Chandigarh: चंडीगढ़ में पहली बार स्कूल स्तर पर आरक्षण, 11वीं की 85% सीटें इन विद्यार्थियों के लिए आरक्षित
कुल सीटों में से 15 प्रतिशत या करीब 2081 सीटों के लिए चंडीगढ़ के निजी स्कूलों और और अन्य राज्य और बोर्ड से पास हुए विद्यार्थियों की मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी। आरक्षित श्रेणी में सीटें बचने पर उन्हें सामान्य श्रेणी में शिफ्ट किया जाएगा।
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चंडीगढ़ के सरकारी स्कूलों से दसवीं पास करने वाले विद्यार्थियों को अब ग्यारहवीं में दाखिले के लिए मारामारी नहीं झेलनी पड़ेगी। हर साल दाखिले के दौरान होने वाली परेशानी और अभिभावकों की मांग को देखते हुए शिक्षा विभाग ने ग्यारहवीं में दाखिले के लिए चंडीगढ़ में आरक्षण नीति बना दी है। इसके तहत शहर के सरकारी स्कूलों में ग्यारहवीं की 85 प्रतिशत सीटें केवल सरकारी स्कूलों से पास होने वाले विद्यार्थियों के लिए आरक्षित होंगी।
बता दें कि चंडीगढ़ में दाखिले के लिए पहली बार स्कूल स्तर पर आरक्षण की नीति लागू की जा रही है। शिक्षा विभाग की नई नीति के मुताबिक 11वीं की 13875 सीटों में से करीब 11794 सीटों पर सरकारी स्कूल से पास होने वाले बच्चों को दाखिला मिलेगा। इसके लिए विद्यार्थियों की मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी और उसी के आधार पर उन्हें दाखिला दिया जाएगा। यह फैसला सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी राहत वाला कदम माना जा रहा है। वहीं, निजी स्कूलों से पढ़कर आए विद्यार्थियों को सरकारी स्कूल में दाखिले के लिए अब जद्दोजहद करनी होगी।
उल्लेखनीय है कि शहर में सीनियर सेकेंडरी स्कूलों की संख्या कम होने के कारण 11वीं में दाखिले के लिए विद्यार्थियों में मारामारी रहती है। शहर के परिजनों की शिकायत रहती थी कि केंद्रीयकृत दाखिला होने से शहर के बच्चों को स्कूल में दाखिला नहीं हो पाता था। वहीं, चंडीगढ़ के बाहर के विद्यार्थी स्कूल में प्रवेश कर जाते थे। ऐसा न हो इसलिए विभाग ने 85 प्रतिशत सीटें चंडीगढ़ के सरकारी स्कूलों से पास हुए विद्यार्थियों के लिए आरक्षित कर दी हैं।
कुल सीटों में से 15 प्रतिशत या करीब 2081 सीटों के लिए चंडीगढ़ के निजी स्कूलों और और अन्य राज्य और बोर्ड से पास हुए विद्यार्थियों की मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी। आरक्षित श्रेणी में सीटें बचने पर उन्हें सामान्य श्रेणी में शिफ्ट किया जाएगा। दसवीं के परिणाम के बाद विभाग की वेबसाइट https://www.chdeducation.gov.in पर स्कूलों का प्रॉस्पेक्टस अपलोड किया जाएगा। पंजीकरण शुल्क 200 रुपये होगा।
पंजाब, हरियाणा, हिमाचल समेत देश के अन्य हिस्सों के बच्चे करा लेते थे दाखिला
दरअसल, शहर के कुल 15 कॉलेजों में चंडीगढ़ से बारहवीं करने वाले बच्चों को बीए, बीबीए, बीकॉम, बीसीए (विज्ञान व गणित के सभी पाठ्यक्रम), फाइन आर्ट्स समेत स्नातक के सभी पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए 85 प्रतिशत का आरक्षण मिलता है। ऐसे में चंडीगढ़ के कॉलेजों से उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान समेत देश के अन्य हिस्सों से बड़ी संख्या में बच्चे हर साल चंडीगढ़ के स्कूलों में ग्यारहवीं कक्षा में अपना दाखिला करा लेते थे। इससे चंडीगढ़ के स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को दाखिला नहीं मिल पाता था। शहर के पैरेंट्स एसोसिएशन और अभिभावक, स्कूल संचालक लंबे समय से यह मांग कर रहे थे कि ग्यारहवीं में दाखिले के लिए शहर के बच्चों को आरक्षण दिया जाए। प्रशासन ने अब इस पर फैसला लेते हुए शहर के अभिभावकों और बच्चों को बड़ी राहत दी है।
ग्यारहवीं में किस संकाय में कितनी सीटें
संकाय सीट
साइंस (मेडिकल, नॉन मेडिकल) 3080
कॉमर्स 1980
आर्टस 7060
इलेक्टिव/ स्किल कोर्स 1755
कुल सीटें 13875
सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए 11वीं में दाखिले के लिए 85 प्रतिशत सीटें आरक्षित रहेंगी। दाखिला मेरिट के आधार पर किया जाएगा। -एचएस बराड़, स्कूल शिक्षा निदेशक, चंडीगढ़।