फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Jat agitation, Haryana cm manohar lal khattar on oppositions

जाट आंदोलन पर विपक्ष के हमलों पर CM खट्टर का कड़ा रुख

Thu, 02 Mar 2017 09:57 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 02 Mar 2017 09:57 AM IST
विज्ञापन
Jat agitation, Haryana cm manohar lal khattar on oppositions
Haryana Assembly - फोटो : File Photo
जाट आरक्षण आंदोलन को लेकर विपक्ष के लगातार हमले सह रहे मुख्यमंत्री मनोहर लाल विधानसभा में पूरे रंग में दिखे। अक्सर शांत रहने वाले खट्टर ने आंदोलन को लेकर विपक्ष के रवैये को देखते हुए न केवल खरी-खरी सुनाई, बल्कि जाटों को भी अपने स्टैंड पर कायम रहने का सुझाव दिया।
विज्ञापन


सीएम ने कहा कि शांतिपूर्वक आंदोलन से सरकार को कोई दिक्कत नहीं है। आंदोलन को हिंसक बनाने के लिए हो रहे प्रयासों और भड़काऊ भाषणों की रोजाना जानकारी मिल रही है। अशांति फैलाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञापन


मुख्यमंत्री हरियाणा विधानसभा में बजट सत्र के दौरान विपक्ष के नेता अभय चौटाला, विधायक डॉ. रघुवीर कादियान व निर्दलीय विधायक जय प्रकाश सहित 15 अन्य विधायकों के जाट आंदोलन पर लाए गए स्थगन प्रस्ताव के जवाब में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि सभी को सीमा में रहकर अपनी लड़ाई लड़नी चाहिए। उनके या अन्य किसी के खिलाफ व्यक्तिगत टिप्पणी न करें। धैर्य तोड़ना उन्हें भी आता है। उनके भी कोई जज्बात हैं, उनसे नहीं खेलना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

मसला सुलझाने के लिए कमेटी बनाने को तैयार

Jat agitation, Haryana cm manohar lal khattar on oppositions
हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र - फोटो : File Photo
सीएम खट्टर ने कहा कि विपक्ष व आंदोलनकारियों की ओर से बहुत कुछ व्यक्तिगत तौर पर कहा जा रहा है, ये अच्छा नहीं है। एक-दूसरे के बारे में कहने लगते तो कोई सीमा नहीं रहेगी। मनोहर लाल ने कहा कि आंदोलनकारियों से सरकार खुलेमन से बातचीत करने को तैयार है।

विपक्षी पार्टियों के नेताओं को भी इससे मसले से निपटने में सहयोग करना चाहिए। न्यायालय में विचाराधीन मुद्दों को छोड़कर बाकी मामलों के समाधान के लिए सरकार विधानसभा की कमेटी या मंत्री समूह की उपसमिति भी गठित करने को तैयार है। 

ख्वाहिशें तो बड़ी बेवफा होती हैं...
आंदोलनकारी अब अपना गोल-पोस्ट बदल रहे हैं। पहले उनकी सात मांगे थीं, उसके बाद 17 मांगों का मांग पत्र दिया गया और अब 11 मांगों का एक और मांग-पत्र मिला है। अब कुल 28 मांगें हो गई हैं। समस्या का समाधान एक दिन में संभव नहीं है। न्यायालय समय-समय पर सभी मामलों की निगरानी कर रहा है। वीरवार को भी पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में जाट आरक्षण की सुनवाई है। बीते वर्ष हुई हिंसा के दौरान किसी निर्दोष पर मामला दर्ज नहीं किया गया। उपद्रवियों पर मामले दर्ज हुए हैं, जिन्हें वापस नहीं लिया जा सकता। किसी भी दोषी व्यक्ति को कानून से भागने नहीं देंगे। मुख्यमंत्री ने शायरना अंदाज में कहा कि ‘ख्वाहिशें तो बड़ी बेवफा होती हैं, पूरी होते ही बदल जाती हैं। चेहरे अजीब हो जाएं तो कोई बात नहीं, लेकिन रवैया अजीब हो जाए तो चिंताजनक है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed