डेढ़ मिनट में 50 मीटर दूर से कोरोना के लक्षण स्कैन करेगी ये मशीन, क्वारंटीन करें या नहीं सबकुछ बताएगी
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आईआईआईटी सूरत के कंप्यूटर साइंस विभाग के दो विद्यार्थियों ने कोरोना वायरस के लक्षणों को स्कैन करने वाला स्कैनर तैयार किया है। केवल डेढ़ मिनट में ही कोरोना वायरस के लक्षणों को स्कैन करके बता सकेगा कि मरीज का सैंपल लेने की जरूरत है या नहीं और पीड़ित को क्वारंटीन किया जाए या नहीं। अब इस स्कैनर का प्रस्ताव मानव संसाधन मंत्रालय को भेजा गया है।
बड़ी बात यह है कि आईआईआईटी की एक छात्रा एकता अरोड़ा ने रोपड़ तथा दूसरे विद्यार्थी कृष्णा ओझ ने बीकानेर में लॉकडाउन के दौरान अपने घर में ही बैठकर रिमोट से इस स्कैनर पर काम किया और 25 दिन की मेहनत के बाद इसे तैयार किया। उन्होंने बताया कि इस मशीन के हार्डवेयर में एटमेगा, अल्ट्रॉसोनिक सेंसर तथा सर्वो मोटर लगाया है जो कि मरीज की लोकेशन तय कर के स्कैन करेगा।
उन्होंने बताया कि कैमरे से सामने मरीज को खड़ा कर डेढ़ मिनट में स्कैन किया जा सकेगा। एकता ने बताया कि इस स्कैनर में वह कैमरा, तापमान सेंसर आदि को भी जोड़ना चाहते थे पर लॉकडाउन के चलते रिसोर्स की कमी होने की वजह से वह इनका प्रयोग नहीं कर सके। ट्रिपल आईटी सूरत की कंप्यूटर साइंस के दूसरे साल की रोपड़ निवासी छात्रा एकता अरोड़ा ने बताया कि इस स्कैनर के साथ 50 मीटर दूर से ही व्यक्ति में कोरोना वायरस के लक्षणों की जांच की जा सकती है।
इसके बाद उस व्यक्ति के सैंपल लेने की जरूरत है या नहीं और क्वारंटीन करने के बारे में भी स्कैनर ही बता देगा। एकता अरोड़ा ने बताया कि इस स्कैनर के जरिए डॉक्टरों और पुलिस कर्मियों को स्कैन किया जा सकेगा। उन्हें कोरोना का शिकार होने से बचाया जा सकेगा। उन्होंने बताया कि आईआईआईटी सूरत के डीन के जरिए अब यह प्रस्ताव मानव संसाधन विकास मंत्रालय को भेजा गया है। अभी इसमें और चीजें जोड़ने के लिए सरकारी या गैर सरकारी सहायता की जरूरत है ताकि इस पर और काम किया जा सके।