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पंजाब में बढ़ रहा उद्योग, तीन साल में 65000 और लॉकडाउन में 2500 करोड़ का निवेश
Tue, 11 Aug 2020 09:03 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 11 Aug 2020 09:03 PM IST
सार
- चंडीगढ़ विश्वविद्यालय के एक दिन का मंथन कार्यक्रम में बोले मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह
- बोले- राज्य में उद्योग के लिए बेहतर माहौल, लॉकडाउन में हुआ 2500 करोड़ का निवेश
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कैप्टन अमरिंदर सिंह (फाइल फोटो)
विस्तार
उद्यमियों को बेहतर माहौल मिलने से पंजाब में तेजी से निवेश बढ़ रहा है। तीन सालों में राज्य में 65000 करोड़ रुपये का निवेश हो चुका है। चंडीगढ़ विश्वविद्यालय के एक दिन के मंथन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा कि निवेश के साथ ही युवाओं के रोजगार की संभावनाएं भी बढ़ी हैं। उन्होंने बताया कि लॉकडाउन के दौरान भी 2500 करोड़ रुपये का निवेश पंजाब में हुआ है।
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कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि पांच रुपये प्रति यूनिट बिजली की दर से उद्योग को काफी बढ़ावा मिला है। साथ ही हाल ही में चार मेगा औद्योगिक पार्क भी राज्य में स्थापित किए जा रहे हैं। लॉकडाउन में भी राज्य के उद्योग को बेहतर माहौल मिला, जिससे लुधियाना में 2.34 लाख औद्योगिक इकाइयों में काम शुरू रहा और प्रवासियों को भी रोजगार की तलाश में लगातार लौट रहे हैं।
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मुख्यमंत्री ने बताया कि लॉकडाउन के बाद प्रभावित अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए राज्य सरकार ने लघु और मध्यम अवधि की कार्य योजना बनाकर कार्य किया है। इस कार्य के लिए अर्थशास्त्री मोंटेक सिंह अहलुवालिया की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय विशेषज्ञ कमेटी भी बनाई गई।
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श्रमिकों की 12 घंटे शिफ्ट की जाए
मुख्यमंत्री के सामने उद्यमियों ने लॉकडाउन में हुए नुकसान से उबरने के लिए कुछ मांगे भी रखीं। जिसमें फैक्ट्री में श्रमिकों की 12 घंटे शिफ्ट किए जाने की मांग प्रमुख रूप से शामिल रही। उद्यमियों ने कहा कि 500 करोड़ रुपये के निवेश के लिए विभाग और उद्यमी के बीच समन्वय एक नोडल अधिकारी भी रखा जाए। ड्रॉप आउट की समस्या से निपटने के लिए उद्यमियों ने प्रशिक्षण केंद्रों का सुझाव भी दिया।