फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   income tax inspector vishal gupta killed wife for dowry

इनकम टैक्स इंस्पेक्टर पैसा इतना प्यारा कि मार दी बीवी, अब भुगतेगा सजा

Sun, 12 Nov 2017 09:58 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला(हरियाणा)
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला(हरियाणा) Updated Sun, 12 Nov 2017 09:58 AM IST
विज्ञापन
income tax inspector vishal gupta killed wife for dowry
demo pic
हद हो गई, इनकम टैक्स इंस्पेक्टर को पैसे से इतना प्यार था कि अपनी ही जीवनसंगिनी की हत्या कर दी। मृतका के पिता ने आरोप लगाए हैं। वहीं मामले में पुलिस ने पंचकूला में कार्यरत इनकम टैक्स इंस्पेक्टर को गिरफ्तार कर शनिवार को अदालत में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। एक साल पहले ही उसकी शादी हुई थी। इसके बाद से ससुरालवाले विवाहिता को दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे थे।
विज्ञापन


पुलिस ने सेक्टर-5 थाने में मामला दर्ज किया था। पति पर आरोप है कि उसने बीएमडब्ल्यू खरीदने के लिए ससुराल वालों से 15 लाख रुपये देने की मांग की थी। हालांकि, इससे पहले भी लड़की के पिता ने चार लाख रुपये दिए थे। पटियाला के मथुरा कॉलोनी निवासी सुरेंद्र गर्ग ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया है कि उनकी बेटी राबिया की शादी 08 नवंबर, 2016 को सेक्टर-7 निवासी विशाल गुप्ता से हुई थी। उसने शादी में दहेज की मांग भी पूरी की, जिसमें सोने के आभूषणों के अलावा नकदी गई थी।
विज्ञापन


गर्ग ने अपनी शिकायत में बताया कि शादी के दो माह बाद ही विशाल गुप्ता उनकी बेटी को तंग करने लगा था। दहेज में और रकम मांगते हुए उसे कई बार प्रताड़ित किया गया। एक बार राबिया से 10 लाख रुपये की मांग की गई, लेकिन इसमें देरी होने पर उसे प्रताड़ित करते हुए घर से निकाल दिया गया। राबिया ने पटियाला निवासी पिता को इस बात की जानकारी दी थी, जिसके बाद उसके पिता ने अशोक कुमार नामक व्यक्ति के सामने चार लाख रुपये फिर दिए थे। इसके बाद राबिया को फिर पंचकूला भेज दिया गया था। लेकिन थोड़े दिन बाद ही उसके साथ मारपीट की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

बीएमडब्ल्यू के लिए मांगे थे 15 लाख

income tax inspector vishal gupta killed wife for dowry
wife killed for dowry - फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
सुरेंद्र गर्ग ने बताया कि बेटी ने मुझे फोन कर बताया कि मुझसे फिर 15 लाख रुपये की मांग की जा रही है। जब इस बारे में पूछा गया तो विशाल ने अपने ससुर से कहा कि मुझे बीएमडब्ल्यू गाड़ी खरीदनी है, जिसके लिए 15 लाख रुपये चाहिए। लेकिन इतनी बड़ी रकम चुकाने में असमर्थता जताने पर विशाल ने कहा कि मैं राबिया को अपने साथ नहीं रखूंगा। इसके बाद दोबारा पिता ने अपने रिश्तेदारों और दोस्तों से सात लाख रुपये इकट्ठा कर विशाल को दिए, लेकिन कुछ समय पर फिर पुराने हालात पैदा हो गए।

दो दिन पहले पीजीआई में राबिया की हुई थी मौत
आठ नवंबर को राबिया के पिता सुरेन्द्र अपने बेटे और पत्नी के साथ विशाल के सेक्टर-7 स्थित घर पर पहुंचे। विशाल ने शराब पी रखी थी, इसलिए उसने अगले दिन राबिया को भेजने को कहा। नौ नवंबर को राबिया पटियाला से विशाल के पास सेक्टर-7 पहुंची। राबिया का फिर फोन आया कि मेरी तबियत ज्यादा खराब है। सूचना मिलते ही राबिया के परिजन पंचकूला के लिए रवाना हो गए,

इसी बीच विशाल ने फोन कर बताया कि राबिया को पीजीआई ले जा रहे हैं। शाम करीब 5.30 बजे पीजीआई पहुंचने पर देखा तो राबिया बेहोश थी और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों ने आशंका जताई कि राबिया को विशाल गुप्ता ने दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर जहर देकर मार दिया है। इस आधार पर पुलिस ने आरोपी पति के खिलाफ 304बी के तहत केस दर्ज किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed