{"_id":"5f64440a8ebc3eb73119a040","slug":"haryana-home-minister-anil-vij-strict-action-on-police-department-working","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरियाणा गृहमंत्री अनिल विज के आदेश पुलिस मुख्यालय में हो जाते थे डंप, तो अपनाया कड़ा रुख","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरियाणा गृहमंत्री अनिल विज के आदेश पुलिस मुख्यालय में हो जाते थे डंप, तो अपनाया कड़ा रुख
Fri, 18 Sep 2020 10:52 AM IST
खुशबू गोयल
प्रवीण पाण्डेय, चंडीगढ़
प्रवीण पाण्डेय, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Fri, 18 Sep 2020 10:52 AM IST
विज्ञापन
डीजीपी से बात करते मंत्री अनिल विज
- फोटो : अमर उजाला
हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज गृह विभाग के माध्यम से जो आदेश पुलिस सुधार या प्रशासनिक स्तर पर भेजते थे। पुलिस अधिकारी उन आदेशों पर कुंडली मार कर बैठ जाते थे। यहां तक कि विधायकों की तरफ से दी जाने वाली ट्रांसफर, पोस्टिंग की अर्जियां भी डंप हो जाती थी। मामला पुराने ढर्रे पर चलता देख अनिल विज ने एक दिन पहले ही डीजीपी मनोज यादव को एडीजीपी एएस चावला से सभी चार्ज वापस लेने के लिए कहा था। साथ ही यह भी हिदायत दी थी कि किसी भी तरह मेरे आदेशों की पालना वीरवार को को 12 बजे तक हो जानी चाहिए।
अंबाला से चंडीगढ़ चलते समय पंचकूला पहुंचते ही विज ने अपने कार्यालय में फोन करके पूछा कि चावला के संदर्भ में जो आदेश डीजीपी को दिए थे, उन पर कार्रवाई का कोई पत्र आया है। जवाब में न सुनने को मिला तो विज ने अपनी गाड़ी चंडीगढ़ के बजाए पंचकूला पुलिस मुख्यालय की ओर मोड़ दी। पुलिस मुख्यालय पहुंचते ही मुख्यालय में हड़कंप मच गया। निचला स्टाफ घबरा गया और विज डीजीपी के कमरे में पहुंच गए। यहां आकर उन्होंने डीजीपी से पूछा कि उनके निर्देशों का क्या हुआ।
तब डीजीपी ने बताया कि उन्होंने आदेश कर दिए हैं और चिट्टी अनिल विज को दिखाई। विज ने इस दौरान डीजीपी को पुलिस का सिस्टम सुधारने के निर्देश दिए और निकल गए। बाहर आकर उन्होंने मीडिया को जानकारी दी। इस दौरान आसपास के कार्यालयों में भी हड़कंप मचा रहा। सेक्टर 6 में ही पुलिस मुख्यालय के पास महानिदेशक स्वास्थ्य का कार्यालय है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी डरे रहे कि मंत्री का रुख कहीं उनकी तरफ न हो जाए। जिसके बाद अस्पताल तक की व्यवस्था बढ़िया हो गई।
विज्ञापन
चूंकि विज के पास स्वास्थ्य विभाग भी है। इस वजह से विभाग के अधिकारी मुस्तैद रहे। विज के मुताबिक कई अधिकारी ऐसे हैं जो अंग्रेजों के समय से चली आ रही पुलिस प्रणाली को अभी तक अपनाएं बैठे हैं। मैने अपने विभाग की ओर से पुलिस सुधार के लिए कई पत्र लिखे। अधिकारियों से वे पत्र ही पुलिस अधीक्षकों तक नहीं भेजे। ऐसे में पुलिस के सिस्टम को सुधारना सरकार का फर्ज है। आने वाले समय में और भी सख्त निर्णय लिए जाएंगे।
विज्ञापन
अंबाला से चंडीगढ़ चलते समय पंचकूला पहुंचते ही विज ने अपने कार्यालय में फोन करके पूछा कि चावला के संदर्भ में जो आदेश डीजीपी को दिए थे, उन पर कार्रवाई का कोई पत्र आया है। जवाब में न सुनने को मिला तो विज ने अपनी गाड़ी चंडीगढ़ के बजाए पंचकूला पुलिस मुख्यालय की ओर मोड़ दी। पुलिस मुख्यालय पहुंचते ही मुख्यालय में हड़कंप मच गया। निचला स्टाफ घबरा गया और विज डीजीपी के कमरे में पहुंच गए। यहां आकर उन्होंने डीजीपी से पूछा कि उनके निर्देशों का क्या हुआ।
विज्ञापन
तब डीजीपी ने बताया कि उन्होंने आदेश कर दिए हैं और चिट्टी अनिल विज को दिखाई। विज ने इस दौरान डीजीपी को पुलिस का सिस्टम सुधारने के निर्देश दिए और निकल गए। बाहर आकर उन्होंने मीडिया को जानकारी दी। इस दौरान आसपास के कार्यालयों में भी हड़कंप मचा रहा। सेक्टर 6 में ही पुलिस मुख्यालय के पास महानिदेशक स्वास्थ्य का कार्यालय है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी डरे रहे कि मंत्री का रुख कहीं उनकी तरफ न हो जाए। जिसके बाद अस्पताल तक की व्यवस्था बढ़िया हो गई।
विज्ञापन
चूंकि विज के पास स्वास्थ्य विभाग भी है। इस वजह से विभाग के अधिकारी मुस्तैद रहे। विज के मुताबिक कई अधिकारी ऐसे हैं जो अंग्रेजों के समय से चली आ रही पुलिस प्रणाली को अभी तक अपनाएं बैठे हैं। मैने अपने विभाग की ओर से पुलिस सुधार के लिए कई पत्र लिखे। अधिकारियों से वे पत्र ही पुलिस अधीक्षकों तक नहीं भेजे। ऐसे में पुलिस के सिस्टम को सुधारना सरकार का फर्ज है। आने वाले समय में और भी सख्त निर्णय लिए जाएंगे।