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दिल्ली में अशोक तंवर ने दिखाए बागी सुर, पढ़ें कांग्रेस की घमासान की कहानी

Thu, 03 Oct 2019 02:15 AM IST
ajay kumar प्रवीण पाण्डेय, अमर उजाला, चंडीगढ़
प्रवीण पाण्डेय, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Thu, 03 Oct 2019 02:15 AM IST
सार

  • तंवर ने दिखाए बागी तेवर समर्थकों को दिल्ली बुलाया, आडियो वायरल।
  • निर्मल और चित्रा की टिकट पर पुनर्विचार, आधे रास्ते से दिल्ली बुलाया।
  • चुनाव में भाजपा से लड़ने से पहले खुद से जूझ रही कांग्रेस।

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Haryana Assembly Elections, Congress Leader Ashok Tanwar showed his strength in Delhi
अशोक तंवर - फोटो : ANI

विस्तार

हरियाणा विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस में टिकटों को लेकर घमासान मच गया है। तंवर और हुड्डा की लड़ाई दिल्ली की सड़कों तक पहुंच गई है। टिकटों के बंटवारे में अनदेखी के चलते पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डा. अशोक तंवर ने अपने समर्थकों को दिल्ली बुलाकर नारेबाजी करवाई है।

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कांग्रेस मेनीफेस्टो कमेटी की चेयरमैन किरण चौधरी ने भी तेवर दिखाए। इसके अलावा कुमारी सैलजा के साथ अंबाला संसदीय सीट को लेकर फंसा पेंच अभी तक नहीं निकला है। ऐसे में कांग्रेस भाजपा से मुकाबला करने से पहले अपने घर की राजनीति में जूझ रही है।
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सूत्रों के मुताबिक दिल्ली में नेताओं ने कांग्रेस में पैसे लेकर टिकटे बांटने के भी आरोप लगाए हैं, जिसके चलते देर शाम तक कांग्रेस की सूची नहीं फाइनल हो सकी। हालांकि देर रात कांग्रेस ने अपने 84 उम्मीदवारों के नामों की घोषणा कर दी। अंबाला से पूर्व विधायक निर्मल सिंह और उनकी बेटी चित्रा सरवारा के टिकट को लेकर अड़ी कुमारी सैलजा अभी भी उनका टिकट कटवाने पर अड़ी हैं। 
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सैलजा-हुड्डा के बीच फंसी अंबाला कैंट सीट
अंबाला कैंट सीट कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष व पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के बीच फंसकर रह गई है। हुड्डा यहां से अपने करीबी पूर्व मंत्री निर्मल सिंह की बेटी चित्रा को टिकट दिलाना चाह रहे हैं तो सैलजा अपना लोकसभा क्षेत्र होने के कारण अपने नजदीकियों व विश्वासपात्रों को टिकट देना चाह रही हैं। इसलिए कैंट सीट पर उम्मीदवार घोषित नहीं किया गया है। टिकट वितरण में हुड्डा की चली है और वह अपने करीबियों को टिकट दिलाने में सफल हुए हैं। ऐसे में टिकट वितरण पर उंगली उठा रहे पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अशोक तंवर की नाराजगी और बढ़ सकती है। तंवर ने टिकट के लिए 80 समर्थकों की सूची हाईकमान को सौंपी थी।

कभी सैलजा के सारथी होते थे निर्मल सिंह
निर्मल सिंह अंबाला लोकसभा चुनाव में कुमारी सैलजा के सारथी होते थे। उस समय निर्मल सिंह ने सैलजा को जितवाने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी, लेकिन राजनीति अपनी जगह है। बताया जा रहा है सैलजा यहां से अपने किसी अन्य करीबी को टिकट दिलवाना चाह रही हैं।

कांग्रेस का नाश करने में कुछ लोग लगे : तंवर

डा. अशोक तंवर का एक ऑडियो वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मुख्यालय पहुंचने के लिए कहा है। उन्होंने कहा है कि पार्टी का नाश करने के लिए कुछ लोग लगे हैं। ऐसे में अपने आप को भी बचाएं और कांग्रेस को भी बचाएं। जिसके बाद तंवर समर्थकों ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को लेकर जमकर नारेबाजी की। हरियाणा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अशोक तंवर के समर्थक दिन भर दिल्ली में पार्टी कार्यालय पर हंगामा कर विरोध जताते रहे परंतु कांग्रेस की पहली लिस्ट में उनको मायूसी मिली।

अशोक तंवर ने कहा टिकट मिला तो ठीक नहीं तो खुद चुनाव लड़ो
तंवर समर्थकों ने टिकट पाने की अंतिम कोशिश में कांग्रेस मुख्यालय पर प्रदर्शन कर नारेबाजी की। तंवर ने बागी तेवर अख्तियार करते हुए समर्थकों को कहा है कि टिकट मिला तो ठीक नहीं तो पर्चा भरो चुनाव लड़ो।

तंवर ने अंतिम हथियार के तौर पर अपने समर्थकों को मैदान में उतारने का एलान कर दिया है। तंवर लगातार बैठके कर अपने समर्थकों को टिकट दिलवाने के प्रयास में हैं। तंवर की मंशा है कि उनके लोकसभा क्षेत्र के अलावा हरियाणा में अन्य क्षेत्रों में भी उनके प्रत्याशी उतारे जाएं। ऐसे में अब देखना होगा कि अशोक तंवर क्या रणनीति अपनाते हैं।

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