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कानून का राज कायम करना सिर्फ सरकार की जिम्मेदारी नहीं, न्यायपालिका की भी अहम भूमिका: नीतीश कुमार
Sun, 28 Feb 2021 03:54 AM IST
देव कश्यप
अमर उजाला ब्यूरो, पटना
अमर उजाला ब्यूरो, पटना
Published by: देव कश्यप
Updated Sun, 28 Feb 2021 03:54 AM IST
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पटना हाईकोर्ट के शताब्दी भवन का उद्घाटन करते मुख्य न्यायाधीश शरद अरविंद बोबडे।
- फोटो : ANI
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बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कहा, कानून का राज कायम करना सिर्फ सरकार की जिम्मेदारी नहीं है। इसमें न्यायपालिका की भी अहम भूमिका है। न्यायपालिका किसी भी आदमी के साथ अन्याय नहीं होने देती है। पटना हाईकोर्ट के शनिवार को शताब्दी भवन का उद्घाटन भारत के मुख्य न्यायाधीश शरद अरविंद बोबडे ने किया।
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इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, 'मुझे बहुत खुशी है कि पटना हाईकोर्ट के शताब्दी भवन का उद्घाटन गौरव का पल है।' 203.94 करोड़ रुपये की लागत से इस शताब्दी भवन का निर्माण कराया गया है जो हाईकोर्ट के पुराने भवन के बगल में बनाया गया है। विस्तारित भवन को पुराने भवन के मुताबिक ही बनाया गया है।
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शताब्दी भवन के दो खंड में पांच तल हैं। नए एवं पुराने भवन कनेक्टिंग ब्रिज से जुडे़ हुए हैं। नए भवन का बुनियादी ढांचा बेहतर बनाया गया है। नए शताब्दी भवन की खासियत यह है कि इसमें 43 कोर्ट रूम, 57 चैंबर, लाइब्रेरी के साथ-साथ अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित लॉन का निर्माण कराया गया है। इसके अलावा हाईकोर्ट में बैठकों के लिए छह कमेटी रूम एवं 90 व्यक्तियों के बैठने के लिए कॉन्फ्रेंस रूम का निर्माण कराया गया है।
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इसके अलावा अधिवक्ताओं के बैठने के लिए 10.17 करोड़ रुपये की लागत से एडवोकेट एसोसिएशन भवन का भी निर्माण कराया गया है। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद, सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस नवीन सिन्हा, जस्टिस इंदिरा बनर्जी, जस्टिस हेमंत गुप्ता और पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश संजय करोल समेत कई जज मौजूद थे।