Bihar News : भाजपा नेता की मौत पर पाटलिपुत्र में तनाव; पेट्रोल पंप तक बंद, क्या थी नीलेश मुखिया की पहचान
Bihar Police : बिहार की राजधानी में दिल्ली से जैसे ही खबर आयी कि नीलेश मुखिया का निधन हो गया है, पटना में तनाव की आशंका बढ़ गई। बिहार पुलिस मुख्यालय ने तत्काल भारी तादाद में यहां अतिरिक्त बलों की तैनाती कर दी है।
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पटना में भारी तनावपूर्ण स्थिति है। राजधानी के पॉश इलाके में कार से जाते समय भाजपा नेता नीलेश मुखिया को आधा दर्जन गोलियां मारी गई थीं। बुधवार दोपहर नीलेश मुखिया की दिल्ली में मौत की खबर आते ही पाटलिपुत्रा इलाके में तनाव इतना बढ़ गया कि बिहार पुलिस मुख्यालय से भारी तादाद में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई। पुराने इलाके के मुखिया रहे नीलेश कुमार की पत्नी अभी पटना नगर निगम के इस वार्ड की पार्षद हैं।
नीलेश मुखिया का वजूद मायने रखता था
मुखिया बनने से पहले नीलेश कुमार के रूप में इस शख्स की पहचान थी। उसके बाद मुखिया चुने जाने के कारण नाम ही नीलेश मुखिया हो गया। पाटलिपुत्र, दीघा आदि के इलाके में लोकसभा या विधानसभा चुनाव में भी वोट पाने के लिए नेताओं को नीलेश मुखिया की जरूरत पड़ती रही। औपचारिक रूप से भाजपा ज्वाइन करने के साथ ही नीलेश ने अपनी पत्नी सुचित्रा सिंह को वार्ड पार्षद भी बनाया। वक्त-बेवक्त लोगों की मदद करने के कारण नीलेश के समर्थकों की भी भारी संख्या है तो दूसरी तरह शीतल पेय से लेकर बालू तक के कारोबार के कारण विरोधियों से अदावत भी रही।
तोड़फोड़ नहीं, लोग खुद भी बंद करने लगे दुकान
नीलेश मुखिया की मौत की खबर से हंगामे की आशंका को देखते हुए भारी तादाद में पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंच चुकी है। स्थानीय थाना की पुलिस सहित अन्य थाने की पुलिस भी इस क्षेत्र में पहुंचकर गश्ती कर रही है। पुलिस की मौजूदगी में ही नीलेश मुखिया के सैकड़ों समर्थक "नीलेश मुखिया अमर रहे" के नारे के साथ दुकानें बंद करवा चुके हैं। समर्थकों की भीड़ में शामिल समर ठाकुर ने कहा कि सारी दुकानें बंद अपने आप बंद होने लगीं। कुछ दुकानें खुली थीं तो मुखियाजी के समर्थकों ने बंद करा दिया। हम मेडिकल दुकानदारों को बंद करने से रोक रहे हैं। दुकान बंद करवाने के क्रम में समर्थक कहीं तोड़फोड़ नहीं कर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने भी इस बंद का समर्थन किया है।