगस्त को हुई थी छापामारी
राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने 25 अगस्त को छापामारी की थी। इसकी इंस्पेक्शन रिपोर्ट हेड ऑफिस पंचकूला में जमा भी करा दी है, लेकिन इसके बावजूद उक्त मकान में इंडस्ट्रियल एक्टिविटी जारी हैं।

यह प्रशासन की लचर व्यवस्था का ही परिणाम है कि रिहायशी इलाकों में बिना किसी डर के लोग अवैध गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं और अधिकारी केवल तमाशबीन बने हुए हैं।

बता दें कि इस समस्या की शिकायत सीएम सेल, डीसी व एचएसपीसीबी के मुख्य वैज्ञानिक सहित पांच जगह जा चुकी है।
कारण बताओ नोटिस हो चुका है डिस्पेच : एसडीओ
एसडीओ विपिन कुमार ने बताया कि इंडस्ट्रियल कार्य की इंस्पेक्शन रिपार्ट हेड ऑफिस पंचकूला सौंपी थी। जिसके दो दिन बाद मकान मालिक को कारण बताओ नोटिस डिस्पेच हुआ।


डिलिवरी होने के 15 दिन तक नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर उस यूनिट (जहां कार्य चल रहा है) बारे तीन क्लोजर नोटिस जारी होंगे। पहला नोटिस यूनिट मालिक के नाम, दूसरा डीसी के नाम जोकि एसडीम को मार्क होगा और तीसरा एरिया इंचार्ज (स्वयं) के नाम होगा।

इसके बाद मकान मालिक से बिना कोई सवाल-जवाब किएरिहायशी क्षेत्र में चल रहे अवैध कार्य को तुरंत बंद करा दिया जाएगा।
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