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पीएम मोदी को हरसिमरत का पत्र: श्री करतारपुर साहिब को भारत में मिलाने की अपील, जमीन अदला-बदली का दिया सुझाव
Tue, 09 Nov 2021 10:16 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 09 Nov 2021 10:16 PM IST
सार
पंजाब में करतारपुर कॉरिडोर खोलने की मांग तेज होने लगी है। इस संबंध में पूर्व केंद्रीय मंत्री व बठिंडा से सांसद हरसिमरत कौर बादल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र लिखा है। उन्होंने कॉरिडोर को खोलने और श्री करतारपुर साहिब को भारत में मिलाने की अपील की। इसके लिए जमीन की अदला-बदली का सुझाव दिया।
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हरसिमरत कौर बादल।
- फोटो : फाइल
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विस्तार
पूर्व केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा। उन्होंने करतारपुर कॉरिडोर खोलने की अपील की। पत्र में उन्होंने करतारपुर कॉरिडोर को भारत में मिलाने के लिए पाकिस्तान से जमीन की अदला-बदली करने का सुझाव दिया है।
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उन्होंने पत्र में इसके लिए हुसैनीवाला गांव एक्सचेंज किए जाने का उदाहरण भी दिया है। प्रधानमंत्री को लिखे अपने दो पन्नों के पत्र में सांसद ने लिखा है कि श्री करतारपुर साहिब को भारत में मिलाने के लिए जमीन की अदला-बदली का प्रस्ताव पहली बार शिअद ने 1948 में रखा था।
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1969 में भारत के तत्कालीन प्रधानमंत्री ने औपचारिक रूप से पाकिस्तान सरकार से जमीन के इस आदान-प्रदान के लिए उस पैटर्न पर सहमति व्यक्त की, जिसका पालन दोनों देशों ने फिरोजपुर सेक्टर में शहीद-ए-आजम की शहादत स्थल के संबंध में किया था। दुर्भाग्य से इस प्रस्ताव को पाकिस्तान सरकार और तत्कालीन कांग्रेस सरकार दोनों ने खारिज कर दिया था। इसके बाद पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की प्रसिद्ध लाहौर बस यात्रा और अपने पाक समकक्ष नवाज शरीफ के साथ बैठकों के दौरान यह मुद्दा फिर से चर्चा में आया।
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पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के लगातार प्रयास के बाद भारत और पाकिस्तान की सरकारें 1998 में इस संबंध में विचार करने पर सहमत हुईं, जिससे करतारपुर कॉरिडोर खोलने के लिए आपसी सहमति बनी। उन्होंने प्रधानमंत्री से व्यक्तिगत रूप से करतारपुर कॉरिडोर को फिर से खोलने में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया। उन्होंने भूमि अदला-बदली के प्रस्ताव को आगे बढ़ाने और पाकिस्तान के साथ इस मुद्दे को उठाने का आग्रह किया है।