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Chandigarh News: सीवर सफाई में बड़ा बदलाव, कैमरे की निगरानी में सुपर सकर मशीन करेगी काम

Sat, 03 Oct 2026 01:51 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 03 Oct 2026 01:51 AM IST
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Major shift in sewer cleaning: Super Sucker machines to operate under camera surveillance
एयरोसिटी, आईटी सिटी और सेक्टर 88-89 की लाइनों से सुपर सकर से निकलेगी गाद
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सफाई से पहले और बाद की होगी जांच, कैमरा बताएगा लाइन का असली हाल


मोहाली। एयरोसिटी, आईटी सिटी और सेक्टर-88 व 89 की हाई-प्रोफाइल कॉलोनी की पुरानी सीवर लाइनों में जमा गाद और कचरे को निकालने के लिए करीब तीन करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इस बार सीवर लाइन के अंदर कैमरा भेजा जाएगा और सफाई से पहले तथा बाद की स्थिति को देखा जाएगा। यानी किस लाइन में कहां गाद है, कहां रुकावट है और सफाई के बाद पाइपलाइन की स्थिति क्या है, इसका तकनीकी रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा। गमाडा ने मौजूदा सीवर लाइनों की डी-सिल्टिंग और सफाई के लिए आधुनिक मशीनरी के इस्तेमाल का प्रावधान किया है। इसके तहत जेटिंग कम सक्शन सीवर क्लीनिंग मशीन के साथ सुपर सकर कम जेटिंग मशीन का इस्तेमाल होगा। सुपर सकर मशीन सीवर लाइन में जमा गाद और अन्य ठोस सामग्री को खींचकर बाहर निकालने में मदद करेगी, जबकि जेटिंग तकनीक पानी के दबाव से पाइपलाइन के भीतर जमी गंदगी को हटाने का काम करेगी। संवाद

लाखों के काम में सबसे अहम होगा सीसीटीवी
इस पूरे काम का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा सीसीटीवी निरीक्षण है। आम तौर पर सीवर सफाई के बाद यह पता लगाना मुश्किल होता है कि पाइपलाइन वास्तव में कितनी साफ हुई। इस व्यवस्था में कैमरे के जरिये पाइपलाइन के भीतर की स्थिति देखी जा सकेगी। इससे यह भी सामने आ सकेगा कि किसी हिस्से में पाइपलाइन क्षतिग्रस्त तो नहीं है या वहां ऐसी रुकावट तो नहीं, जिसके कारण भविष्य में बार-बार सीवर जाम होने की समस्या पैदा हो। पानी की खपत घटाने के साथ गाद का भी निस्तारण काम में पानी के पुनर्चक्रण वाली तकनीक का भी इस्तेमाल किया जाएगा। जेटिंग के दौरान इस्तेमाल होने वाले पानी को रीसाइकिल कर दोबारा उपयोग में लाने की व्यवस्था होगी। इससे सफाई के दौरान पानी की खपत को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। सीवर से बाहर निकाली गई गाद को खुले में छोड़ने के बजाय निर्धारित स्थान तक ले जाकर उसके निस्तारण का भी प्रावधान किया गया है।
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एयरोसिटी के लिए क्यों जरूरी है यह काम
एयरोसिटी सिर्फ एक आवासीय क्षेत्र नहीं है। एयरपोर्ट के नजदीक होने के कारण यह क्षेत्र मोहाली के महत्वपूर्ण आर्थिक और व्यावसायिक इलाकों में शामिल हो चुका है। गमाडा द्वारा विकसित इस क्षेत्र में आवासीय गतिविधियों के साथ व्यावसायिक विकास भी बढ़ रहा है।
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आईटी सिटी और सेक्टर-88 व 89 की मौजूदा सीवर लाइनों की गाद और जमी गंदगी को आधुनिक सुपर सकर व जेटिंग मशीनों से काम करवाने की प्रक्रिया शुरू की गई है। सफाई के साथ सीसीटीवी से लाइनों की अंदरूनी स्थिति की जांच भी की जाएगी, ताकि काम प्रभावी तरीके से पूरा हो सके। इस संबंधी टेंडर काल कर दिया गया है इस प्रक्रिया को पूरा होते ही काम शुरू करवा दिया जाएगा। - हिमांशु संधू, डिविजनल इंजीनियर गमाडा
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