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हरियाणाः 50 हजार तक के गैर कृषि ऋणदाता भी उठा सकेंगे वन टाइम सेटलमेंट का लाभ
Wed, 08 Jan 2020 12:48 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 08 Jan 2020 12:48 AM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : social media
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हरियाणा सरकार ने उन लोगों को भी वन टाइम सेटलमेंट स्कीम का लाभ देने का निर्णय लिया है, जिन्होंने 50 हजार तक के गैर कृषि ऋण लिए हुए हैं। ये ऋणदाता यदि चाहें तो इस योजना के तहत अपने ऋण बकाया का वन टाइम सेटलमेंट के जरिए कर मुक्त हो सकते हैं। इस योजना की अंतिम तिथि भी बढ़ाकर 31 जनवरी कर दी गई है। इस योजना का लाभ उठाने के बाद किसानों व अन्य ऋणदाताओं को आगामी तौर पर खाद इत्यादि खरीदने के लिए ब्याज मुक्त ऋण लेने में किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी।
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सहकारिता मंत्री डा. बनवारी लाल ने उक्त जानकारी चंडीगढ़ में दि-हरियाणा राज्य सहकारी अपैक्स बैंक लि. (हरको) के अधिकारियों की एक बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। इस मौके पर सहकारिता विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री संजीव कौशल भी उपस्थित रहे।
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बैठक के दौरान सहकारिता मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य में सहायक रजिस्ट्रार सहकारी समितियां कार्यालय के अंतर्गत पंजीकृत होने वाली सहकारी संस्थाओं के खाते सहकारी बैंकों में होने चाहिए। इसके अलावा, हैफेड व शुगरफेड से संबंधित ऋण धारकों की समीक्षा करके एक रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। साथ ही सहकारी चीनी मिलों के अधिकारियों को इस संबंध में दिशा निर्देश दिए जाएं, ताकि ऋण धारकों व ऋण से संबंधित सही जानकारी उपलब्ध हो सकें।
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सहकारी बैंकों को लाभ में लाने का टारगेट
अधिकारियों ने भी दावा किया है कि 31 मार्च के बाद राज्य के सभी 19 जिला केंद्रीय सहकारी बैंक लाभ की स्थिति में होंगे और इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। आगामी 31 मार्च तक बैंक की मोबाइल बैंकिंग सेवा शुरू कर दी जाएगी। इसके अलावा, सहकारी बैंक कोर बैंकिंग सोल्यूशन मोड के तहत कार्य कर रहा है, तो वहीं, आरटीजीएस व एनईएफटी सेवाएं भी दी जा रही है।
बैठक में सहकारिता विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजीव कौशल ने बैंक के अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुराने ऋणदाताओं से बकाया वसूल किया जाए। उन्होंने यह भी बैंक के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे पेंशनरों को डेबिट कार्ड मुहैया करवाने के लिए कदम उठाएं ताकि पेंशनरों को राशि निकलवाने में दिक्कत न हो।
बैठक में बताया गया कि गत 31 दिसंबर 2019 तक हरको बैंक में कुल जमा राशि लगभग 3900 करोड़ रुपये हैं और कुल वर्किंग फंड लगभग 9000 करोड़ रुपये हैं। इसी प्रकार, जिला केन्द्रीय सहकारी बैंकों में 31 मार्च 2019 तक कुल जमा राशि लगभग 8692 करोड़ रुपये हैं और कुल वर्किंग फंड लगभग 17644 करोड़ रुपये हैं।