कभी-कभी ऐसी घटनाएं घट जाती हैं, जिनपर विश्वास करना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन सा लगने लगता है। आज से 66 साल पहले कुछ ऐसी ही घटना जापान के एक एयरपोर्ट पर घटी थी, जो आज भी एक अनसुलझी पहेली की तरह है। दरअसल, यहां एक रहस्यमय शख्स आ गया था, जो खुद को एक ऐसे देश का नागरिक बता रहा था, जो असल में धरती पर कहीं है ही नहीं। इतना ही नहीं, एक बंद कमरे से वो अचानक गायब भी हो गया था, जिसके बाद वो कभी नहीं दिखा।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
यह घटना जुलाई 1954 की है। दोपहर के 12.30 बज रहे थे। एक यूरोपीय विमान टोक्यो के हेनेडा हवाईअड्डे पर लैंड हुआ। विमान में सवार सभी यात्री नीचे उतरे और चेक आउट काउंटर की तरफ गए। वहां बैठे अधिकारी सभी यात्रियों के पासपोर्ट की जांच कर रहे थे। तभी उन्हें एक ऐसा यात्री मिला, जिसके पासपोर्ट को देख कर वो हैरान रह गए।
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यात्री के पासपोर्ट पर 'टॉरेड' नाम के एक देश का नाम लिखा हुआ था। जांच कर रहे अधिकारियों ने इससे पहले कभी ऐसे किसी देश का नाम नहीं सुना था। उन्हें वो यात्री संदिग्ध लगा, इसलिए उन्होंने इसकी सूचना सुरक्षा अधिकारियों को दी, जिसके बाद उस यात्री को पूछताछ के लिए अलग कमरे में ले जाया गया। अधिकारियों ने सबसे पहले तो उससे जापान आने का कारण पूछा। इसपर उसने बताया कि वह एक कारोबारी है और बिजनेस के सिलसिले में ही यहां आया है।
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सुरक्षा अधिकारियों ने उस रहस्यमय यात्री के पासपोर्ट की जांच की, जिसपर उसके देश का नाम 'टॉरेड' लिखा था। उन्हें भी बड़ा आश्चर्य हुआ कि क्या सच में ऐसा कोई देश है। अधिकारियों के पूछने पर उसने बताया कि इस पासपोर्ट पर ये कोई उसकी पहली यात्रा नहीं है बल्कि वो यूरोप के कई देशों में भी जा चुका है। अधिकारियों को भी उसकी बातें सुनकर बड़ा आश्चर्य हुआ, क्योंकि उसके पासपोर्ट पर अन्य देशों के जो मुहर लगे थे, वो बिल्कुल असली थे। फिर भी वो इस बात को मानने को कतई तैयार नहीं थे कि जिस देश से वह यात्री आया है, असल में वो धरती पर कहीं है।
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सुरक्षा अधिकारियों ने यह जानने के लिए कि 'टॉरेड' आखिर धरती पर है कहां, उस यात्री को दुनिया का मैप दिखाया और पूछा कि उसका देश कहां है। इसपर उस यात्री ने 'अंडोरा' नाम के देश पर ऊंगली रखते हुए कहा कि यहां उसका देश है, लेकिन उसे ये समझ नहीं आ रहा कि यहां 'टॉरेड' की जगह अंडोरा क्यों लिखा हुआ है। यह सुनकर अधिकारी और भी ज्यादा हैरान हो गए कि आखिर ये शख्स खुद को एक 'काल्पनिक' देश का क्यों बता रहा है, लेकिन उसके पासपोर्ट, वीजा और अन्य दस्तावेजों को देखकर लग रहा था कि वो सच बोल रहा है।