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हरियाणा के शिक्षा मंत्री ने किया साफ, बोले- जेबीटी टीचर सरपल्स, सरकार नहीं करेगी नई भर्तियां
Wed, 12 Aug 2020 04:16 PM IST
खुशबू गोयल
मोहित धुपड़, चंडीगढ़
मोहित धुपड़, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Wed, 12 Aug 2020 04:16 PM IST
सार
- प्रदेश के शिक्षामंत्री ने किया साफ, विभाग के पास नहीं है जेबीटी शिक्षकों के रिक्त पद
- मई में थे 5695 पद रिक्त, छात्र-शिक्षक अनुपात बदलने से अब सरप्लस हो गए
- उधर, आंदोलन पर अड़े हैं एचटेट पास जेबीटी भर्तियों का इंतजार कर रहे युवा
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फाइल फोटो
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विस्तार
हरियाणा में लंबे अरसे से जेबीटी टीचर भर्तियों का इंतजार कर रहे एचटेट पास युवाओं की आस फिलहाल टूट गई है, क्योंकि सरकार ने ये साफ कर दिया है कि अभी शिक्षा विभाग के पास जेबीटी शिक्षकों के पद रिक्त नहीं हैं। लिहाजा जेबीटी शिक्षकों की नई भर्तियां निकालने की गुंजाइश भी अभी न के ही बराबर है। मगर, दूसरी ओर, जेबीटी भर्तियों के लिए एचटेट पास युवाओं ने आंदोलन का एलान कर रखा है।
पांच अगस्त को इन हजारों युवाओं ने सभी जिला मुख्यालयों में डीसी कार्यालयों पर सांकेतिक प्रदर्शन कर सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा था। अब ये संघर्षरत युवा अपने आंदोलन की अगली रणनीति तैयार कर रहे हैं। जिसके तहत एचटेट पास इन अभ्यर्थियों ने अब बरौदा में रोष रैली करने का निर्णय लिया है, क्योंकि इसी विधानसभा सीट पर उपचुनाव होने वाला है। रोष रैली की तारीख अभी तय की जानी है।
बताते चलें कि प्रदेश में आखिरी बार जेबीटी (जूनियर बेसिक ट्रेनिंग) टीचरों की भर्ती 2012 में करीब 9870 पदों पर हुई थी। उसके बाद विभाग ने कोई भर्ती नहीं निकाली। इसी संदर्भ में एचटेट पास युवाओं ने हाईकोर्ट में केस भी डाला हुआ है। इसी से संबंधित 20 मार्च को हुई सुनवाई में मौलिक शिक्षा निदेशालय ने हल्फनामा देकर अवगत करवाया था कि प्रदेश में 5695 पद रिक्त हैं। जिन्हें जल्द भरने के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
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मामले की अगली सुनवाई अब नवंबर में होनी है। मगर प्रदेश में अब शिक्षक - छात्र अनुपात 1:25 की बजाए 1:30 निर्धारित कर दिया गया है। जिसके बाद प्रदेश में अब जेबीटी शिक्षकों के पद सरप्लस हो गए हैं। यानी जेबीटी शिक्षकों की नई भर्तियों की संभावनाएं भी अब लगभग खत्म हो गई हैं। सरकार अब इन शिक्षकों की भर्ती नहीं करना चाहती।
शिक्षा विभाग के पास अभी जेबीटी टीचर के पद रिक्त नहीं हैं। वर्तमान में हमारा शिक्षक, छात्र अनुपात 1:30 हैं। विभाग के पास अभी जेबीटी शिक्षकों की संख्या पर्याप्त है। ऐसे में नई भर्तियां निकालने का फिलहाल कोई सवाल ही नहीं उठता। संघर्षरत युवाओं को भी इस बात को समझना होगा। सरकार सदैव उनकी हितैषी है। भविष्य में यदि जेबीटी शिक्षकों की जरूरत महसूस होती है, तो सरकार इन पदों के लिए जरूर भर्तियां निकालेगी।
- कंवरपाल गुर्जर, शिक्षामंत्री
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पांच अगस्त को इन हजारों युवाओं ने सभी जिला मुख्यालयों में डीसी कार्यालयों पर सांकेतिक प्रदर्शन कर सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा था। अब ये संघर्षरत युवा अपने आंदोलन की अगली रणनीति तैयार कर रहे हैं। जिसके तहत एचटेट पास इन अभ्यर्थियों ने अब बरौदा में रोष रैली करने का निर्णय लिया है, क्योंकि इसी विधानसभा सीट पर उपचुनाव होने वाला है। रोष रैली की तारीख अभी तय की जानी है।
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बताते चलें कि प्रदेश में आखिरी बार जेबीटी (जूनियर बेसिक ट्रेनिंग) टीचरों की भर्ती 2012 में करीब 9870 पदों पर हुई थी। उसके बाद विभाग ने कोई भर्ती नहीं निकाली। इसी संदर्भ में एचटेट पास युवाओं ने हाईकोर्ट में केस भी डाला हुआ है। इसी से संबंधित 20 मार्च को हुई सुनवाई में मौलिक शिक्षा निदेशालय ने हल्फनामा देकर अवगत करवाया था कि प्रदेश में 5695 पद रिक्त हैं। जिन्हें जल्द भरने के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
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मामले की अगली सुनवाई अब नवंबर में होनी है। मगर प्रदेश में अब शिक्षक - छात्र अनुपात 1:25 की बजाए 1:30 निर्धारित कर दिया गया है। जिसके बाद प्रदेश में अब जेबीटी शिक्षकों के पद सरप्लस हो गए हैं। यानी जेबीटी शिक्षकों की नई भर्तियों की संभावनाएं भी अब लगभग खत्म हो गई हैं। सरकार अब इन शिक्षकों की भर्ती नहीं करना चाहती।
शिक्षा विभाग के पास अभी जेबीटी टीचर के पद रिक्त नहीं हैं। वर्तमान में हमारा शिक्षक, छात्र अनुपात 1:30 हैं। विभाग के पास अभी जेबीटी शिक्षकों की संख्या पर्याप्त है। ऐसे में नई भर्तियां निकालने का फिलहाल कोई सवाल ही नहीं उठता। संघर्षरत युवाओं को भी इस बात को समझना होगा। सरकार सदैव उनकी हितैषी है। भविष्य में यदि जेबीटी शिक्षकों की जरूरत महसूस होती है, तो सरकार इन पदों के लिए जरूर भर्तियां निकालेगी।
- कंवरपाल गुर्जर, शिक्षामंत्री
भर्तियों का इंतजार कर रहे दिव्यांग ने मांगी इच्छा मृत्यु
जेबीटी भर्तियों का इंतजार कर रहे अब एचटेट पास दिव्यांग ने इच्छा मांगी है। दिव्यांग सतीश जिला भिवानी के गांव बामला का रहने वाला है। सतीश ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को शपथपत्र भेजा है। भेजे शपथपत्र में युवा सतीश ने कहा है कि वे एचटेट पास है। परिवार में वह और उसका भाई दोनों दिव्यांग है। मेरे पिता जी का देहांत हो चुका है। घर का गुजर बसर बहुत मुशकिल हो रहा है।
उम्मीद थी कि जेबीटी की भर्तियां निकलेंगी और वे अपने कोटे में इसे जरूर क्लीयर करेगा। जिसके बाद उसे रोजगार भी मिलेगा। मगर भर्तियां नहीं निकल रही है। रोजगार है नहीं, इसलिए वह अपने परिवार को चलाने में असमर्थ हो रहा है। लिहाजा वे अब इच्छा मृत्यु चाहता है। बताते चलें कि सतीश से पहले रोहतक की दिव्यांग कृष्णा भी जेबीटी भर्तियों के इंतजार में मायूस होकर अपने कैंसर ग्रस्त दिव्यांग बेटे के इलाज के लिए अपनी किडनी बेचनी की अनुमति मांग चुकी है।
एचटेट पास सर्टिफिकेट की भी खत्म हो रही है मियाद
हरियाणा में जेबीटी शिक्षकों की भर्ती के लिए एचटेट की परीक्षा क्लीयर करने की योग्यता अनिवार्य है। हर साल ये परीक्षा होती है। इस एचटेट पास सर्टिफिकेट की मियाद 7 साल होती है। हरियाणा में करीब 95 हजार युवाओं ने एचटेट की परीक्षा क्लीयर की हुई है। मगर चूंकि 2012 के बाद से जेबीटी की भर्तियां ही नहीं निकली। इसलिए धीरे-धीरे एचटेट पास युवाओं के सर्टिफिकेट भी एक्सपायर हो रहे हैं।
इसी साल 16 जुलाई को करीब 11025 एचटेट पास युवाओं के सर्टिफिकेट की मियाद खत्म हो गई। इसी तरह फरवरी 2021 तक लगभग 14 हजार और दिसंबर 2021 तक करीब 45 हजार एचटेट पास युवाओं का सर्टिफिकेट एक्सपायर हो जाएगा। जबकि 2800 के करीब एचटेट पास अभ्यर्थियों की आयु सीमा सरकारी नौकरी के लिए पार होने के कगार पर है। एचटेट पास युवाओं ने सीएम मनोहर लाल ने मांग की है कि जेबीटी शिक्षकों की भर्तियां निकाली जाए।
उम्मीद थी कि जेबीटी की भर्तियां निकलेंगी और वे अपने कोटे में इसे जरूर क्लीयर करेगा। जिसके बाद उसे रोजगार भी मिलेगा। मगर भर्तियां नहीं निकल रही है। रोजगार है नहीं, इसलिए वह अपने परिवार को चलाने में असमर्थ हो रहा है। लिहाजा वे अब इच्छा मृत्यु चाहता है। बताते चलें कि सतीश से पहले रोहतक की दिव्यांग कृष्णा भी जेबीटी भर्तियों के इंतजार में मायूस होकर अपने कैंसर ग्रस्त दिव्यांग बेटे के इलाज के लिए अपनी किडनी बेचनी की अनुमति मांग चुकी है।
एचटेट पास सर्टिफिकेट की भी खत्म हो रही है मियाद
हरियाणा में जेबीटी शिक्षकों की भर्ती के लिए एचटेट की परीक्षा क्लीयर करने की योग्यता अनिवार्य है। हर साल ये परीक्षा होती है। इस एचटेट पास सर्टिफिकेट की मियाद 7 साल होती है। हरियाणा में करीब 95 हजार युवाओं ने एचटेट की परीक्षा क्लीयर की हुई है। मगर चूंकि 2012 के बाद से जेबीटी की भर्तियां ही नहीं निकली। इसलिए धीरे-धीरे एचटेट पास युवाओं के सर्टिफिकेट भी एक्सपायर हो रहे हैं।
इसी साल 16 जुलाई को करीब 11025 एचटेट पास युवाओं के सर्टिफिकेट की मियाद खत्म हो गई। इसी तरह फरवरी 2021 तक लगभग 14 हजार और दिसंबर 2021 तक करीब 45 हजार एचटेट पास युवाओं का सर्टिफिकेट एक्सपायर हो जाएगा। जबकि 2800 के करीब एचटेट पास अभ्यर्थियों की आयु सीमा सरकारी नौकरी के लिए पार होने के कगार पर है। एचटेट पास युवाओं ने सीएम मनोहर लाल ने मांग की है कि जेबीटी शिक्षकों की भर्तियां निकाली जाए।