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इन्होंने फौज छोड़कर बनाया तकनीक को हथियार
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Wed, 14 May 2014 02:53 PM IST
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देश की सुरक्षा से उनका गहरा नाता रहा...सेना की कार्प्स ऑफ इंजीनियर में रहे तो नए प्रयोगों को समझा और सेना छोड़ी तो बना दिया ऐसा सोल्यूशन, जिसने सबको कायल कर दिया। ऐसे हैं लेफ्टीनेंट कर्नल (रिटायर्ड) संजीव कौल। उन्होंने सेना छोड़ी तो सिक्योरिटी पर ध्यान केंद्रित कर दिया।
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नतीजा हुआ यह कि उनकी कंपनी ने बना दिया वर्ल्ड सिक्योरिटी एक्सचेंज। यह है पामेट्रिक्स सिक्योरिटी एक्सचेंज। यह व्यापार के साथ बड़े इंस्टीट्यूशन और एयरपोर्ट के संग आधार कार्ड के लिए अहम भूमिका निभाने की क्षमता रखता है।
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संजीव कौल ने बताया कि डब्ल्यूएसएक्स से एटीएम, पीसी और बड़े संस्थानों में एंट्री को भी पूरी तरह से सुरक्षित किया जा सकता है। वर्ल्ड सिक्योरिटी एक्सचेंज की खूबी है कि इसमें पामेट्रिक्स और बायोमीट्रिक्स का कांबिनेशन किया गया है।
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इसके माध्यम से हाथ की लकीरों से पहचान नहीं होती। इससे हाथों के भीतर का सिस्टम देखा जाता है। यह बायोमीट्रिक्स पर आधारित है। इसमें इनरोलमेंट यूनिट, आथेंटिकेशन यूनिट, पामेट्रिक्स-जनरल परपज मशीन, इंटरप्राइज एक्सचेंज, इंटरप्राइज सर्वर, सिक्योरिटी एक्सचेंज, सिक्योरिटी सर्वर होते हैं।
पामेट्रिक्स में बायोमीट्रिक सर्वर होता है। उन्होंने बताया कि इसका लाभ यह है कि जो व्यक्ति इस मशीन के साथ एकबार इनरोल हो जाएगा वह दूसरी जगह पर इसी मशीन के सामने खुद की पहचान छिपा नहीं सकेगा।
जैसे ही उसका हाथ मशीन के सामने आएगा वह मशीन व्यक्ति को पहचान लेगी। इसकी खूबी है कि यह हाथ की रेखाओं को नहीं देखता है, बल्कि हाथ के भीतरी हिस्से को स्कैन कर लेता है।
अब पूरा देश पढ़ेगा किताब
संजीव कौल सिर्फ टेक्नोलॉजी से ही ताल्लुक नहीं रखते हैं, बल्कि वह सिक्योरिटी पर किताबें भी लिख चुके हैं। उन्होंने बताया कि उनकी लिखी किताब अनआर्म्ड एंड आर्म्ड सिक्योरिटी गार्ड्स को सिक्योरिटी सेक्टर स्किल डेवलपमेंट काउंसिल द्वारा अपना लिया गया है।
इस किताब को किस्मत इंटरनेशनल पब्लिकेशन ने पब्लिश किया है। उनकी यह किताब अब बेस्ट सेलिंग बुक बन चुकी है और इसकी दस हजार प्रतियां सेल की जा चुकी हैं।
लेफ्टीनेंट कर्नल (रिटायर्ड) संजीव कौल
1-पंजाब इंजीनियिंरग कालेज से पढ़ाई की।
2-सेना के कार्प्स आफ इंजीनियर में बीस साल का एक्सपीरिएंस।
3-ब्लैक कैट कमांडो आपरेशन के बम निरोधक दस्ते में शामिल।
4-एनबीसी वारफेयर में एक्सपर्ट।
5-डीजी एनएसजी कमेंडेशन रोल से सम्मानित।
6-1977 में एनसीसी में बेस्ट कैडेट का सम्मान।
7-सिक्योरिटी लीडरशिप ऑफ द इयर का सम्मान।