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बड़ा फरमानः 3 साल से कम आयु के बच्चों के दाखिले पर पाबंदी, उल्लघंन करने वालों की खैर
Fri, 21 Dec 2018 09:39 AM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Fri, 21 Dec 2018 09:39 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : Ready Nutrition
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तीन साल से कम आयु के मासूमों का अब निजी स्कूलों और प्ले वे में दाखिला नहीं हो पाएगा। सेकेंडरी शिक्षा विभाग ने ऐसा करने वाले निजी और प्ले स्कूलों पर नए सत्र से शिकंजा कसने का निर्णय लिया है। हालांकि यह निर्णय अभी हरियाणा में ही लागू होगा।
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निदेशक, माध्यमिक शिक्षा डॉ. राकेश गुप्ता ने अनेक शिकायतों पर तीन वर्ष से कम उम्र के नौनिहालों के दाखिले पर तत्काल प्रभाव से पाबंदी लगा दी है। चूंकि, अनेक निजी स्कूलों और प्ले वे में अगले सत्र के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जिसमें सामने आया है कि अनेक स्कूलों में तीन साल से छोटे बच्चों के दाखिला के लिए भी आवेदन लिए गए हैं।
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यह एनसीईआरटी और राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के दिशा-निर्देशों का सीधा उल्लंघन है। नर्सरी या प्ले वे में दाखिला होने से छोटी उम्र में ही बच्चों पर पढ़ाई का बोझ पड़ जाएगा, जिससे उनका बचपन खत्म हो सकता है। एनसीईआरटी और आयोग की गाइडलाइन अनुसार पांच साल से पहले प्री-स्कूल वन और प्री-स्कूल टू ही अनिवार्य है। इससे अधिक बच्चों पर कोई बोझ नहीं पड़ना चाहिए।
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जिला व खंड शिक्षा अधिकारी सुनिश्चित करें गाइडलाइन का पालन
निदेशक सेकेंडरी शिक्षा डॉ. राकेश गुप्ता ने सभी जिला व खंड मौलिक शिक्षा अधिकारियों को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि नए सत्र में तीन साल से कम उम्र के किसी भी बच्चे का दाखिला नहीं होना चाहिए। यह अनुचित है। अगर किसी स्कूल या प्ले वे में दाखिला होने की शिकायत मिलती है तो निरीक्षण कर जांच के बाद उचित कार्रवाई अमल में लाएं। उससे मुख्यालय को भी अवगत कराया जाए।