फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   CPCC imposes fine of Rs 9.5 crore on Chandigarh Nagar Nigam

Chandigarh: सीपीसीसी की सख्ती, निगम पर साढ़े नौ करोड़ तो एस्टेट विभाग पर डेढ़ करोड़ का लगाया जुर्माना

Tue, 15 Nov 2022 05:14 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Tue, 15 Nov 2022 05:14 PM IST
सार

सीपीसीसी ने एस्टेट ऑफिसर को नोटिस जारी कर 15 दिनों में जवाब देने को कहा है कि नालों से जुड़ी स्थिति पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई, क्यों न इस मामले में उन पर डेढ़ करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया जाए। यह कार्रवाई वर्ष 2021 से हर माह के अनुसार की गई है। सीपीसीसी ने सितंबर 2022 में एनजीटी को अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। इसके बाद यह कार्रवाई की गई है।  

विज्ञापन
CPCC imposes fine of Rs 9.5 crore on Chandigarh Nagar Nigam
चंडीगढ़ - फोटो : फाइल

विस्तार

नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के निर्देश पर चंडीगढ़ पॉल्यूशन कंट्रोल कमेटी (सीपीसीसी) ने नगर निगम, प्रशासन के इंजीनियरिंग और एस्टेट विभाग पर जुर्माना लगाया है। इसमें सीवर ट्रीटमेंट प्लांट में मानकों के अनुरूप पानी ट्रीट न होने, कचरे व मलबे का ठीक से निस्तारण न होने पर साढ़े 9 करोड़ का जुर्माना लगाया गया है। इसके साथ प्रशासन के इंजीनियरिंग पर चो में गंदे पानी गिरने से न रोक पाने पर 60 लाख का जुर्माना ठोका है। उधर एनजीटी ने एस्टेट विभाग को चेतावनी देते हुए कहा है कि 15 दिन में खामियां सुधारे या फिर डेढ़ करोड़ जुर्माने भरने को तैयार रहे।

विज्ञापन


सीपीसीसी ने दो साल तक नगर निगम की ओर से संचालित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से सैंपल लिए थे। सीपीसीसी के मानकों के अनुसार पानी को ट्रीट करने के बाद उसका बायो ऑक्सीजन डिमांड (बीओडी) 5 से कम होना चाहिए लेकिन वहां बीओडी 30 तक मिली। कई बार चेतावनी के बावजूद बीओडी कम न होने पर सीपीसीसी ने 5.60 करोड़ का जुर्माना लगाया है। इसके अलावा कचरे का निस्तारण ठीक से न होने पर 70 लाख रुपये और मलबे का ठीक से निस्तारण न होने पर 3 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। 
विज्ञापन

दूसरी ओर प्रशासन के इंजीनियरिंग विभाग पर रायपुरकलां के एसटीपी में पानी ठीक से ट्रीट न होने और चो में गंदे पानी को गिरने से न रोक पाने के लिए 60 लाख रुपये का जुर्माना लगा है। सीपीसीसी ने एस्टेट ऑफिसर को नोटिस जारी कर 15 दिनों में जवाब देने को कहा है कि नालों से जुड़ी स्थिति पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई, क्यों न इस मामले में उन पर डेढ़ करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया जाए। यह कार्रवाई वर्ष 2021 से हर माह के अनुसार की गई है। सीपीसीसी ने सितंबर 2022 में एनजीटी को अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। इसके बाद यह कार्रवाई की गई है।  

विज्ञापन
विज्ञापन

साढ़े 6 करोड़ से अपग्रेड हो रहे हैं निगम के एसटीपी
नगर निगम के पास पांच एसटीपी हैं। इसमें रायपुरखुर्द, धनास, 3 बीआरडी, डिग्गियां और मलोया का प्लांट शामिल है। डिग्गियां का एसटीपी अपग्रेड करने पर निगम ने 500 करोड़ खर्च किया है, वहीं अन्य एसटीपी को अपग्रेड करने पर लगभग 150 करोड़ का खर्च हुआ है। इसे अपग्रेड पहले ही होना था लेकिन एक बार टेंडर की प्रक्रिया लगभग पूरी होने के बाद रद्द हो गई। प्रशासक के निर्देश पर इन सभी एसटीपी को अलग-अलग भागों में बांटकर टेंडर किया गया। उसके बाद कोरोना आ गया और अपग्रेडेशन की प्रक्रिया में देरी हो गई। निगम का दावा है कि फरवरी 2023 तक सभी एसटीपी अपग्रेड हो जाएंगे।

डंपिंग ग्राउंड और कचरा निस्तारण प्लांट भी प्रक्रिया में
निगम का दावा है कि डंपिंग ग्राउंड पर बने पहले कचरे के निस्तारण प्लांट का काम अंतिम चरण में है, देरी के कारण कंपनी पर जुर्माना लगाया जा रहा है। दूसरे कचरे के पहाड़ के लिए टेंडर लगा दिया है। छह माह में उसके निस्तारण का काम शुरू हो जाएगा। इसके लिए निगम ने 69 करोड़ रुपये का टेंडर दिया है। 

कचरा निस्तारण प्लांट में मशीनों के अपग्रेडेशन का काम नवंबर तक पूरा होने का दावा किया जा रहा है। इससे कचरा निस्तारण की क्षमता बढ़ जाएगी। वर्तमान में शहर से निकलने वाले 500 टन कचरे में से महज 50 टन कचरा ही प्रतिदिन निस्तारित हो रहा है। निगम का दावा है कि इसकी क्षमता को 200 टन तक लेकर जाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed