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अब पीजीआई आने वाले मरीजों को मिलेंगी राहत
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 31 Dec 2013 09:18 PM IST
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इस वर्ष पीजीआई समेत चंडीगढ़ के सभी बड़े अस्पतालों में इलाज के लिए आने वाले मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें...
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1. सैंपल के लिए लाइन नहीं लगानी होगी। बायोकेमेस्ट्री लैब में टोकन सिस्टम शुरू होगा। इसमें मरीजों को पहले टोकन लेना होगा, फिर वेटिंग हाल में बैठना होगा।
उसके बाद नंबर एनाउंस होगा। इसके लिए विशेष नौ काउंटर बनाए जा रहे हैं।
2. पीजीआई में यह पहली बार होगा कि ब्रांडेड दवाओं पर 57.7 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इसके टेंडर फाइनल कर दिए गए हैं।
3. पीजीआई की ओर से इसी महीने मोबाइल एप्स लांच करने की भी योजना है। इसकी सहायता से कोई भी व्यक्ति घर बैठे अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकेंगे।
मात्र 30 सेकेंड में ओपीडी में रजिस्ट्रेशन हो जाएगा। उसके बाद सेंट्रल रजिस्ट्रेशन नंबर दिया जाएगा। इसमें नाम, पता और डेट आफ बर्थ लिखना होगा और आपका रजिस्ट्रेशन हो जाएगा।
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4. पीजीआई स्थित भार्गव आडिटोरियम की ओर जाने वाला ट्रैफिक वन-वे करने की योजना है। रिसर्च ब्लाक जाने वाला ट्रैफिक की एंट्री भार्गव आडिटोरियम से होगी और वे बैंक वाली रोड से बाहर निकल जाएंगे।
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यह पहली बार प्रयोग किया जा रहा है। यदि यह प्रयोग सफल रहा तो दूसरे फेज में अन्य रास्तों पर ट्रैफिक वन-वे करने की पहल की जाएगी।
5. रोबोटिक सर्जरी के लिए काफी दिन से प्रयास चल रहे हैं। पहले यह सर्जरी जनवरी से शुरू होने थी, लेकिन इंफ्रास्ट्रक्चर नहीं होने से सर्जरी के लिए कुछ दिन और लगेंगे। इतना तय है कि सर्जरी साल 2014 में होगी।
पीजीआई में पहली बार जनवरी से पांच नए कोर्स शुरू हो रहे हैं।
(1) डीएम कोर्स इन चाइल्ड एंड एडोलसेंट साइक्रेट्री (2) डीएम कोर्स इन एडिक्शन साइक्रेट्री (3) डीएम कोर्स इन हिस्टोपैथोलॉजी (4) पीडियाट्रिक न्यूरोरेडियोलॉजी इन फेलोशिप (5) डीएम कोर्स इन पीडियाट्रिक क्लीनिकल इम्यूनोलॉजी एंड रीम्योटोलॉजी।
जीएमसीएच 32 की सौगात
1. दिल के मरीजों के लिए कैथ लैब की योजना इस साल शुरू हो जाएगी। तीन हफ्ते पहले ही कैथ लैब की फाइल को स्वास्थ्य मंत्रालय भेज दिया गया है।
2. नए कोर्स बायोकेमेस्ट्री, मेडिसिन व डीमिटोलॉजी शुरू होंगे। इसके अलावा 10 से 12 कोर्स में एमडी की सीटें बढ़ाने के लिए आवेदन दिए गए हैं।
3. जीएमसीएच 32 की इस साल सबसे बड़ी उपलब्धि हास्पिटल का कंप्यूटराइज होना होगा। इसमें पेशंट डाटा, सभी रिपोर्ट, ब्लड बैंक व अन्य सुविधाएं भी ऑनलाइन हो जाएंगी।
4.यहां आधे रेट पर सीटी स्कैन की सुविधा जल्द शुरू हो जाएगी। सिटी स्कैन की मशीन का इंस्टालेशन पूरा हो गया है।
5. रिसर्च यूनिट शुरू करने की योजना है। इस यूनिट के लिए पहली किस्त हास्पिटल के पास पहुंच चुकी है। यूनिट के बनने से कई बीमारियों की रोकथाम की दिशा की ओर नई रिसर्च हो पाएंगी।