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नाबालिग को अगवा कर गैंगरेप में दो दोषियों को 20 साल कैद, जुर्माना भी लगा
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली(पंजाब)
Updated Wed, 07 Feb 2018 09:32 AM IST
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arrested
- फोटो : Demo Pics
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तीन साल पहले नाबालिग लड़की को अगवा कर गैंगरेप के मामले में जिला अदालत ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए दो युवकों को दोषी ठहराते हुए बीस साल की सुनाई है। साथ ही पचास हजार जुर्माना लगाया है। दोषियों में मुमताज निवासी बिहार व रिंगा हसदा उर्फ बबलू निवासी बिहार शामिल हैं। इन्हें धारा 363 व 376 डी में दोषी ठहराया गया । जबकि मोहम्मद अलाउदीन उर्फ मुल्लां ठेकेदार को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।
यह फैसला जिला सेशन जज अर्चना पुरी की अदालत द्वारा सुनाया गया। फैसले के बाद दोषियों को जेल दिया गया। जानकारी के मुताबिक यह मामला 26 मई 2015 को सामने आया था। लड़की के मां ने शिकायत दी थी कि जीकरपुर क्षेत्र में मजदूरी करके वह अपने परिवार को पालती है। जिस मुल्लां ठेकेदार के पास वे काम करते थे, रिंगा व मुमताज भी उसके साथी थे।
पीड़ित मां ने बताया कि उसके पांच बच्चे हैं, जिनमें से एक 14 साल की बेटी घर ही रहती थी। रिश्तेदारी में शादी होने के कारण उनकी बेटी दर्जी से कपड़े सिलवाने जा रही थी। रास्ते में मुमताज और रिंगा ने उससे गाड़ी में बैठने को कहा। परिचित होने के कारण उनकी बेटी गाड़ी में बैठ गई। इसके बाद उन्होंने प्रसाद बताकर किशोरी को जबरदस्ती लड्डू खिला दिया। किशोरी के मुताबिक, इसके बाद वह बेसुध हो गई और आरोपियों ने उसे कहीं ले जाकर गैंगरेप किया। होश में आने पर उसे धमकी दी गई किसी के सामने मुंह न खोले।
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यह फैसला जिला सेशन जज अर्चना पुरी की अदालत द्वारा सुनाया गया। फैसले के बाद दोषियों को जेल दिया गया। जानकारी के मुताबिक यह मामला 26 मई 2015 को सामने आया था। लड़की के मां ने शिकायत दी थी कि जीकरपुर क्षेत्र में मजदूरी करके वह अपने परिवार को पालती है। जिस मुल्लां ठेकेदार के पास वे काम करते थे, रिंगा व मुमताज भी उसके साथी थे।
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पीड़ित मां ने बताया कि उसके पांच बच्चे हैं, जिनमें से एक 14 साल की बेटी घर ही रहती थी। रिश्तेदारी में शादी होने के कारण उनकी बेटी दर्जी से कपड़े सिलवाने जा रही थी। रास्ते में मुमताज और रिंगा ने उससे गाड़ी में बैठने को कहा। परिचित होने के कारण उनकी बेटी गाड़ी में बैठ गई। इसके बाद उन्होंने प्रसाद बताकर किशोरी को जबरदस्ती लड्डू खिला दिया। किशोरी के मुताबिक, इसके बाद वह बेसुध हो गई और आरोपियों ने उसे कहीं ले जाकर गैंगरेप किया। होश में आने पर उसे धमकी दी गई किसी के सामने मुंह न खोले।
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साल की पहली बड़ी सजा
arrested
- फोटो : Demo Photo
ऐसे हुई दोषियों को सजा
धारा -363 किडनैपिंग में तीन साल की सजा व प्रत्येक को पांच हजार जुर्माना
धारा -376 डी गैंग रेप में बीस साल की सजा व प्रत्येक को बीस हजार जुर्माना
मां बोली इंसाफ मिला- दूसरों को भी मिलेगी नसीहत
दोषियों को सजा मिलने के बाद अमर उजाला से पीड़ित मां ने कहा कि उन्हें अदालत से इंसाफ मिला है। यह सजा अन्य लोगों के लिए एक सबक होगी। दोबारा किसी और की बेटी दरिंदों का शिकार न बने इसके लिए कड़ी सजा का होना जरूरी है। बेटी को इंसाफ दिलाने के लिए उन्होंने लंबी लड़ाई लड़ी है।
साल की पहली बड़ी सजा
नए साल में यह पहला मौका है। जब मोहाली अदालत की तरफ से किसी मामले में दोषी को बीस साल की सजा सुनाई गई है। इससे पहले वकील हत्याकांड में आठ आरोपियों को उम्र कैद की सजा सुनाई गई थी। उस समय भी उक्त अदालत ने ही फैसला सुनाया था।
धारा -363 किडनैपिंग में तीन साल की सजा व प्रत्येक को पांच हजार जुर्माना
धारा -376 डी गैंग रेप में बीस साल की सजा व प्रत्येक को बीस हजार जुर्माना
मां बोली इंसाफ मिला- दूसरों को भी मिलेगी नसीहत
दोषियों को सजा मिलने के बाद अमर उजाला से पीड़ित मां ने कहा कि उन्हें अदालत से इंसाफ मिला है। यह सजा अन्य लोगों के लिए एक सबक होगी। दोबारा किसी और की बेटी दरिंदों का शिकार न बने इसके लिए कड़ी सजा का होना जरूरी है। बेटी को इंसाफ दिलाने के लिए उन्होंने लंबी लड़ाई लड़ी है।
साल की पहली बड़ी सजा
नए साल में यह पहला मौका है। जब मोहाली अदालत की तरफ से किसी मामले में दोषी को बीस साल की सजा सुनाई गई है। इससे पहले वकील हत्याकांड में आठ आरोपियों को उम्र कैद की सजा सुनाई गई थी। उस समय भी उक्त अदालत ने ही फैसला सुनाया था।