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CM की चेतावनी, हिंसा व आगजनी के दोषियों को नहीं बख्शेंगे
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Fri, 01 Apr 2016 11:20 AM IST
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मनोहर लाल खट्टर
- फोटो : ANI
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हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा है कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हिंसा और आगजनी की घटनाओं की पूरी जांच करवाई जाएगी और जो व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने विश्वास दिलाया कि राज्य सरकार विद्वेष की भावना से कोई कार्य नहीं करेगी। मुख्यमंत्री वीरवार को खाप नेताओं और जाट व अन्य समुदायों के प्रतिनिधियों को संबोधित कर रहे थे, जिन्होंने हरियाणा पिछड़ा वर्ग (नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों के दाखिले में आरक्षण) विधेयक, 2016 पारित करवाने के लिए मुख्यमंत्री से भेंट कर उनका आभार व्यक्त किया।
हिंसा की समस्त घटना को दुऱ्खदायी बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 फरवरी से 22 फरवरी तक के दिन आरक्षण आंदोलन का हिस्सा नहीं थे। ऐसे व्यक्ति किसी भी जाति व वर्ग के हो सकते हैं। पिछली कांग्रेस सरकार पर प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार का उद्देश्य पिछली सरकार के उद्देश्य की तरह नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने अपने दूसरे कार्यकाल के अंतिम वर्ष के दौरान उनको आरक्षण दिया था, जबकि हमने मात्र एक वर्ष की अवधि पूरी होने के तुरंत बाद ही हरियाणा पिछड़ा वर्ग (नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों के दाखिले में आरक्षण) विधेयक, 2016 पारित करवाया है।
उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष किया गया कार्य या तो राजनीतिक रूप से प्रेरित था या उसमें राजनीतिक हित समाहित थे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने न केवल बीसी-ए और बी श्रेणियों के आरक्षण के प्रावधान को भी बनाए रखा बल्कि इस बिल के माध्यम से उनको भी और अधिक लाभ प्रदान किया है। जिन जातियों को इस बिल में शामिल नहीं किया गया वे आर्थिक पिछड़े वर्गों के तहत आरक्षण का लाभ उठा सकते हैं।
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इस अवसर पर वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि मुख्यमंत्री ने जो वायदा खाप नेताओं और जाट व अन्य समुदाय के प्रतिनिधियों से किया था उसे निभाया है और यह विधेयक सभी से बातचीत कर व परामर्श कर विधानसभा से पास करवाया गया। कृषि मंत्री ओम प्रकाश धनखड़ ने कहा कि वर्तमान सरकार ने अपनी संवेदनशीलता दिखाई है और मुख्यमंत्री ने राज्य में आंदोलन के दौरान लाठीचार्ज को कोई मंजूरी नहीं दी थी।
उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई हिंसा से समाज की गरिमा और राज्य की स्थिति पर ठेस पहुंची है। भाजपा के प्रदेशाध्याक्ष सुभाष बराला ने मुख्यमंत्री का विधानसभा में विधेयक पास करवाने के लिए धन्यवाद किया। इस मौके पर हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की चेयरमैन कृष्णा गहलावत और विधायक सुखविंद्र श्योराण, महिपाल ढांडा ने भी सम्बोधित किया।
इस अवसर पर खाप नेताओं, जाट व अन्य समुदायों के प्रतिनिधियों, जिनमें सुरेन्द्र दहिया, धर्मपाल श्योराण, तारा चन्द सांगवान, हरनारायाण बूरा, टेक राम कण्डेला, सूबे सिंह समैण, कुसुम चौधरी, सुदेश चौधरी, धर्मपाल छोत, ओम प्रकाश मान, जोगिंद्र संधु, नफे सिंह, भगत सिंह दलाल, राम कटारिया, राम दिया मेहला, कर्नल ओपी सिंह, नरेन्द्र ने मुख्यमंत्री का जाट आरक्षण विधेयक एकमत से पास करवाने के लिए धन्यवाद किया।
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हिंसा की समस्त घटना को दुऱ्खदायी बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 फरवरी से 22 फरवरी तक के दिन आरक्षण आंदोलन का हिस्सा नहीं थे। ऐसे व्यक्ति किसी भी जाति व वर्ग के हो सकते हैं। पिछली कांग्रेस सरकार पर प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार का उद्देश्य पिछली सरकार के उद्देश्य की तरह नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने अपने दूसरे कार्यकाल के अंतिम वर्ष के दौरान उनको आरक्षण दिया था, जबकि हमने मात्र एक वर्ष की अवधि पूरी होने के तुरंत बाद ही हरियाणा पिछड़ा वर्ग (नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों के दाखिले में आरक्षण) विधेयक, 2016 पारित करवाया है।
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उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष किया गया कार्य या तो राजनीतिक रूप से प्रेरित था या उसमें राजनीतिक हित समाहित थे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने न केवल बीसी-ए और बी श्रेणियों के आरक्षण के प्रावधान को भी बनाए रखा बल्कि इस बिल के माध्यम से उनको भी और अधिक लाभ प्रदान किया है। जिन जातियों को इस बिल में शामिल नहीं किया गया वे आर्थिक पिछड़े वर्गों के तहत आरक्षण का लाभ उठा सकते हैं।
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इस अवसर पर वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि मुख्यमंत्री ने जो वायदा खाप नेताओं और जाट व अन्य समुदाय के प्रतिनिधियों से किया था उसे निभाया है और यह विधेयक सभी से बातचीत कर व परामर्श कर विधानसभा से पास करवाया गया। कृषि मंत्री ओम प्रकाश धनखड़ ने कहा कि वर्तमान सरकार ने अपनी संवेदनशीलता दिखाई है और मुख्यमंत्री ने राज्य में आंदोलन के दौरान लाठीचार्ज को कोई मंजूरी नहीं दी थी।
उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई हिंसा से समाज की गरिमा और राज्य की स्थिति पर ठेस पहुंची है। भाजपा के प्रदेशाध्याक्ष सुभाष बराला ने मुख्यमंत्री का विधानसभा में विधेयक पास करवाने के लिए धन्यवाद किया। इस मौके पर हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की चेयरमैन कृष्णा गहलावत और विधायक सुखविंद्र श्योराण, महिपाल ढांडा ने भी सम्बोधित किया।
इस अवसर पर खाप नेताओं, जाट व अन्य समुदायों के प्रतिनिधियों, जिनमें सुरेन्द्र दहिया, धर्मपाल श्योराण, तारा चन्द सांगवान, हरनारायाण बूरा, टेक राम कण्डेला, सूबे सिंह समैण, कुसुम चौधरी, सुदेश चौधरी, धर्मपाल छोत, ओम प्रकाश मान, जोगिंद्र संधु, नफे सिंह, भगत सिंह दलाल, राम कटारिया, राम दिया मेहला, कर्नल ओपी सिंह, नरेन्द्र ने मुख्यमंत्री का जाट आरक्षण विधेयक एकमत से पास करवाने के लिए धन्यवाद किया।