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छात्रों की पीयू से पेशकश.. फाइनल ईयर में एक साल और फीस देने को तैयार, केमेस्ट्री की दें डिग्री
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चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी में एमएससी इंडस्ट्रियल केमेस्ट्री का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। अपने भविष्य को लेकर चिंतित अधिकांश छात्रों ने पीयू के सामने एक पेशकश की है। इसमें कहा है कि फाइनल ईयर के विद्यार्थी एक साल पीयू को पढ़ाई के लिए और दे सकते हैं। उन्हें केमेस्ट्री का पाठ्यक्रम पढ़ाकर रसायन विज्ञान विभाग की डिग्री दें। ड्यूल डिग्री को मान्यता पहले ही यूजीसी की ओर से दी जा चुकी है। छात्र पीयू को फीस देने के लिए भी तैयार हैं।
बता दें पीयू के कैमिकल इंजीनियरिंग विभाग से एमएससी इंडस्ट्रियल केमेस्ट्री कोर्स का संचालन हो रहा है। छात्रों के मुताबिक अधिकांश कोर्स में कैमिकल इंजीनियरिंग का ही पाठ्यक्रम पढ़ाया जा रहा है। इस कारण उनकी डिग्री केमेस्ट्री के समकक्ष नहीं मानी जा रही। सरकारी सेवाओं में वह नौकरी के लिए अप्लाई नहीं कर कर पा रहे हैं। इन विद्यार्थियों के सपोर्ट में एलुमनी भी आ गए हैं, जिन्होंने पीयू प्रशासन को मेल भेजे हैं। पीयू इस दिशा में अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं ले पाया है जबकि इन छात्रों की रातों की नींद खराब हो रही है। वह तनाव में हैं।
फाइनल ईयर के छात्रों का कहना है कि केमेस्ट्री विभाग से उन्हें पढ़ाया जाए, वह एक साल पीयू को और देने को तैयार हैं। साथ ही फीस भी देंगे, क्योंकि उन्हें भविष्य बनाना है।
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बता दें पीयू के कैमिकल इंजीनियरिंग विभाग से एमएससी इंडस्ट्रियल केमेस्ट्री कोर्स का संचालन हो रहा है। छात्रों के मुताबिक अधिकांश कोर्स में कैमिकल इंजीनियरिंग का ही पाठ्यक्रम पढ़ाया जा रहा है। इस कारण उनकी डिग्री केमेस्ट्री के समकक्ष नहीं मानी जा रही। सरकारी सेवाओं में वह नौकरी के लिए अप्लाई नहीं कर कर पा रहे हैं। इन विद्यार्थियों के सपोर्ट में एलुमनी भी आ गए हैं, जिन्होंने पीयू प्रशासन को मेल भेजे हैं। पीयू इस दिशा में अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं ले पाया है जबकि इन छात्रों की रातों की नींद खराब हो रही है। वह तनाव में हैं।
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फाइनल ईयर के छात्रों का कहना है कि केमेस्ट्री विभाग से उन्हें पढ़ाया जाए, वह एक साल पीयू को और देने को तैयार हैं। साथ ही फीस भी देंगे, क्योंकि उन्हें भविष्य बनाना है।
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