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ब्यास में शीरा डालने वाली चड्ढा शुगर मिल सील, सिक्योरिटी जब्त...मर गई थी मछलियां

Sat, 19 May 2018 10:09 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़/ बटाला
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़/ बटाला Updated Sat, 19 May 2018 10:09 AM IST
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mass fishes died due to poisonic water in beas, chhadha sugar mill sealed
शूगर मिल
पर्यावरण मंत्री ओपी सोनी के निर्देश पर ब्यास दरिया में शीरा डालने वाली चड्ढा शुगर मिल सील कर दी गई है और सिक्योरिटी भी जब्त कर ली गई है। डीसी गुरलवलीन सिंह सिद्धू ने प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के अधिकारियों के साथ जाकर कीड़ी अफगाना की चड्ढा शुगर मिल को सील कर दिया है। मिल का जहरीला सीरा ब्यास में जाने के बाद  दरिया में बड़ी तादाद में मछलियां मर गई थीं।
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डीसी ने मिल प्रबंधकों से जानकारी हासिल की और जिस जगह से सीरे का रिसाव हुआ था, उसका निरीक्षण भी किया। मंत्री सोनी ने मिल की 25 लाख रुपये सिक्योरिटी भी जब्त करने के भी निर्देश दिए हैं। डीसी द्वारा शुक्रवार को इस सारी घटना की न्यायिक जांच करने के आदेश बटाला के एसडीएम रोहित गुप्ता को दिए गए हैं। डीसी ने आदेश दिए हैं कि 10 दिनों के अंदर जांच रिपोर्ट उनको भेजी जाए ताकि इस घटना के असली कारणों के बारे में पता लगाया जा सके।
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उन्होंने कहा कि यदि जांच में मिल प्रबंधन की या किसी ओर की लापरवाही सामने आती है तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि वीरवार को पौंग डैम से 11 हजार क्यूसिक अतिरिक्त पानी ब्यास दरिया में छोड़ा गया था ताकि सीरे से पैदा हुए जहर के असर को कम किया जा सके। डीसी ने बताया कि शुक्रवार को प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड द्वारा ब्यास दरिया के पानी के सैंपल ले लिए गए हैं जो सही पाए गए हैं।
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बिना साफ किए नदियों में पानी फेंकने पर होगी कार्रवाई
इधर,  पर्यावरण मंत्री सोनी ने शुक्रवार को पंजाब भवन में विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने साफ हिदायत दी कि अगर किसी भी निगम या काउंसिल के तहत पड़ने वाली इंडस्ट्री पानी बिना साफ किए नदियों या नालों में फेंकते मिले तो उस काउंसिल या निगम के अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी। सरकार का मकसद औद्योगीकरण है, लेकिन पर्यावरण को भी बचाया जाएगा। इंडस्ट्री में ट्रीटमेंट प्लांट लगाना यकीनी बनाया जाएगा। अगर कोई इंडस्ट्री नियमों का उल्लंघन करते पाई गई तो संबंधित एक्सईएन जिम्मेदार होगा। पर्यावरण मंत्री ने खेत में नाड़ जलाने वालों पर भी सख्ती बरतने को कहा। मीटिंग में प्रमुख सचिव डॉ. रोशन सुंकारिया, पीपीसीबी के चेयरमैन काहन सिंह पन्नू भी मौजूद थे।
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