लालू को सीएम नीतीश की कुर्सी पर बैठना पड़ा महंगा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव को एक सार्वजनिक मंच पर एक अजीब परिस्थिति का सामना करना पड़ा। वह सीएम नीतीश की कुर्सी पर जाकर बैठ गए जिसके बाद उन्हें सीट खाली करन के लिए कहा गया। यह नजारा पटना में आयोजित ब्रह्माकुमारी सेवा केंद्र द्वारा स्वर्ण जयंती कार्यक्रम में देखने को मिला।
इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसमें कार्यक्रम से जुड़े आयोजक लालू से सीट खाली करने के लिए आग्रह करते नजर आ रहे हैं। साथ ही वह उन्हें यह भी बताते हुए नजर आ रहे हैं कि यह सीट नीतीश कुमार के लिए आरक्षित है।
जेडीयू और आरजेडी में 2015 के विधानसभा चुनाव में गठबंधन हुआ तो उस दौरान सीएम नीतीश सार्वजनिक मंचों पर लालू को अपना बड़ा भाई कहकर संबोधित किया करते थे। लालू नीतीश के गठबंधन को विधानसभा चुनाव में जबरदस्त कामयाबी भी मिली और सीएम की कुर्सी पर एक बार फिर नीतीश कुमार को ही मिली।
लालू यादव को मंच पर जगह नहीं मिली और उन्हें नीचे बैठना पड़ा था
सीट खाली करने की जानकारी होने के बाद बिना किसी सोच विचार के लालू यादव सीट से उठकर नीतीश की बगल में ही रखी छोटे साइज की कुर्सी पर जाकर बैठ गएं। हालांकि यह पूरा नजारा महज कुछ सेकेंड का था।
गौरतलब है कि इससे पहले गुरू गोविंद सिंह के 350वें प्रकाश पर्व पर लालू यादव को मंच पर जगह नहीं मिली थी। पीएमओ के दखल के बाद दो केंद्रीय मंत्रियों रविशंकर प्रसाद और रामविलास पासवान के लिए मंच पर जगह बनाई गई थी लेकिन लालू यादव को मंच पर जगह नहीं मिली और उन्हें नीचे बैठना पड़ा था। राजद कार्यकर्ताओं में इस बात को लेकर भी नाराजगी बढ़ गई थी।