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पंजाब में बदला विरोध का तरीका, हजारों टावर क्षतिग्रस्त, कई जगह इंटरनेट ठप, अब बड़ी कार्रवाई की तैयारी

Tue, 29 Dec 2020 06:42 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Tue, 29 Dec 2020 06:42 PM IST
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Mobile Towers vandalised in Punjab, CM appeal to stop it
मोगा में टावर पर चढ़े किसान। - फोटो : ANI
कृषि कानूनों के विरोध में पंजाब समेत कई राज्यों के किसान करीब एक माह से दिल्ली की सीमाओं पर डेरा डाले हैं। सरकार से सातवें दौर की बातचीत प्रस्तावित है। बातचीत के नतीजे पर ही आंदोलन का भविष्य टिका है। छह दौर की बैठक बेनतीजा होने के बावजूद राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में किसान शांतिपूर्ण आंदोलनरत हैं। बता दें कि बुजुर्ग किसानों ने आंदोनल को शांतिपूर्ण बनाए रखने की अपील की थी। इसी का असर है कि इतना बड़ा किसान आंदोलन 'गांधीगीरी' पर चल रहा है।
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लेकिन दूसरी तरफ पंजाब में विरोध का तरीका बदल रहा है। कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसानों का गुस्सा पंजाब में जियो के मोबाइल टावरों पर उतरने लगा है। पंजाब के लगभग हर जिले में जियो के मोबाइल टावरों को निशाना बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह लोगों से मोबाइल सेवा को नुकसान न पहुंचाने की अपील कर चुके हैं। लेकिन उनकी यह अपील भी बेअसर रही। अब मुख्यमंत्री ने पुलिस को मोबाइल टावरों को क्षतिग्रस्त करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
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पंजाब में जियो के 9000 मोबाइल टावर हैं। एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि बीते कुछ दिनों में प्रदेश में 1561 मोबाइल टावरों की सेवाएं प्रभावित हुई हैं। पंजाब के 22 जिलों में कुल 21306 मोबाइल टावर हैं। सूत्रों के अनुसार, अब तक 433 मोबाइल टावरों की मरम्मत भी कर दी गई है लेकिन प्रदर्शनकारी टावरों की देख-रेख करने वाले कर्मचारियों को मरम्मत करने पर धमका रहे हैं। 
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दूरसंचार टावरों को निशाना बनाने के पीछे तर्क दिया जा रहा है कि नए कृषि कानूनों से मुकेश अंबानी जैसे उद्योगपतियों को लाभ होगा। किसानों का कहना है कि भविष्य में उन्हें अपनी जमीन इन उद्योगपतियों को बेचने को मजबूर किया जाएगा।

रिलायंस जियो का दूरसंचार क्षेत्र में दबदबा है। ऐसे में जियो के मोबाइल टावरों को नुकसान पहुंचाने से पंजाब की दूरसंचार व्यवस्था लड़खड़ाने लगी है।  मोबाइल टावरों की बिजली काटने से कई जगह फोन सेवाएं बाधित हुई हैं। ऑनलाइन पढ़ाई करने वाले छात्रों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

 

हो सकती है तीन साल तक की सजा

पंजाब में लगभग एक हफ्ते से कृषि कानूनों के विरोध में जियो के मोबाइल टावरों को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। शुरुआत में कोई कार्रवाई न होने पर प्रदर्शनकारियों के हौसले बुलंद होते गए। तीन दिन में क्षतिग्रस्त मोबाइल टावरों की संख्या दोगुनी हो गई है। 25 दिसंबर को क्षतिग्रस्त टावरों की संख्या लगभग 700 थी। अब यह आंकड़ा बढ़कर 1561 के पार पहुंच गया है। इंडियन टेलीग्राफ एक्ट 1885 की धारा 25 के मुताबिक टेलीकॉम संपत्ति को नुकसान पहुंचाने पर तीन साल की सजा का प्रावधान है। 

अब कार्रवाई की तैयारी
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह एक्शन मोड में आ गए हैं और उन्होंने चेतावनी दी है कि संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। कैप्टन ने कहा कि संचार साधनों को नुकसान पहुंचाना छात्रों, खासकर बोर्ड परीक्षा की तैयारी करने वाले और कोविड महामारी की वजह से घर से काम करने वाले पेशेवरों के लिए नुकसानदायक होगा। 

कई स्थानों पर इंटरनेट सेवा ठप
फिरोजपुर जिले के गांव हजारा सिंह वाला, टिब्बी, राऊके हिठाड़, मल्लांवाला और खाईफेमीकी में जियो टावर बंद होने से कई जगहों पर इंटरनेट सेवा ठप हो चुकी है। इससे ऑनलाइन पढ़ाई करने वाले बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। मल्लांवाला (फिरोजपुर) के रहने कृष्ण कुमार कटारिया ने बताया कि जियो टावर बंद होने से इंटरनेट की काफी दिक्कत आ रही है। बच्चों की ऑनलाइन पढ़ाई चल रही है, टावर बंद होने से उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। पिछले तीन दिन से मल्लांवाला में इंटरनेट की काफी दिक्कत आ रही है। 

ममदोट के गुरमेज सिंह कहते हैं कि गांव हजारा सिंह वाला, टिब्बी व रारूके हिठाड़ में टावर के कनेक्शन काट देने से इंटरनेट बंद है। उनका बच्चा अर्शदीप सिंह पांचवीं में पढ़ता है, इंटरनेट ठप होने से ऑनलाइन पढ़ाई नहीं हो पा रही है। शहर में भी सिग्नल की समस्या आ रही है। मोबाइल फोन पर बात करो तो बीच में ही फोन कट जाता है। 

हमने अपील की थी कि जियो कनेक्शन का बहिष्कार करें। किसी की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का यूनियन का कोई कार्यक्रम नहीं है। यूनियन ऐसे किसी व्यक्ति का सहयोग नहीं करती जो किसी की संपत्ति का नुकसान कर रहे हैं। इस मामले में यूनियन ने पुलिस व सरकार को भी अपने रूख की जानकारी दे दी है।  - जोगिंदर सिंह उगराहां, प्रदेश अध्यक्ष, भाकियू एकता उगराहां, पंजाब।


मोबाइल टावर कनेक्शन काटने के विरोध में हरियाणा भाकियू
भारतीय किसान यूनियन हरियाणा ने पंजाब में जियो के मोबाइल टावर कनेक्शन काटने का विरोध किया। यूनियन के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने कहा कि वह टावर कनेक्शन काटने के पक्ष में नहीं हैं। उन्होंने जियो के सिम पोर्ट करने के लिए कहा है। हरियाणा में किसी टावर का कनेक्शन नहीं काटेंगे। संगठन सिर्फ जियो सिम पोर्ट करने के लिए ही किसानों को प्रेरित करेगा।
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