सौगात: सीएम मनोहर लाल ने 1100 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने गुरुवार को प्रदेश की जनता के लिए सौगातों का पिटारा खोला। उन्होंने स्वास्थ्य, आयुर्वेद, शिक्षा, सड़क, पानी, बिजली और खेल पर केंद्रित विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। ये सभी परियोजनाएं 1100 करोड़ रुपये की हैं। इनमें से 200 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का सीएम ने उद्घाटन और 900 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास किया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने गुरुवार को शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, पानी, बिजली और सड़क संपर्क को मजबूत करने से जुड़ी करीब 1100 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। उन्होंने चंडीगढ़ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से राज्य स्तरीय कार्यक्रम के दौरान 16 जिलों में परियोजनाओं की सौगात दी। इसमें 200 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन और करीब 900 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास शामिल है।
यह पहली बार नहीं है जब मुख्यमंत्री ने एक साथ कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया है। 21 मार्च 2021 को भी मुख्यमंत्री ने 1411 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का तोहफा दिया था। इस दौरान सीएम ने करनाल को 500 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात दी।
वहीं पंचकूला को 160 करोड़ रुपये, सिरसा को करीब 100 करोड़, फतेहाबाद को 80 करोड़, कुरुक्षेत्र को 50 करोड़, जींद को 30 करोड़, फरीदाबाद को 30 करोड़, सोनीपत को 20 करोड़, पलवल को 20 करोड, हिसार को 20 करोड़, रोहतक को 20 करोड़, कैथल को 15 करोड़, चरखी दादरी को 10 करोड़, भिवानी को 9 करोड़, यमुनानगर को 9 करोड़ और पानीपत को करीब 5 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात दी है।
विपक्ष किसानों को गुमराह न करे, ट्यूबवेल कनेक्शन देना कभी बंद नहीं किया
मनोहर लाल ने परियोजनाओं की सौगात देने के बाद विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्ष किसानों को गुमराह करना बंद करे। ट्यूबवेल कनेक्शन देना कभी बंद नहीं किया। भूजल स्तर सुधारने के लिए सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली लागू की जा रही है। क्षेत्र और विकास के नाम पर हरियाणा को बांटने की विचारधारा से ऊपर उठकर काम कर रहे हैं।
किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध करवाने के लिए विभिन्न कदम उठाए जा रहे हैं। उन क्षेत्रों में सूक्ष्म सिंचाई (ड्रिप इरिगेशन सिस्टम) को बढ़ावा दिया जा रहा है, जहां जल स्तर 100 फुट से नीचे है। सूक्ष्म सिंचाई के लिए किसानों को 85 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है। जिन क्षेत्रों में भूजल स्तर 100 फुट से कम है, वहां के किसानों को सरकार ट्यूबवेल कनेक्शन प्रदान करेगी और अधिक गहराई वाले भू जल क्षेत्रों में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली लागू की जाएगी। जिन किसानों के पास 15 बीएचपी (ब्रेक हॉर्स पावर) की ट्यूबवेल मोटर है, उन्हें ट्यूबवेल कनेक्शन दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने खरीफ फसलों का एमएसपी बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद किया है। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से निश्चित रूप से किसानों को अधिक लाभ कमाने में मदद मिलेगी। पिछले सात वर्षों से राज्य सरकार हरियाणा को तेजी से विकास पथ पर आगे बढ़ाने की दिशा में समर्पित रूप से कार्य कर रही है।