{"_id":"5b75bc4042c7926e235ae84b","slug":"ctu-s-70-buses-cut-off-invoices-by-chandigarh-police","type":"story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़ः सीटीयू ने कांस्टेबल से वसूले 1500 रूपये, फिर पुलिस ने काटे 70 बसों के चालान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़ः सीटीयू ने कांस्टेबल से वसूले 1500 रूपये, फिर पुलिस ने काटे 70 बसों के चालान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Fri, 17 Aug 2018 12:32 AM IST
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सीटीयू बस
- फोटो : file photo
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पुलिस कांस्टेबल से 10 रुपये की जगह 1500 रुपये वसूलने का खामियाजा गुरूवार को सीटीयू बसों ड्राइवरों को उठाना पड़ा। चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस ने सीटीयू की दो बसों को इंपाउंड कर दिया और 70 से ज्यादा बसों के चालान काट डाले। इस दौरान सीटीयू के ड्राइवरों में जबरदस्त गुस्सा देखने को मिला। सीटीयू वर्कर यूनियन के वाइस प्रेसिडेंट राजबीर सिंह ढिल्लों ने आरोप लगाते हुए कहा कि इससे पहले ऐसा कभी नहीं हुआ। जब से महिला पुलिस कांस्टेबल से रूट के नुकसान पर 1500 वसूले गए हैं, तब से पुलिस सीटीयू के खिलाफ एक्शन मोड में आ गई है। खास बात यह है कि चालान ड्राइवरों को ही भुगतने होंगे।
सूत्रों ने बताया कि गुरूवार सुबह से ही ट्रैफिक पुलिस एक्टिव थी। जहां भी उन्हें सीटीयू बसें मिलीं, उनकी जांच की गई। नियमों का पालन नहीं करने पर उनके चालान काटे गए। सीटीयू ड्राइवर नागेंद्र ने बताया कि उसकी बस का रूट मनीमाजरा से मोहाली तक का है। सुबह करीब नौ बजे वह जब वह सेक्टर-28 के पास पहुंचे तो ट्रैफिक पुलिस ने उन्हें रोक लिया।
सीट बेल्ट नहीं होने पर पुलिस ने उनका चालान काट दिया। उन्होंने बताया कि उनके कई साथियों से बात हुई तो पता चला कि एक नहीं बल्कि 70 से ज्यादा बसों के चालान काटे गए हैं। पहले तो उन्हें हैरानी हुई कि आखिर आज ऐसा क्या हो गया कि चंडीगढ़ पुलिस धड़ाधड़ चालान काटने लगी। बाद में किसी ने दो दिन पुरानी घटना का जिक्र किया तो चालान काटने के कनेक्शन का पता चला। डीएसपी ट्रैफिक ने बताया कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है। उनकी ड्यूटी वीआईपी दौरे में थी।
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क्या हुआ था बीते मंगलवार को
बीते मंगलवार को सेक्टर-26 बस स्टॉप से एक महिला कांस्टेबल अपनी किसी जानकर युवती के साथ बस में चढ़ी। युवती ने टिकट खरीदा, जबकि महिला कांस्टेबल ने टिकट नहीं खरीदा। कंडक्टर ने टिकट मांगा तो महिला कांस्टेबल ने उसे सीटीयू बस का पास दिखाया जो 12 अगस्त को रद्द हो चुका था। जब महिला से टिकट कटवाने को कहा गया तो वह तैयार नहीं हुई। लोगों के समझाने के बावजूद व जिद पर अड़ी रही।
एक महिला सवारी ने जब टिकट कटवा लेने की बात कही तो महिला कांस्टेबल उससे भी उलझ पड़ी। इस दौरान ड्राइवर ने बस रोक दी। किसी ने इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दे दी। पुलिस और सीटीयू यूनियन के लोग भी जमा हो गए। काफी समझाने-बुझाने के बाद मामले को शांत कराया गया। हालांकि कांस्टेबल के उलझने से सीटीयू के 60 किलोमीटर के रूट का नुकसान हुआ। इसके एवज में सीटीयू ने महिला कांस्टेबल से 1500 रुपये वसूल लिए।
पुलिसकर्मियों को बनवाना होगा 200 रुपये का मंथली पास
सीटीयू बस सफर में अब पुलिस वालों से 200 रुपये का मासिक पास बनवाना पड़ेगा। सीटीयू के सब डिवीजनल मैनेजर ने इस संबंध में डीजीपी को पत्र लिखकर यह जानकारी दी है। बता दें कि पहले सीटीयू ने पहने मासिक पास का किराया बढ़ाकर 250 रुपये कर दिया था, जिसे बाद में घटाकर 150 रुपये कर दिया गया था। अब सब डिवीजनल मैनेजर की ओर से डीजीपी के भेजे गए पत्र में कहा गया है कि पुलिसकर्मियों से अब मासिक पास के 200 रुपये और अन्य सरकारी कर्मचारियों से हम 300 रुपये लिए जाएंगे। वहीं, पत्र में पुलिस से एक करोड़ रुपये पुराने बकाए किराए की मांग की गई है।
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सूत्रों ने बताया कि गुरूवार सुबह से ही ट्रैफिक पुलिस एक्टिव थी। जहां भी उन्हें सीटीयू बसें मिलीं, उनकी जांच की गई। नियमों का पालन नहीं करने पर उनके चालान काटे गए। सीटीयू ड्राइवर नागेंद्र ने बताया कि उसकी बस का रूट मनीमाजरा से मोहाली तक का है। सुबह करीब नौ बजे वह जब वह सेक्टर-28 के पास पहुंचे तो ट्रैफिक पुलिस ने उन्हें रोक लिया।
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सीट बेल्ट नहीं होने पर पुलिस ने उनका चालान काट दिया। उन्होंने बताया कि उनके कई साथियों से बात हुई तो पता चला कि एक नहीं बल्कि 70 से ज्यादा बसों के चालान काटे गए हैं। पहले तो उन्हें हैरानी हुई कि आखिर आज ऐसा क्या हो गया कि चंडीगढ़ पुलिस धड़ाधड़ चालान काटने लगी। बाद में किसी ने दो दिन पुरानी घटना का जिक्र किया तो चालान काटने के कनेक्शन का पता चला। डीएसपी ट्रैफिक ने बताया कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है। उनकी ड्यूटी वीआईपी दौरे में थी।
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क्या हुआ था बीते मंगलवार को
बीते मंगलवार को सेक्टर-26 बस स्टॉप से एक महिला कांस्टेबल अपनी किसी जानकर युवती के साथ बस में चढ़ी। युवती ने टिकट खरीदा, जबकि महिला कांस्टेबल ने टिकट नहीं खरीदा। कंडक्टर ने टिकट मांगा तो महिला कांस्टेबल ने उसे सीटीयू बस का पास दिखाया जो 12 अगस्त को रद्द हो चुका था। जब महिला से टिकट कटवाने को कहा गया तो वह तैयार नहीं हुई। लोगों के समझाने के बावजूद व जिद पर अड़ी रही।
एक महिला सवारी ने जब टिकट कटवा लेने की बात कही तो महिला कांस्टेबल उससे भी उलझ पड़ी। इस दौरान ड्राइवर ने बस रोक दी। किसी ने इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दे दी। पुलिस और सीटीयू यूनियन के लोग भी जमा हो गए। काफी समझाने-बुझाने के बाद मामले को शांत कराया गया। हालांकि कांस्टेबल के उलझने से सीटीयू के 60 किलोमीटर के रूट का नुकसान हुआ। इसके एवज में सीटीयू ने महिला कांस्टेबल से 1500 रुपये वसूल लिए।
पुलिसकर्मियों को बनवाना होगा 200 रुपये का मंथली पास
सीटीयू बस सफर में अब पुलिस वालों से 200 रुपये का मासिक पास बनवाना पड़ेगा। सीटीयू के सब डिवीजनल मैनेजर ने इस संबंध में डीजीपी को पत्र लिखकर यह जानकारी दी है। बता दें कि पहले सीटीयू ने पहने मासिक पास का किराया बढ़ाकर 250 रुपये कर दिया था, जिसे बाद में घटाकर 150 रुपये कर दिया गया था। अब सब डिवीजनल मैनेजर की ओर से डीजीपी के भेजे गए पत्र में कहा गया है कि पुलिसकर्मियों से अब मासिक पास के 200 रुपये और अन्य सरकारी कर्मचारियों से हम 300 रुपये लिए जाएंगे। वहीं, पत्र में पुलिस से एक करोड़ रुपये पुराने बकाए किराए की मांग की गई है।