मनमानी वसूली पर कार्रवाई: चंडीगढ़ में छह अस्पतालों को नोटिस, कहा- 15 दिन के भीतर मरीजों को लौटाएं पैसे
स्वास्थ्य विभाग ने अधिक वसूली की जांच के लिए एक कमेटी का गठन किया था। जिसकी जांच में पूरे मामले का खुलासा हुआ। इसके बाद ही चंडीगढ़ स्वास्थ्य विभाग ने छह अस्पतालों को नोटिस जारी किया। वहीं मरीजों को अधिक वसूली गई राशि वापस करने का फरमान भी सुना दिया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चंडीगढ़ प्रशासन के आदेश की अवहेलना कर कोरोना के मरीजों से अधिक पैसे वसूलने वाले शहर के छह अस्पतालों को स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार को नोटिस जारी कर दिया। नोटिस के माध्यम से स्वास्थ्य विभाग ने इन अस्पतालों को निर्देश दिया है कि वह मरीजों से वसूली गई अधिक राशि तुरंत वापस करें। जिन छह अस्पतालों को स्वास्थ्य विभाग ने नोटिस भेजा है, उनमें सिटी हॉस्पिटल, संतोख हॉस्पिटल, ईडन हॉस्पिटल, केयर हॉस्पिटल, मुकुट हॉस्पिटल और हीलिंग हॉस्पिटल शामिल हैं। हालांकि इन अस्पतालों के प्रबंधकों का कहना है कि उनकी तरफ से किसी मरीजों से कोई अधिक राशि नहीं ली गई है। वहीं दूसरी तरफ स्वास्थ्य विभाग ने इन अस्पतालों के लिए 15 दिन के अंदर ऐसे सभी मरीजों को पैसे वापस लौटाने को कहा है।
स्वास्थ्य विभाग की निदेशक डॉ. अमनदीप कंग ने बताया कि निजी अस्पतालों की मनमानी की जांच के लिए उनके द्वारा एक कमेटी बनाई गई है। यह कमेटी लगातार अलग-अलग अस्पतालों की जांच कर रिपोर्ट तैयार कर रही है। जांच कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर शहर के छह अस्पतालों में मरीजों से तय शुल्क से ज्यादा पैसे वसूलने का मामला सामने आया है।
प्रथम दृष्टया उन सभी अस्पतालों को शीघ्र मरीजों से वसूले गए ज्यादा पैसे वापस करने को कहा गया है। इसकी अगली कड़ी में स्वास्थ्य विभाग कानूनी सलाहकार से मशविरा करके उन पर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करेगा, जिससे आगे कोई भी निजी अस्पताल मरीजों से तय मानक से ज्यादा शुल्क वसूलने से डरें।
डॉ. कंग ने बताया कि अस्पतालों को 15 दिनों के अंदर मरीजों के पैसे वापस कर उसकी रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को देनी है। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम उन मरीजों में से रैंडम चुने गए मरीजों से बात कर इसकी सत्यता की जांच करेगी।
ऐसे की गई मरीजों से अधिक वसूली
जांच रिपोर्ट के अनुसार, निजी अस्पताल में कोरोना के मरीजों से प्रतिदिन के 20000 रुपये वसूले जा रहे हैं। दवा और जांच के पैसे अलग से लिए जा रहे हैं। इसके अलावा मरीज को 500 रुपये प्रति घंटे के हिसाब से ऑक्सीजन दी जा रही है। वहीं रेमडेसिविर इंजेक्शन कई गुना ज्यादा कीमत पर मरीज को लगाया जा रहा है जबकि स्वास्थ्य विभाग से वह अस्पताल सरकारी दर पर इंजेक्शन प्राप्त कर रहा है।
हेल्पलाइन नंबर जारी, कर सकते हैं शिकायत
तय दाम से ज्यादा पैसे वसूलने वाले अस्पतालों पर शिकंजा कसने के लिए प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। इन नंबरों पर इससे संबंधित शिकायत की जा सकती है। शिकायत सही मिलने पर अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इन नंबरों पर कर सकते हैं शिकायत
- 9779558282
- 0172-2752038
- 0172-2728703
- 0172-2752063
- 0172-2549524
कुछ बिंदुओं पर भ्रम था, अब दूर कर लिया
मरीजों से अधिक पैसे वसूलने को लेकर स्वास्थ्य विभाग के साथ कुछ बिंदुओं पर भ्रम हो गया था, जिसे दूर कर लिया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने एडवाइजरी जारी की है, उसकी कॉपी हमारे पास आई है। अब तक कोई नोटिस नहीं मिला है। -डॉ. हरदीप सिंह, संतोख हॉस्पिटल।
अभी हमें कोई नोटिस नहीं मिला
मरीजों से अधिक वसूली को लेकर स्वास्थ्य विभाग की तरफ से हमें अभी कोई नोटिस नहीं मिला है। अगर नोटिस मिला तो उसका जवाब दिया जाएगा। -संजय बंसल, ईडन हॉस्पिटल।
जांच कमेटी के निर्देश का कर रहे पालन
जांच कमेटी ने निरीक्षण के बाद जो भी दिशानिर्देश दिए हैं उसका पूरी तरह से पालन हो रहा है। - मनवीर सिंह, केयर हॉस्पिटल।
अभी केवल नोटिस की सूचना मिली है
हमें अभी तक स्वास्थ्य विभाग से नोटिस नहीं मिला है। हालांकि इसकी सूचना मिल गई है। दृश्मित सिंह भुट्टर, हीलिंग हॉस्पिटल।