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Haryana: बहादुरगढ़ में चार सफाई कर्मचारियों की मौत का मानवाधिकार आयोग ने लिया संज्ञान, हरियाणा सरकार को नोटिस
Fri, 07 Apr 2023 01:26 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 07 Apr 2023 01:26 AM IST
सार
आयोग ने कहा है कि सिर्फ इसलिए कि घटना निजी संपत्ति पर हुई है, यह संबंधित अधिकारियों को अपने अधिकार क्षेत्र में होने वाली ऐसी खतरनाक गतिविधियों की निगरानी के अपने उत्तरदायित्व से छुटकारा पाने की अनुमति नहीं दे सकता है।
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राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग
विस्तार
हरियाणा के बहादुरगढ़ इलाके में सेप्टिक टैंक के अंदर पाइप फिट करने के दौरान चार सफाई कर्मचारियों की मौत के मामले पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने स्वत: संज्ञान लिया है। आयोग ने इस संबंध में हरियाणा सरकार को नोटिस जारी किया है। साथ ही हरियाणा के मुख्य सचिव और डीजीपी से छह सप्ताह में रिपोर्ट तलब की है।
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पांच अप्रैल को बहादुरगढ़ में हुए हादसे का आयोग ने मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर संज्ञान लिया। आयोग का मानना है कि श्रमिकों को सुरक्षा उपकरण प्रदान नहीं किए गए थे। आयोग ने नोटिस में लिखा है कि मीडिया रिपोर्टों संबंधित अधिकारियों की लापरवाही का संकेत देती है। इसके परिणामस्वरूप पीड़ितों के जीवन के अधिकार का उल्लंघन होता है।
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आयोग ने कहा है कि सिर्फ इसलिए कि घटना निजी संपत्ति पर हुई है, यह संबंधित अधिकारियों को अपने अधिकार क्षेत्र में होने वाली ऐसी खतरनाक गतिविधियों की निगरानी के अपने उत्तरदायित्व से छुटकारा पाने की अनुमति नहीं दे सकता है।
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राज्य सरकार की रिपोर्ट में दोषी अधिकारियों के खिलाफ की गई कार्रवाई और पीड़ित परिवारों को प्रदान की गई राहत और पुनर्वास की स्थिति के बारे में सूचित किया जाना चाहिए। साथ ही इस संबंध में जागरूकता फैलाने के लिए उठाए गए प्रस्तावित कदमों की भी जानकारी होनी चाहिए। आयोग ने यह भी देखा कि सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिए गए विशिष्ट निर्णयों और विभिन्न सरकारी एजेंसियों द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों के साथ-साथ सभी संबंधित अधिकारियों को एनएचआरसी की सलाह के बावजूद देश के कई हिस्सों से ऐसी दुखद घटनाओं की सूचना मिल रही है। सीवेज कर्मचारियों को अभी भी अत्यधिक खतरे का सामना करना पड़ रहा है।