लोजपा: चिराग की याचिका खारिज होने पर बोले पारस, उन्हें दुख नहीं पहुंचाना चाहता पर वो राह भटक गए हैं
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दिल्ली हाईकोर्ट ने लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) नेता चिराग पासवान की उस याचिका को खारिज कर दिया है जिसमें पासवान ने पशुपति पारस को सदन में पार्टी के नेता के रूप में मान्यता देने संबंधी लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के फैसले को चुनौती दी थी। वहीं, अदालत के फैसले पर पशुपति पारस ने कहा कि मैं अदालत के निर्णय का सम्मान करता हूं। राम विलास पासवान की संपत्ति पर चिराग पासवान का अधिकार है।
पशुपति पारस ने कहा, 'वह मेरे भतीजे हैं, मैं उन्हें दुख नहीं पहुंचाना चाहता, लेकिन वह राह से भटक गए थे। सभी उनके खिलाफ हैं। पारस ने कहा कि हिंदू कानून और भारतीय संविधान के अनुसार राम विलास पासवान की संपत्ति पर चिराग पासवान का हक है। फिर भी, मुझे उनकी राजनीतिक विरासत मिली।' बता दें कि पशुपति पारस को केंद्रीय कैबिनेट में मंत्री बनाया गया है और चिराग ने इसका भी विरोध किया था।
By Hindu law and the Indian constitution, Chirag Paswan has the right to late Ram Vilas Paswan's property. However, I was blessed with his political legacy: Union Minister Pashupati Kumar Paras
— ANI (@ANI) July 9, 2021