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इस दम्पत्ति ने लिया ऐसा फैसला कि बन गए मिसाल
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Sat, 22 Mar 2014 12:28 PM IST
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शहर के एक दंपति ने अपना शरीर पीजीआई को दान करने का फैसला लिया है। दंपति ने यह फैसला तर्कशील लहर से प्रभावित होकर किया। दोनों ने इस संबंध में दस्तावेज साइन किए।
शरीर दान करने वाले सुखबीर सिंह धामी (54) पंजाब पुलिस में एएसआई के पद पर तैनात हैं। जबकि पत्नी समिंदर कौर धामी (50) सचिवालय में सीनियर असिस्टेंट के पद पर काम कर रही हैं। दोनों अपने इस कार्य से काफी खुश हैं।
उनका कहना है कि उन्हें खुशी है कि दुनिया से जाने के बाद भी उनका मृतक शरीर समाज की बेहतरी के काम आएगा। समिंदर कौर ने बताया कि एक मृतक शरीर का अंतिम संस्कार करने के लिए चार क्विंटल लकड़ी की जरूरत होती है। जो कि जंगलों के खत्म होने का सबसे बड़ा कारण है।
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लकड़ी से पर्यावरण प्रदूषित होने का खतरा भी हमेशा बना रहता है। दंपति के इस फैसले से उनकी बेटी जसप्रीत कौर भी काफी खुश हैं। इस मौके पर तर्कशील सोसाइटी की जिला इकाई के वित्त सचिव जरनैल क्रांति भी हाजिर थे।
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शरीर दान करने वाले सुखबीर सिंह धामी (54) पंजाब पुलिस में एएसआई के पद पर तैनात हैं। जबकि पत्नी समिंदर कौर धामी (50) सचिवालय में सीनियर असिस्टेंट के पद पर काम कर रही हैं। दोनों अपने इस कार्य से काफी खुश हैं।
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उनका कहना है कि उन्हें खुशी है कि दुनिया से जाने के बाद भी उनका मृतक शरीर समाज की बेहतरी के काम आएगा। समिंदर कौर ने बताया कि एक मृतक शरीर का अंतिम संस्कार करने के लिए चार क्विंटल लकड़ी की जरूरत होती है। जो कि जंगलों के खत्म होने का सबसे बड़ा कारण है।
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लकड़ी से पर्यावरण प्रदूषित होने का खतरा भी हमेशा बना रहता है। दंपति के इस फैसले से उनकी बेटी जसप्रीत कौर भी काफी खुश हैं। इस मौके पर तर्कशील सोसाइटी की जिला इकाई के वित्त सचिव जरनैल क्रांति भी हाजिर थे।