2 वारदातें, दोनों डकैती, 10 समानताएं
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंचकूला के एमडीसी स्वास्तिक विहार के रजत ज्वेलर्स में हुई डकैती में शामिल बदमाश खुड्डा अलीशेर में एसबीपी की कैश वैन से 5 लाख की डकैती में भी शामिल थे।
चंडीगढ़ पुलिस का मानना है कि यह बात स्पष्ट हो गई है कि दोनों वारदातों में एक ही गिरोह के सदस्य शामिल हैं। मंगलवार को ऑपरेशन सेल की टीम एमडीसी में आभूषण विक्रेता आशी खन्ना से पूछताछ की।
लैपटॉप के माध्यम से उन्हें खुड्डा अलीशेर लूट में इस्तेमाल हुए कुछ तेजधार हथियारों की तस्वीर दिखाई गईं। ये हथियार बदमाश खुड्डा अलीशेर की वारदात में सुरक्षाकर्मियों से झगड़ते हुए मौके पर छोड़ गए थे।
दोनों वारदातों में एक ही तरीके के हथियार प्रयोग किए गए
आशी खन्ना ने बताया इस तरह के हथियार सोमवार को बदमाश उनके यहां पर भी लेकर आए थे। ऑपरेशन सेल के कर्मचारियों ने उन्हें कुछ संदिग्ध लोगों की तस्वीरें भी दिखाईं।
इसके साथ ही सीसीटीवी फुटेज भी दिखाई, जिससे नकाबपोश बदमाश की तस्वीर थी। हालांकि खन्ना बदमाशों के मुंह ढके होने के कारण उन्हें पहचान नहीं सके।
मालूम हो कि खुड्डा अलीशेर की वारदात के बाद चंडीगढ़ पुलिस ने एमडीसी से सीसीटीवी फुटेज देखी थी, जिसमें बदमाशों की तस्वीर आई थी।
मालूम हो कि 27 जून को खुड्डा अलीशेर में वारदात करने के लिए बदमाश भी एमडीसी गए थे, जहां पर उन्होंने फॉर्च्यूनर गाड़ी छोड़ी थी।
अब मोहाली पुलिस अलर्ट
चंडीगढ़ और पंचकूला के बाद अब मोहाली पुलिस भी अलर्ट हो गई है। पुलिस को शक है कहीं मोहाली में भी यह गिरोह वारदात को अंजाम न दे दे।
जांच में एक बात सामने आई है कि यह गिरोह उन जगहों पर वारदातों को अंजाम देता है जहां पर आवाजाही कम होती है। खुड्डा अलीशेर गांव में जहां पर कैश वैन से 5 लाख लूटे गए थे वह एरिया भी सूना रहता है। यह गांव शहर की सीमा पर ही है।
दोनों वारदातों में एक गिरोह के शामिल होने की संभावना है। बदमाशों की तलाश जारी है।
डा. सुखचैन सिंह गिल, एसएसपी, चंडीगढ़
ये समानताएं हैं दोनों डकैतियों में
-छह लोगों से ज्यादा डकैत वारदात करने आए
- दोनों मामलों में लूट की गाड़ी का इस्तेमाल हुआ
- दोनों जगह एक डकैत के पास पिस्तौल थी जबकि अन्य के पास दराती जैसे तेजधार हथियार
- वारदात करने का तरीका भी एक जैसा था। दोनों ही कम आवाजाही वाली जगह थी
- दोनों में कार स्टार्ट करके कुछ लोग बाहर खड़े थे
- एक वारदात में नकाब पहनकर आए, दूसरी वारदात में हेलमेट
- सभी 25 से 35 साल की उम्र के थे
- वे पंजाबी और हिंदी बोल रहे थे
- दोनों वारदातों में मनसा देवी कांप्लेक्स (एमडीसी) मुख्य रहा
- दोनों वारदातों में अच्छी तरह से रेकी की गई थी। खुड्डा अलीशेर में जब डकैती की गई तो वहां 67 लाख रुपये थे। इसी तरह रजत ज्वेलर्स में दो करोड़ की ज्वेलरी थी।
सुरक्षा की जगह सलाह दे रही है चंडीगढ़ पुलिस
पंचकूला में रजत ज्वेलर्स की दुकान में हुई डकैती के बाद चंडीगढ़ के ज्वेलर्स भी दशहत में हैं। वहीं पुलिस सुरक्षा देने की जगह उन्हें सलाह दे रही है। शहर में मंगलवार को थाना प्रभारियों ने अपने-अपने एरिया के ज्वेलर्स के साथ बैठक की।
सेक्टर-36 पुलिस थाना प्रभारी भूपेंद्र सिंह ने ऐसी ही बैठक में कहा कि ज्वेलर्स अपनी दुकानें खोलने और उन्हें बंद करने का एक ही समय रखे। बैठक में यह भी कहा गया कि ज्वेलर्स अपने प्राइवेट गार्ड तैनात करे।
ज्वेलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव सहदेव ने बताया कि उन्होंने पुलिस से शाम 4 से रात 8 बजे तक मार्केट में गश्त बढ़ाने की मांग की गई है। इस समय ही बाजार में ज्यादा भीड़ होती है।
इस दौरान संदिग्ध और रेकी करने वाले लोगों पर नजर रखी जा सकती है। सहदेव ने कहा कि सुरक्षा के लिए व्यापारी पुलिस को हर तरह का सहयोग देने के लिए तैयार है।
20 मिनट में खेल गए लूट का खेल
दोपहर 03:28 बजे
सेक्टर-5 एमडीसी स्थित स्वास्तिक विहार के रजत ज्वेलरी शोरूम के आगे क्रूज कार आकर रूकी। इसमें से हेलमेट पहने 4 डकैत बाहर उतरे। हेलमेट पहने चार बदमाश शोरूम के अंदर गए थे, जबकि उनके तीन-चार साथी बाहर दूसरी गाड़ी में इंतजार कर रहे थे।
03:30 बजे
चारों डकैत शोरूम में दाखिल हुए। अंदर शोरूम मालिक आंशि खन्ना (60) और उनके दो कर्मचारी सतीश व जतिन मौजूद थे। डकैतों ने अंदर मौजूद मालिक सहित तीनों लोगों को गन प्वाइंट पर लेकर बंधक बना लिया।
03:46 बजे
दो डकैतों ने जतिन व सतीश पर मिर्च पाउडर फेंका और उन्हें कुर्सियों से बांध दिया। इसके बाद गहने जमा करने लगे। इस बीच जब आंशि खन्ना ने विरोध किया तो उनके सिर के पीछे दराती से वार कर लहूलुहान कर दिया गया और उन्हें भी कुर्सी से बांध दिया। बंधक बनाने के लिए डकैत अपने साथ कपड़े भी लाए थे। तीनों को बंधक बनाने के बाद तसल्ली से गहने जमा किए। काउंटर से कैश लिए और वहीं से शोरूम मालिक की स्विफ्ट की चाबी।
03:48 बजे
डकैतों के जाने के बाद आंशि खन्ना अपना बंधन छुड़ाकर बाहर आए और शोर मचाया। शोरूम की पार्किंग से जब स्विफ्ट मेन सड़क पर आई तो एक युवक ने गाड़ी के सामने वाले शीशे पर ईंट मारी, जिससे वह टूट गया। इसके बावजूद बदमाशों ने गाड़ी इतनी तेज भगाई कि ईंट मारने वाले युवक लड्डन को भी पीछे हटना पड़ा।
12 बड़ी वारदात अब तक अनसुलझी
पंचकूला जिले में करीब 12 बड़ी वारदात अब तक अनसुलझी हैं। सबसे ज्यादा आतंक जैन गैंग व एटियोस ने मचाया।
- तीन माह पहले इंडस्ट्रियल एरिया में गोली मारकर डेढ़ लाख लूटे।
- 9 दिसंबर को बद्दी-सिसवां रोड पर पौने दो करोड़ की लूट।
- 31 अक्तूबर 2013 को सेक्टर-5 में कैश सिक्योरिटी एजेंसी की वैन से साढ़े 13 लाख की लूट।
- गत वर्ष अक्तूबर में पिंजौर के अमरावती में बैंक के सामने पेट्रोल पंप कारिंदों से 16 लाख रुपये की लूट।
- गत वर्ष 17 जनवरी को सेक्टर-14 में एक व्यक्ति के पैर पर गोली मारकर 17 लाख रुपये की लूट।
- फरवरी 2012 में सेक्टर-14 से छह लाख रुपये की लूट।
- 2012 में ही सेक्टर-12 में युवक को गोली मारकर 10 लाख की लूट।
- नवंबर 2009 में बिजली विभाग से 18 लाख की लूट।
- 16 अगस्त 2009 को सेक्टर-5 स्थित पेट्रोल पंप पर ढाई लाख की लूट।
- 2008 अमरटैक्स चौक पर बर्कले के कर्मचारी को गोली मारकर चार लाख की लूट।
- जुलाई 2008 में सेक्टर-4 के पेट्रोल पंप से सात लाख की लूट।
- मार्च 2008 में विशाल मेगा मार्ट के नजदीक साढ़े चार लाख की लूट।
पंचकूला डकैतीः शक की सूई दो ग्राहकों पर
धोखे से चेन खरीद कर गए थे दो ग्राहक
रजत ज्वेलर्स में वारदात को अंजाम देने में एक महिला और उसके साथी का हाथ हो सकता है, जो कुछ समय पहले यहां से धोखे से एक चेन खरीदकर ले गए थे। शोरूम मालिक द्वारा शक जताने के बाद पुलिस की जांच भी इसी दिशा में घूम गई है।
दरअसल, करीब दो महीने पहले एक महिला रजत ज्वेलर्स से सोने की चेन खरीदी थी। उसके साथ एक युवक भी था। चेन लेने के बाद महिला ने 12 हजार रुपये का चेक दिया, लेकिन यह चेक बैंक में बाउंस हो गया।
इसके बाद शोरूम मालिक ने महिला से मोबाइल पर संपर्क किया। महिला ने जवाब दिया कि उसके पास पैसे नही हैं। वह थोड़े-थोड़े पैसे देकर हिसाब चुकता कर देगी। इस बीच महिला के साथ आने वाला युवक चार-पांच बार शोरूम में आया।
युवक का चेक हो गया था बाउंस
शोरूम संचालक रजत खन्ना ने बताया कि वह युवक कई बार आया और भरोसा देता रहा कि वह पैसे दिला देगा। वह चेक बाउंस होने का केस न कराएं। दो दिन पहले भी वह युवक शोरूम में आया था और यही बात कहकर चला गया।
हो सकता है कि वह रेकी कर रहा हो। रजत के अनुसार, महिला एमडीसी की ही एक सोसाइटी में रहती थी, जो काफी दिनों से लापता है। ऐसे में शक और भी गहरा होता जा रहा है।
शोरूम से लेकर कार तक की थी जानकारी
वारदात को अंजाम देने वाले बदमाश शातिर हैं और रेकी भी जबरदस्त की गई। शोरूम से स्विफ्ट की चाबी उठाने के बाद उन्होंने शोरूम मालिक या किसी कारिंदे से नहीं पूछा की कौन सी गाड़ी है? सीधे पार्किंग में गए और स्विफ्ट लेकर फरार हो गए। यानी वे गाड़ी के बारे में पहले से ही जानते थे।
किसी टोल से नहीं गुजरी शीशा टूटी स्विफ्ट
वारदात के बाद पुलिस ने चंडीमंदिर टोल प्लाजा, दप्पर टोल प्लाजा, माजरी चौक व रामगढ़ में लगे सीसीटीवी चेक कराए, लेकिन अभी तक की जांच में कहीं से भी शीशा टूटी हुई स्विफ्ट के गुजरने की जानकारी नहीं मिली।
ऐसे में शक यही है कि डकैत शहर में ही हैं और उन्होंने जो ठिकाना बनाया गया होगा, वहीं मौजूद हैं। इसके अलावा जीरकपुर-पटियाला रोड से भी फरार होने के चांस हैं, क्योंकि वहां सीसीटीवी नहीं हैं।