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IAS अशोक खेमका को सरकार दे सकती है बड़ी राहत
प्रवीण पाण्डेय/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Thu, 22 Oct 2015 11:22 AM IST
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हरियाणा में हुड्डा सरकार के समय से चार्जशीट का सामना कर आईएएस अशोक खेमका को भाजपा सरकार जल्द राहत दे सकती है। खेमका के दिए गए जवाब के आधार पर सरकार यह चार्जशीट खत्म कर सकती है। अभी तक सरकार का नजरिया इस पूरे मामले में को लेकर पॉजीटिव है।
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सूत्रों के मुताबिक खेमका इस संदर्भ में अपना पक्ष सरकार के सामने रख चुके हैं। गत पांच अक्तूबर को मुख्यमंत्री ने खेमका को जवाब समझने के लिए बुलाया था। जिसके बाद छह अक्तूबर को खेमका ने अपना पक्ष मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकारियों के सामने रख दिया था।
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सरकार इस मामले में जो भी फैसला ले लेकिन असलियत यह है कि जिस कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर खेमका को चार्जशीट किया गया था, उस कमेटी के गठन की नोटिंग अभी तक खेमका को नहीं मिली है। यह नोटिंग अभी तक सरकार के रिकार्ड से गायब हैं।
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पूर्व की हुड्डा सरकार के समय में तीन अधिकारियों की कमेटी का गठन किया गया था। इसने वाड्रा को क्लीन चिट देते हुए खेमका को दोषी ठहराया था। जिसके बाद 4 दिसंबर 2013 को हुड्डा सरकार ने खेमका को चार्जशीट कर दिया था।
इस संदर्भ में सरकार की ओर से मुख्य सूचना आयुक्त को यह आश्वासन दिया गया है कि एक माह के अंदर नोटिंग के कागजात खेमका को उपलब्ध करवा दिए जाएंगे। ये कागजात करीब साल भर पहले गायब हुए थे। उस समय मुख्य सचिव बने पीके गुप्ता ने भी इन कागजों का पता लगाने के लिए कमेटी बनाई थी, लेकिन अभी तक कागजों क पता नहीं चला है।
खेमका ने 12 फरवरी को दे दिया था जवाब
जिस मामले में सरकार ने चार्जशीट किया था, उसका जवाब खेमका ने 12 फरवरी 2015 को दे दिया था। सूत्रों के मुताबिक भारत सरकार के यह निर्देश हैं कि कोई भी चार्जशीट हो उसका निपटारा एक साल के अंदर होना जरूरी है। अब चार्जशीट का जवाब दिए हुए एक साल का समय बीतने में कुछ ही समय बाकी है। लिहाजा सरकार कभी भी इस पर निर्णय ले सकती है।
यह विषय कई साल से लंबित है। कुछ न कुछ फैसला तो लेना ही होगा। अब देखते हैं इस मामले में क्या करना है। जल्द ही सरकार इस मामले में निर्णय लेगी।
- मनोहर लाल खट्टर, सीएम हरियाणा