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करोड़ों की धोखाधड़ी में ठेकेदार गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Wed, 12 Feb 2014 01:36 AM IST
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जिला पुलिस की एनआरआई विंग ने कनाडा निवासी एनआरआई बिल्डर हरीश गुप्ता से दो करोड़ 36 लाख 54 हजार की धोखाधड़ी करने के आरोप में एक ठेकेदार को गिरफ्तार किया है। ठेकेदार का नाम अशोक गुप्ता है।
पुलिस ने अशोक गुप्ता को उसके पटियाला स्थित मकान से काबू किया। इसके बाद आरोपी को जिला अदालत में पेश किया गया, जहां से आरोपी को दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
इस संबंध में मोहाली सिटी पुलिस ने अशोक गुप्ता एवं उसकी कंपनी के हिस्सेदार रिश्तेदार नंदलाल, ईश गुप्ता और आशीष गुप्ता के खिलाफ 20 जनवरी को केस दर्ज किया था। अशोक गुप्ता की एचआर बिल्डकोन प्राइवेट लिमिटेड पंचकूला के नाम पर कंपनी है।
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उसने हरीश गुप्ता की कंपनी त्रिशला बिलटेक प्राइवेट लिमिटेड जीकरपुर द्वारा नाभा में बनाए जा रहे 12 मंजिला फ्लैटों का काम लिया हुआ था। परंतु इस दौरान उसने काम करने में गेम कर दी। फ्लैटों का कामों अधूरा रखा हुआ था। जबकि कुछ काम किया, तो वह भी बिल्कुल निचले स्तर का था।
ऐसे में जब त्रिशला कंपनी ने अशोक से दो करोड़ रुपये की राशि वापस मांगी। साथ ही समझौते को खत्म करने की बात की, तो अशोक ने हरीश गुप्ता को परेशान करना शुरू कर दिया। इसके बाद उन्होंने मामला दर्ज कराया गया था।
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पुलिस ने अशोक गुप्ता को उसके पटियाला स्थित मकान से काबू किया। इसके बाद आरोपी को जिला अदालत में पेश किया गया, जहां से आरोपी को दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
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इस संबंध में मोहाली सिटी पुलिस ने अशोक गुप्ता एवं उसकी कंपनी के हिस्सेदार रिश्तेदार नंदलाल, ईश गुप्ता और आशीष गुप्ता के खिलाफ 20 जनवरी को केस दर्ज किया था। अशोक गुप्ता की एचआर बिल्डकोन प्राइवेट लिमिटेड पंचकूला के नाम पर कंपनी है।
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उसने हरीश गुप्ता की कंपनी त्रिशला बिलटेक प्राइवेट लिमिटेड जीकरपुर द्वारा नाभा में बनाए जा रहे 12 मंजिला फ्लैटों का काम लिया हुआ था। परंतु इस दौरान उसने काम करने में गेम कर दी। फ्लैटों का कामों अधूरा रखा हुआ था। जबकि कुछ काम किया, तो वह भी बिल्कुल निचले स्तर का था।
ऐसे में जब त्रिशला कंपनी ने अशोक से दो करोड़ रुपये की राशि वापस मांगी। साथ ही समझौते को खत्म करने की बात की, तो अशोक ने हरीश गुप्ता को परेशान करना शुरू कर दिया। इसके बाद उन्होंने मामला दर्ज कराया गया था।