डोप टेस्ट पर गर्माई पंजाब की सियासत, सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह बोले- मैं जांच के लिए तैयार हूं
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इसके साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को डोप टेस्ट करवाने की चुनौती दे दी। कैप्टन ने भी विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि वे अपना डोप टेस्ट करवाने के लिए तैयार हैं। लेकिन बाकी चुने हुए नुमाइंदों पर यह फैसला न थोपकर उनकी अंतरात्मा पर छोड़ते हैं। कैप्टन ने कहा कि उन्हें डोप टेस्ट करवाने में कोई समस्या नहीं है।
किसी को भी यह टेस्ट करवाने में कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। उनकी कैबिनेट के साथियों समेत कई लोग पहले ही इसके लिए आगे आए हैं। गौरतलब है कि दिसंबर 2013 में भी सियासतदानों के डोप टेस्ट पर राजनीति गर्माई थी। तत्कालीन डिप्टी सीएम सुखबीर बादल द्वारा पुलिसकर्मियों की भर्ती में पहली बार डोप टेस्ट अनिवार्य किया गया था। तब भी राजनेताओं के डोप टेस्ट का मुद्दा उठा था।
आप विधायक ने दी थी कैप्टन को चुनौती
आम आदमी पार्टी के विधायक अमन अरोड़ा ने वीरवार को कहा था कि ड्रग माफिया को सियासतदान ही शह देते हैं, इसलिए उन्हें डोप टेस्ट करवाना चाहिए। उन्होंने सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह को भी यह करवाने की चुनौती दे दी थी। एक सवाल पर उन्होंने कहा कि भगवंत मान को भी डोप टेस्ट करवा कर आरोपों पर स्थिति स्पष्ट कर देनी चाहिए।
विधायकों और सांसदों के लिए भी हो जरूरी
पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस नेता मनीष तिवारी ने कहा कि, सरकारी मुलाजिमों का डोप टेस्ट करवाने का फैसला सराहनीय है। लेकिन राज्य के विधायकों और सांसदों के लिए भी डोप टेस्ट जरूरी होना चाहिए। यह एक मिसाल कायम करेगा।