पांच जोन में बांटा जाएगा चंडीगढ़..फिर बनेगी रणजी टीम, एनओसी के बाद खेल पाएंगे खिलाड़ी
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बीसीसीआई से मान्यता मिलने के बाद अब यूटी क्रिकेट एसोसिएशन आगे की रणनीति बनाने में जुटी है। पंजाब और हरियाणा की तर्ज पर अब चंडीगढ़ को अंडर-14, 17,19,23, टी-20, 50-50 ओवर की टीमें बनानी होंगी। वहीं रणजी के लिए भी एसोसिएशन को कड़े प्रयास करने होंगे। एसोसिएशन ने पूरी कमर कस ली है और अगले एक दो दिन में अपने सदस्यों से बातचीत कर टीमें बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
सीसीए पंजाब का यूटी क्रिकेट एसोसिएशन में विलय हो चुका है। चंडीगढ़ से और सीसीए पंजाब के अधिकतर खिलाड़ी पंजाब की रणजी टीम में जगह बनाते आ रहे हैं। खिलाड़ी अब अपनी टीम बनने से खुश हैं। अब वह अपने होम ग्राउंड पर खेलेंगे और नेशनल टीम में जगह बनाने के लिए पूरी मेहनत करेंगे। बता दें कि 37 साल के इंतजार के बाद बीसीसीआई ने शुक्रवार को यूटी क्रिकेट एसोसिएशन को मान्यता दे दी है।
जल्द बनेगी रणजी टीम..मुकाबले भी सितंबर से हो सकते हैं शुरू
सूत्रों की मानें तो सिटी को जैसे ही रणजी टीम बनाने की हरी झंडी मिलती है तो बीसीसीआई के नियमों के मुताबिक प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। चंडीगढ़ को पांच जोन में बांटा जाएगा। हर जोन में कई सेक्टर शामिल होंगे। इसके लिए ट्रायल रखे जाएंगे। अच्छा प्रदर्शन करने वालों को कैंप में जगह दी जाएगी।
यहां पर खिलाड़ियों को दो भागों में बांटकर मुकाबले कराए जाएंगे। जिन खिलाड़ियों का प्रदर्शन शानदार होगा, उन्हें रणजी टीम में जगह दी जाएगी। वहीं चंडीगढ़ को अंडर-14, 17,19,23,टी-20, 50-50 ओवर की टीमें को बनाने की तैयारी भी तेजी से शुरू हो जाएगी। सूत्रों की मानें तो यूटीसीए अपनी टीमों के मुकाबले सितंबर तक अपने ग्राउंड पर कराने की भी योजना बना रहा है।
एनओसी लेनी होगी तभी खेल पाएंगे सिटी टीम से
चंडीगढ़ की टीम में उन्हीं खिलाड़ियों को जगह मिल पाएगी जो चंडीगढ़ के निवासी होंगे, यहां पढ़ाई की होगी और जिनका आधार कार्ड यहां के एड्रेस पर बना होगा। इसके आधार पर वह टीम में अपना दावा कर सकते हैं। दूसरे राज्यों की ओर से खेल रहे चंडीगढ़ के खिलाड़ियों को वहां से एनओसी लेनी होगी, तभी उन्हें सिटी की टीम में जगह मिलेगी।
इसी साल खेल सकती है चंडीगढ़ की टीम
ऑल इंडिया जेपी अत्रे मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट की शुरुआत1 सितंबर से सिटी में होने जा रही है। टूर्नामेंट का यह 25वां एडिशन होगा। इसके मुकाबले सेक्टर 16 क्रिकेट स्टेडियम, जीएमएसएसएस सेक्टर 26, सेंट जोंस स्कूल सेक्टर 26, ताऊ देवी लाल स्टेडियम पंचकूला, गवर्नमेंट कॉलेज रोपड़, मुल्लांपुर क्रिकेट स्टेडियम में खेले जाएंगे।
इसमें कई राज्यों की टीमें खेलती हैं। हर साल इसमें पंजाब की टीम भी हिस्सा लेती है। ऑल इंडिया जेपी अत्रे मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट के कनवीनर और यूटी क्रिकेट एसोसिएशन के सीनियर वाइस प्रेसीडेंट विवेक अत्रे ने बताया कि मेरी कोशिश रहेगी कि इस साल जेपी अत्रे मेमोरियल टूर्नामेंट में चंडीगढ़ की टीम भी खेले। समय कम है और अगर किसी कारण चंडीगढ़ की टीम नहीं बन पाती तो अगले साल से चंडीगढ़ की टीम टूर्नामेंट का हिस्सा जरूर होगी।
चंडीगढ़ के क्रिकेट स्टेडियम को मिल सकता है नया रूप
चंडीगढ़ में क्रिकेट का सबसे बड़ा सेंटर सेक्टर 16 क्रिकेट स्टेडियम है। यहां रोजाना काफी संख्या में खिलाड़ी सुबह और शाम अभ्यास करने आते हैं। स्टेडियम की 12 हजार तक क्षमता है। यहां रणजी, आईपीएल के मुकाबले कराए जाने की स्थिति में इस स्टेडियम को भी नया लुक मिलेगा।
खिलाड़ियों को दी जाएंगी बेहतरीन सुविधाएं
आईटी पार्क के पास महाजन स्कूल नाम से बेहतरीन ग्राउंड बना है। इसके मालिक सुभाष महाजन ने बताया कि वह अपना क्रिकेट ग्राउंड यूटी क्रिकेट एसोसिएशन के हवाले कर चुके हैं। यहां जितने भी मैच कराने होंगे और यहां खिलाड़ियों को बेस्ट सुविधाएं भी दी जाएंगी।