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CBSE स्कूल में बेटी के दाखिले का एक नियम ये भी, जानते नहीं होंगे आप

Fri, 01 Dec 2017 07:45 AM IST
योगेंद्र त्रिपाठी/अमर उजाला, चंडीगढ़
योगेंद्र त्रिपाठी/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 01 Dec 2017 07:45 AM IST
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chandigarh private schools girl admission rule
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा मंडल (सीबीएसई) ने बेटियों के दाखिले को लेकर एक नियम जारी किया है, काफी लोग इसके बारे में नहीं जानते। की घोषणा को शहर के 83 प्राइवेट स्कूलों ने अभी तक लागू नहीं किया है। सीबीएसई ने 2008 में यह सर्कुलर जारी किया था कि अगर एक बच्ची है तो प्राइवेट स्कूल में फीस नहीं लगेगी। दो हुई तो दूसरी की फीस पर 50 फीसदी डिस्काउंट देने का सुर्कलर जारी किया था। इसमें से किसी स्कूल ने ये नियम नहीं माने है।
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वहीं, शहर के शिक्षा विभाग की ओर से भी इस पर कोई इंक्वायरी या सर्कुलर भी नहीं भेजा गया है। इस कारण प्राइवेट स्कूल इस नियम को नहीं मान रहे हैं। नौ साल बीत जाने के बाद सीबीएसई के नियम की तामील चंडीगढ़ शिक्षा विभाग ने नहीं की है। इस सुविधा का लाभ पाने के लिए स्कूल में पहली या छठी की क्लास में दाखिला अनिवार्य है। शहर के सरकारी स्कूलों में भी यह नियम लागू नहीं किए गए हैं।
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वहीं, निजी स्कूलों को शिक्षा विभाग की ओर से इस पर विचार करने के लिए कोई सर्कुलर भी नहीं भेजा गया है। सीबीएसई की ओर से बेटी बचाओ-बेटी बचाओ के लिए यह सुर्कलर अभी छह महीने पहले भी निकाल चुकी है। लेकिन इसके बाद इसे शिक्षा विभाग लागू नहीं करवा पाया है।
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ऐसे मिलना था फायदा
अभिभावकों को स्कूल में एक या दो बच्ची होने का शपथ पत्र देना होगा। शपथ पत्र में जिला मजिस्ट्रेट का हस्ताक्षर अनिवार्य माना गया है। यह शपथ पत्र डीसी ऑफिस से बनवाने पर ही मान्य होना था। लेकिन योजना की सही जानकारी और इंप्लीमेंट नहीं हो पाया है।


स्कूलों में करेंगे जांच: डीएसई
शिक्षा विभाग के डीएसई रूबिंदर जीत सिंह बराड़ ने बताया कि सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक सभी बच्चों के लिए एजूकेशन फ्री है। वहीं नौवीं से बारहवीं केलिए अगर कोई फीस में संशोधन हो सक ता है तो हम इसको लागू करेंगे। वहीं, प्राइवेट स्कूलों ने अभी तक ऐसा नहीं किया है। हम इस मुद्दे को लेकर शहर के 83 प्राइवेट स्कूलों को सर्कुलर भिजवाएंगे। अगर यह लागू नहीं हुआ तो प्राइवेट स्कूलों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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